बीएलओ प्रशिक्षण में शिक्षक बेहोश :हार्ट पेशेंट टीचर ने परेशानी बताई तो अधिकारियों ने दी सस्पेंड की धमकी; साथियों ने किया चक्काजाम

हार्ट पेशेंट टीचर ने परेशानी बताई तो अधिकारियों ने दी सस्पेंड की धमकी; साथियों ने किया चक्काजाम
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    गुना। जिले के पीजी कॉलेज में शुक्रवार को चल रहे बीएलओ प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान एक शिक्षक की तबीयत अचानक बिगड़ने से हड़कंप मच गया। हृदय रोगी शिक्षक प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों से ड्यूटी स्थान बदलने की गुहार लगा रहा था, लेकिन कथित रूप से अधिकारियों द्वारा डांट-फटकार और निलंबन की धमकी देने के बाद वह वहीं बेहोश होकर गिर पड़ा। साथी शिक्षकों ने तत्काल उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका इलाज जारी है।

    बीमारी बताने पर अधिकारियों ने डांटा

    जानकारी के मुताबिक, शिक्षक चंद्रप्रकाश, जो हृदय रोग से पीड़ित हैं, को बीएलओ ड्यूटी के लिए विद्यालय से करीब 12 किलोमीटर दूर भेजा गया था। जब उन्होंने प्रशिक्षण सत्र के दौरान अपनी बीमारी का हवाला देते हुए ड्यूटी स्थान बदलने का अनुरोध किया, तो वहां मौजूद अधिकारियों ने उनकी बात को अनसुना कर दिया।

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    प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अधिकारियों ने न केवल उनकी बात को नज़रअंदाज़ किया बल्कि उन्हें डांटते हुए सस्पेंड करने की धमकी तक दे डाली। इस तनावपूर्ण माहौल के बीच शिक्षक की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वे वहीं बेहोश होकर गिर पड़े।

    साथी शिक्षकों ने पहुंचाया अस्पताल, हालत नाजुक

    शिक्षक की हालत बिगड़ते ही साथी शिक्षकों ने तुरंत उन्हें जिला अस्पताल पहुंचाया। चिकित्सकों के अनुसार, चंद्रप्रकाश की हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है और उन्हें लगातार निगरानी में रखा गया है। घटना की सूचना मिलते ही तहसीलदार सहित अन्य अधिकारी अस्पताल पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।

    शिक्षकों में आक्रोश, अंबेडकर चौराहे पर चक्काजाम

    घटना की जानकारी मिलते ही जिलेभर के शिक्षकों में आक्रोश फैल गया। दर्जनों शिक्षक अंबेडकर चौराहे पर एकत्र होकर प्रदर्शन करने लगे और चक्काजाम कर दिया। शिक्षकों ने प्रशासन पर आरोप लगाया कि बीएलओ कार्य को लेकर लगातार दबाव बनाया जा रहा है और अधिकारियों का व्यवहार अपमानजनक होता जा रहा है।

    शिक्षकों ने दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी

    प्रदर्शन कर रहे शिक्षकों ने कहा कि यदि संबंधित अधिकारियों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उनका कहना है कि बार-बार गैर-शैक्षणिक कार्यों में उलझाने से शिक्षण व्यवस्था पर भी असर पड़ रहा है। अधिकारियों ने घटना की जांच कराने और शिक्षक की चिकित्सा व्यवस्था सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया है।

    Mithilesh Yadav
    By Mithilesh Yadav

    वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...

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