मध्य प्रदेश में बारिश का तांडव! 15 जिलों में भारी अलर्ट, स्कूल बंद, 527 लोगों का रेस्क्यू

भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून ने एक बार फिर जोर पकड़ लिया है। प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार बारिश से हालात बिगड़ने लगे हैं। भोपाल समेत कई शहरों में जलभराव की स्थिति है, जबकि नदी और नाले तेज बहाव के साथ चल रहे हैं। मौसम विभाग ने बुधवार को मालवा और निमाड़ के कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी दी है। बिगड़ते हालात को देखते हुए कुछ जिलों में स्कूलों की छुट्टी कर दी गई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को बाढ़ और अतिवृष्टि की स्थिति की समीक्षा की। इस दौरान 527 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की जानकारी सामने आई।
बारिश से कई जिलों में बिगड़े हालात
मध्य प्रदेश के इंदौर, उज्जैन और भोपाल संभाग में बारिश का असर साफ दिखाई दे रहा है। लगातार पानी गिरने से कई नदी-नाले उफान पर हैं। निचले इलाकों में पानी भरने के कारण लोगों को घरों और सड़कों पर परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भोपाल में पिछले दो दिनों में करीब 8 इंच बारिश दर्ज होने से कई निचली बस्तियों में पानी घरों तक पहुंच गया।
कम दबाव के क्षेत्र से बढ़ी बारिश
मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश और आसपास कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इसके साथ मानसून ट्रफ और शीयर जोन भी सक्रिय है। इन मौसमी सिस्टम के कारण प्रदेश में बारिश तेज हुई है। अगले 24 घंटे में मालवा और निमाड़ के कई हिस्सों में अति भारी बारिश होने की संभावना है।
इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
बुधवार को खरगोन, बड़वानी, धार और मंदसौर में अति भारी बारिश की चेतावनी है। वहीं राजगढ़, बुरहानपुर, आलीराजपुर, झाबुआ, रतलाम, उज्जैन, आगर, नीमच, गुना और श्योपुर में भारी बारिश हो सकती है। भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, इंदौर, देवास और शाजापुर समेत कई जिलों में गरज-चमक और वज्रपात का अलर्ट जारी है। कुछ जगह 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं।
राजगढ़ में 229 मिमी बारिश
बीते 24 घंटे में राजगढ़ जिले के ब्यावरा में सबसे ज्यादा 229 मिमी बारिश दर्ज की गई। खिलचीपुर में 205 मिमी और जीरापुर में 191 मिमी पानी गिरा। राजगढ़ में 99.2 मिमी, गुना में 85 मिमी और खंडवा में 58 मिमी बारिश हुई। रतलाम, खरगोन, उज्जैन, शिवपुरी, रायसेन और भोपाल में भी अच्छी बारिश रिकॉर्ड की गई।
527 लोगों को सुरक्षित निकाला गया
बारिश और जलभराव के बीच प्रशासन ने राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य आपदा कमान एवं नियंत्रण केंद्र से प्रभावित जिलों की स्थिति की समीक्षा की। राजगढ़, सीहोर, आगर मालवा, विदिशा और खंडवा में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। SDRF, पुलिस और होमगार्ड की टीमों ने अब तक 527 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है।
स्कूल बंद, भोपाल की सड़कों पर भी असर
भारी बारिश को देखते हुए भोपाल, रायसेन, गुना और खंडवा समेत कई जिलों में स्कूलों की छुट्टी घोषित की गई है। प्रशासन ने नदी-नालों और निचले इलाकों में निगरानी बढ़ाई है। लोगों को तेज बहाव वाले रास्तों और पानी से भरी पुलिया से दूर रहने की सलाह दी गई है। भोपाल में बारिश के बाद कई सड़कों की हालत खराब हो गई है। अटल पथ, लिंक रोड नंबर-2, एमपी नगर, न्यू मार्केट और कई कॉलोनियों की सड़कों पर गड्ढे और उखड़ा डामर नजर आ रहा है। डॉ. अंबेडकर फ्लाईओवर की सड़क पर भी सरिए दिखाई देने की शिकायत सामने आई है। इसे लेकर कांग्रेस ने सड़क निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं।
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15-16 अगस्त तक बना रहेगा बारिश का असर
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। 13 अगस्त से पूर्वी मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। 15-16 अगस्त तक कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं। ऐसे में प्रशासन ने लोगों से मौसम को देखते हुए सावधानी बरतने की अपील की है।











