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MP की सियासत पर चढ़ा फिल्मी रंग, जय-वीरू की कहानी गब्बर तक पहुंची, श्याम और छेनु की भी हुई एंट्री

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MP की सियासत पर चढ़ा फिल्मी रंग, जय-वीरू की कहानी गब्बर तक पहुंची, श्याम और छेनु की भी हुई एंट्री
भोपाल।  त्योहार भले ही दीपावली का हो, लेकिन MP की सियासत इन दिनों फिल्मी रंगों में रंगी नजर आ रही है। यही वजह है कि इन दिनों वोटरों से ज्यादा राजनेताओं के मुंह से फिल्मी किरदार और डायलॉग झड़ते हुए दिखाई दे रहे हैं। बात एमपी के दोनों प्रमुख विपक्षी दलों की करें तो अब तक शोले के किरदार ही अपना जलवा बिखेर रहे थे, लेकिन अब मेरे अपने फिल्म के दो किरदार भी राजनीतिक हथियार बन गए हैं। इससे पहले टाइगर जिंदा है से लेकर टाइगर इस बैक सरीखे संवाद भी एमपी की राजनीति में धूम मचा चुके हैं।

जय-वीरू की जोड़ी से शुरू हुई सियासी लड़ाई

प्रदेश में चुनावी दौर के आगाज के साथ ही एमपी में फिल्मी संवाद भी शुरू हो गए थे। विगत दिनों जब दिग्विजय और कमलनाथ के बीच दरार की खबरें आईं तो प्रदेश कांग्रेस प्रभारी रणदीप सुरजेवाला ने दोनों को शोले की चर्चित "जय-वीरू" की जोड़ी बता दिया। फिर क्या था, इसके बाद राजनीति के "शोले" दहकने लगे। CM शिवराज ने जय-वीरू को लुटेरा कह दिया।बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा ने एक कदम आगे बढ़कर बोल दिया कि, जय और वीरू तो घोषित चोर थे।

सवाल-जवाब का फिल्मी दौर

कमलनाथ ने इस पर जवाब देते हुए पूछ लिया कि, बीजेपी आपात बैठक करके ये तय कर ले कि उनके यहां गब्बर कौन है और सांभा कौन है?  इसके साथ ही कांग्रेस, नरेंद्र सिंह तोमर का एक बयान सामने लेकर आ गई, जिसमें वे खुद और शिवराज को सालों से जय-वीरू बता रहे हैं। कांग्रेस ने इस बयान को वायरल करने में देर नहीं लगाई। इसके बाद दांव उल्टा पड़ता देख बीजेपी बैकफुट पर आई, सतना में आज सीएम शिवराज ने दिग्विजय सिंह और कमलनाथ को "मेरे-अपने" फिल्म का श्याम और छेनु बता दिया। इसके जवाब में रणदीप सुरजेवाला ने बीजेपी नेताओं की तुलना गब्बर गैंग से कर डाली।

ये फिल्मी नगमे भी गूंज रहे चुनावी दौर में

अगर फिल्मी डायलॉग से परे फिल्मी नगमों की बात करें तो हालिया दौर में उनका भी खूब प्रचार हो रहा है। इन दिनों सीएम शिवराज सिंह चौहान मंच से कमलनाथ पर व्यापारी होने का ठप्पा लगाते हुए अल्ताफ राजा का चर्चित नगमा "तुम तो ठहरे परदेसी, साथ क्या निभाओगे" गाते हुए नजर आ रहे हैं। अब देखना ये दिलचस्प होगा कि "हम होंगे कामयाब" की तमन्ना रखने वाले राजनेताओं में से किसके फिल्मी डायलॉग को जनता ब्लॉक बस्टर बनाएगी और किसके संवाद फ्लॉप हो जाएंगे? यकीनन इसका रिजल्ट 3 दिसंबर को ईवीएम रिलीज कर ही देगी। (इनपुट - मिथिलेश यादव) ये भी पढ़ें - कंगना रनौत ने दिए पॉलिटिक्स में एंट्री के संकेत, कहा- श्रीकृष्ण की कृपा रही तो लड़ूंगी चुनाव; द्वारकाधीश मंदिर में मत्था टेक लिया आशीर्वाद
Mithilesh Yadav
By Mithilesh Yadav

वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...Read More

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