मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने मल्टी पर्पज वर्कर (MPW) प्रशिक्षण से जुड़े मामले में अहम फैसला सुनाया है। कोर्ट ने साफ कर दिया कि पदोन्नति के लिए 12वीं विज्ञान विषय के साथ पास होना अनिवार्य है। इसी आधार पर याचिकाकर्ताओं की याचिका खारिज कर दी गई।
हसन खान सहित अन्य याचिकाकर्ताओं ने मांग की थी कि उन्हें MPW प्रशिक्षण में शामिल किया जाए और वर्ष 2015 से सभी लाभ दिए जाएं। उनका तर्क था कि 1989 के भर्ती नियमों के अनुसार केवल 10+2 पास होना पर्याप्त है और विज्ञान विषय की अनिवार्यता नहीं है।
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सरकार की ओर से अदालत में कहा गया कि याचिकाकर्ताओं ने नियमों की गलत व्याख्या की है। प्रत्यक्ष भर्ती और पदोन्नति के लिए अलग-अलग नियम लागू होते हैं। पदोन्नति के मामलों में अनुसूची-4 (नियम 14 एवं 2(बी)) के तहत 12वीं विज्ञान के साथ पास होना जरूरी है।
अदालत ने पाया कि याचिकाकर्ता अनुसूची-3 का हवाला दे रहे थे जो प्रत्यक्ष भर्ती से संबंधित है। जबकि पदोन्नति के लिए लागू नियमों में स्पष्ट रूप से विज्ञान विषय के साथ 12वीं पास होना अनिवार्य है। इसी आधार पर कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी।
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वहीं हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने एक अन्य मामले में सख्ती दिखाते हुए ढोल बजाने को लेकर नगर निगम को नोटिस जारी किया है।