Naresh Bhagoria
3 Feb 2026
Shivani Gupta
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Garima Vishwakarma
3 Feb 2026
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3 Feb 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश में नवंबर की शुरुआत के साथ ही मौसम ने करवट बदल ली है। शनिवार रात से कई हिस्सों में बादल छाए हुए हैं और कहीं-कहीं हल्की बारिश का दौर शुरू हो गया है। मौसम विभाग के मुताबिक, अगले तीन दिन तक इंदौर, भोपाल, उज्जैन, जबलपुर और नर्मदापुरम संभाग के जिलों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी की संभावना बनी रहेगी।
रविवार को इंदौर, नर्मदापुरम और जबलपुर संभाग के 10 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं भोपाल, उज्जैन, ग्वालियर में दिनभर बादल छाए रहने और शाम को हल्की बारिश होने के आसार हैं।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में दो निम्न दाब क्षेत्र (लो प्रेशर एरिया) सक्रिय हैं। इनका सीधा असर भले ही मध्य प्रदेश पर न हो, लेकिन इनकी वजह से वातावरण में नमी बनी हुई है, जिससे बादल और बूंदाबांदी की स्थिति बनी रहेगी।
मौसम वैज्ञानिक के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों से जिन एक्टिव सिस्टम की वजह से प्रदेश में बारिश हो रही थी, वे अब कमजोर पड़ने लगे हैं। फिलहाल भारी बारिश की संभावना नहीं जताई गई है, लेकिन अगले कुछ दिनों तक बादल, गरज-चमक और हल्की बारिश का सिलसिला जारी रहेगा।
मौसम विभाग ने रविवार के लिए कुछ जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इनमें झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, बैतूल, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा शामिल है। इन जिलों में शाम के समय गरज-चमक के साथ छींटे पड़ सकते हैं।
वहीं भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन, देवास और सीहोर जैसे जिलों में बादल छाए रहेंगे और रात में हल्की फुहारें पड़ सकती हैं। राजधानी भोपाल में न्यूनतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस, जबकि अधिकतम 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है।
3 नवंबर की रात से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव होने की संभावना है। इसका असर मध्य प्रदेश में 5 नवंबर से देखने को मिलेगा। इस दौरान उत्तरी हवाएं चलेंगी, जिससे दिन के तापमान में गिरावट आएगी और रातें ठंडी होने लगेंगी। इसका सबसे ज्यादा प्रभाव ग्वालियर-चंबल संभाग में रहेगा। इन क्षेत्रों में ठंडी उत्तरी हवाओं के कारण तापमान में 3 से 4 डिग्री तक की गिरावट आ सकती है।
इस बार अक्टूबर का महीना बारिश के मामले में रिकॉर्ड तोड़ रहा। प्रदेश में औसत से 121% ज्यादा बारिश दर्ज की गई। सबसे ज्यादा बारिश श्योपुर, झाबुआ और सिंगरौली जिलों में हुई। इंदौर में 10 साल में दूसरी बार अक्टूबर में इतनी ज्यादा बारिश दर्ज की गई, जबकि भोपाल में 25 साल का सबसे ठंडा अक्टूबर दिन रिकॉर्ड हुआ। अब नवंबर की शुरुआत में मौसम विभाग ने साफ संकेत दिए हैं कि, ठंड धीरे-धीरे बढ़ेगी और दूसरे सप्ताह से सर्दी तेज होगी।
3-4 नवंबर: हल्की बारिश और बादल वाला मौसम।
5-6 नवंबर: वेस्टर्न डिस्टरबेंस के असर से ठंडी हवाएं चलेंगी।
7 नवंबर के बाद: पूरे प्रदेश में न्यूनतम तापमान में गिरावट शुरू होगी।
ग्वालियर, श्योपुर और मुरैना: यहां सबसे पहले ठंड महसूस होगी।