Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

पिता और उसके 2 बेटे खुद को बताते थे मंत्रियों का खास आदमी, वल्लभ भवन में नौकरी के नाम पर की 15 लाख की ठगी, 2 आरोपी गिरफ्तार, 1 फरार

Follow on Google News
पिता और उसके 2 बेटे खुद को बताते थे मंत्रियों का खास आदमी, वल्लभ भवन में नौकरी के नाम पर की 15 लाख की ठगी, 2 आरोपी गिरफ्तार, 1 फरार
भोपाल। शहर में नौकरी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी का एक नया मामला सामने आया है। आरोपी खुद को मंत्रियों का खास आदमी बताकर लोगों से ठगी करते थे। आरोपी इससे पहले भी एक अन्य ठगी की वारदात को अंजाम दे चुके हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य आरोपी अरूण फरार है।

यह है पूरा मामला

पुलिस के मुताबिक मुख्य आरोपी अरूण मिश्रा ने खुद को मध्यप्रदेश की विधानसभा में पदस्थ बताकर फरियादी को अपने झांसे में लिया और वल्लभ भवन में नौकरी लगवाने के नाम पर लाखों की ठगी की। फरियादी गणपत सिह पिता रघुनन्दन सिह ने अपनी शिकायत में पुलिस को बताया था कि सतपुड़ा भवन के पीछे शासकीय आवास में रहने वाले प्रमोद मिश्रा और उसके पिता अरुण मिश्रा ने उससे नौकरी उससे लाखों की ठगी की है। फरियादी ने वल्लभ भवन में नौकरी लगवाने के लालच में आकर 15 लाख रूपए ठगों को दो किस्तों में 9 मई और 30 नंबवर 2022 को दिए थे। जिसके बाद आरोपी ने वनपाल पद पर फर्जी नियुक्ति का पत्र और आईकार्ड दे दिया। पुलिस की जांच में सामने आ. है कि आरोपी इससे पहले भी न्यू सुभाष नगर निवासी साक्षी प्रशांत पिता अक्षय कुमार से भी पुलिस में नौकरी दिलाने के नाम पर 1 लाख 15 हजार रुपये धोखाधड़ी कर चुके हैं। मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी अरूण के दोनों बेटों प्रमोद और प्रकाश को हिरासत में ले लिया है जबकि अरूण की तलाश जारी है।

खुद को बताते थे नेताओं का करीबी

इस केस में क्राइम ब्रांच ने गणपत सिंह की शिकायत पर जांच की तो सामने आया कि पिता और उसके दोनों बेटे शआतिर तरीके से लोगों को अपने जाल में फंसाते थे। वारदात को अंजाम देते समय अरूण के दोनों बेटे खुद को नेताओं का बेहद करीबी बताते हुए अपने पिता की सरकारी नौकरी का हवाला देते थे। इसके बाद वे बकायदा फऱ्जी नियुक्ति पत्र और आईकार्ड तैयार कर लोगों को दिखाते थे। लोग उनकी बात पर भरोसा कर उन्हे रकम दे देते थे, जिसके बाद वे बहाने बनाकर बाद में ज्वाइन कराने का झांसा देने लगते थे। जांच में फिलहाल सामने आया है कि प्रमोद किसी प्राइवेट कंपनी में काम करता है। मूल रूप से रीवा के रहने वाले ये तीनों शातिर ठग इस तरह से कईयों को अपना शिकार बना चुके हैं। पुलिस फिलहाल ये तफ्तीश कर रही है कि इन तीनों ने मिलकर और कितने लोगों से ठगी की है। ये भी पढ़ें- Iran Blast Update : ईरान में हुए विस्फोट में मृतकों की संख्या बढ़कर हुई 103, राष्ट्रीय शोक घोषित
People's Reporter
By People's Reporter

Latest Posts