Panchkula School Attack: मासूम पर हमला करने वाले 8 साल केबच्चे की मेंटल हेल्थ रिपोर्ट आई, मानसिक स्थिति ठीक नहीं; इलाज की जरूरत

हरियाणा के पंचकूला के सरकारी स्कूल में 6 साल की मासूम बच्ची पर बेरहमी से हमला करने वाले 8 साल के बच्चे को लेकर नया खुलासा हुआ है। आरोपी बच्चे की मेंटल हेल्थ रिपोर्ट सामने आई है, जिसके मुताबिक उसकी मानसिक स्थिति सामान्य नहीं है और उसे इलाज की सख्त जरूरत है। चंडीगढ़ के GMSH सेक्टर-32 में तीन डॉक्टरों के पैनल ने उसका मेंटल मैपिंग टेस्ट किया था। अस्पताल ने इसकी रिपोर्ट पंचकूला पुलिस को सौंप दी है। अब पुलिस इस रिपोर्ट को जुवेनाइल जस्टिस (JJ) बोर्ड के सामने पेश करेगी। बोर्ड ही तय करेगा कि बच्चे को माता-पिता के साथ घर भेजना सुरक्षित होगा या उसे जुवेनाइल होम में रखा जाएगा।
आरोपी बच्चे की मानसिक स्थिति ठीक नहीं
पंचकूला के सरकारी स्कूल में हुई इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया था। अब मामले में आरोपी 8 साल के बच्चे की मानसिक स्थिति को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। उसकी मेंटल हेल्थ रिपोर्ट में सामने आया है कि बच्चे की मानसिक स्थिति सामान्य नहीं है और उसे विशेष इलाज की जरूरत है। चंडीगढ़ के गवर्नमेंट मल्टी स्पेशियलिटी हॉस्पिटल (GMSH), सेक्टर-32 में बच्चे का मेंटल मैपिंग टेस्ट कराया गया था। इस टेस्ट के लिए तीन डॉक्टरों का पैनल बनाया गया था। डॉक्टरों ने बच्चे के व्यवहार और मानसिक क्षमताओं का आकलन करने के बाद रिपोर्ट तैयार की।
घर जाएगा या जुवेनाइल होम में रहेगा बच्चा?
आरोपी बच्चे की मेंटल हेल्थ रिपोर्ट मिलने के बाद अब पंचकूला पुलिस इसे जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड में जमा करेगी। बच्चे को भी बोर्ड के सामने पेश किया जाएगा। बोर्ड रिपोर्ट और मामले से जुड़े दूसरे तथ्यों का आकलन करने के बाद बच्चे के भविष्य को लेकर फैसला करेगा। इसमें सबसे अहम सवाल यह होगा कि बच्चे को माता-पिता के साथ घर भेजना सुरक्षित है या उसे जुवेनाइल होम में ही रखा जाना चाहिए। बच्चे की उम्र महज 8 साल है। ऐसे में उसके मामले में किशोर न्याय व्यवस्था के तहत आगे की प्रक्रिया अपनाई जाएगी। मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी रिपोर्ट भी फैसले में अहम भूमिका निभा सकती है।
28 अक्टूबर को स्कूल में 6 साल की बच्ची पर किया था हमला
यह पूरा मामला 28 अक्टूबर 2026 का है। पंचकूला के सेक्टर-20 स्थित सरकारी स्कूल में KG में पढ़ने वाली 6 साल की छात्रा पर उसी स्कूल में पढ़ने वाले 8 साल के छात्र ने हमला कर दिया था। बताया गया कि आरोपी बच्चे ने पहले छात्रा को धक्का दिया और फिर जमीन पर पटक दिया। इसके बाद उसने बेंच पर बच्ची का सिर मारा। इतना ही नहीं, ईंट और गमलों से भी उस पर हमला किया। हमला इतना गंभीर था कि बच्ची बेहोश हो गई। आरोप है कि बेहोश होने के बाद भी बच्चा उस पर हमला करता रहा। स्कूल में हुई इस घटना से बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के बाद बच्ची को तुरंत पंचकूला के अस्पताल ले जाया गया। हालत गंभीर होने के कारण उसे चंडीगढ़ PGI रेफर कर दिया गया, जहां उसका इलाज शुरू हुआ।
30 अक्टूबर को वायरल हुआ था स्कूल में हमले का वीडियो
घटना के दो दिन बाद यानी 30 अक्टूबर को स्कूल में हुई मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो सामने आने के बाद मामला तेजी से चर्चा में आ गया। वीडियो में बच्ची के साथ हुई मारपीट को लेकर लोगों में नाराजगी देखने को मिली। इसके बाद स्कूल प्रबंधन और वहां मौजूद कर्मचारियों की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और शिक्षा विभाग ने जांच शुरू की।
स्कूल प्रिंसिपल समेत 4 लोगों पर केस, दो टीचर सस्पेंड
31 अक्टूबर को पंचकूला पुलिस ने इस मामले में स्कूल की प्रिंसिपल, दो महिला शिक्षकों और चौकीदार के खिलाफ केस दर्ज किया। वहीं, शिक्षा विभाग ने कार्रवाई करते हुए स्कूल की प्रिंसिपल और दोनों महिला शिक्षकों को सस्पेंड कर दिया। इसके अलावा हरियाणा बाल संरक्षण आयोग ने भी मामले का संज्ञान लिया और संबंधित अधिकारियों से जांच रिपोर्ट मांगी।
PGI में भर्ती बच्ची अब खतरे से बाहर
इस घटना में गंभीर रूप से घायल हुई 6 साल की बच्ची के स्वास्थ्य को लेकर राहत भरी खबर है। बच्ची अब खतरे से बाहर है और उसकी हालत में सुधार हो रहा है। जानकारी के मुताबिक, बच्ची अब हंसती-खेलती नजर आ रही है और खाना भी खा रही है। वह जल्द से जल्द अपने घर जाना चाहती है। हालांकि, डॉक्टर अभी उसकी सेहत पर लगातार नजर रख रहे हैं।


















