'सुप्रीम कोर्ट ने संविधान को हाईजैक किया...', कानून मंत्री रिजिजू ने पूर्व जज के बयान को बताया "समझदार नजरिया"

नई दिल्ली। न्यायाधीशों की नियुक्ति से जुड़े कॉलेजियम सिस्टम को लेकर केंद्र सरकार और सुप्रीम कोर्ट में मतभेद चल रहा है। इसी बीच केंद्रीय कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने दिल्ली हाईकोर्ट के एक पूर्व जज का बयान शेयर किया है। रिजिजू ने पूर्व न्यायाधीश की टिप्पणियों का हवाला देते हुए कहा, "यही सबसे समझदार नजरिया है।"
सुप्रीम कोर्ट ने संविधान को हाईजैक किया
देश के कई अहम फैसले सुनाने वाले और दिल्ली उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश आरएस सोढ़ी ने एक यू-ट्यूब चैनल को दिए इंटरव्यू में कहा, "सुप्रीम कोर्ट ने पहली बार संविधान को हाईजैक किया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि हम खुद न्यायाधीशों की नियुक्ति करेंगे। इसमें सरकार की कोई भूमिका नहीं होगी।" https://twitter.com/KirenRijiju/status/1616999841091186689?s=20&t=6H44IE4DBSR8-gI6-ToZvwकानून मंत्री ने लिखा- एक जज की नेक आवाज
कानून मंत्री ने इसी इंटरव्यू का वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया है। रिजिजू ने सोढ़ी के बयान का समर्थन करते हुए लिखा कि, "एक जज की नेक आवाज : भारतीय लोकतंत्र की असली खूबसूरती इसकी सफलता है। यही सबसे समझदार नजरिया है। जनता अपने प्रतिनिधियों के माध्यम से स्वयं शासन करती है। चुने हुए प्रतिनिधि लोगों के हितों का प्रतिनिधित्व करते हैं और कानून बनाते हैं। हमारी न्यायपालिका स्वतंत्र है, लेकिन हमारा संविधान सर्वोच्च है। उन्होंने कहा, सिर्फ वही लोग संविधान के प्रावधानों और लोगों के मत को नहीं मानते हैं, जो खुद को संविधान से ऊपर मानते हैं।" 'जब हमारा संविधान बना था तो इसमें एक सिस्टम था, एक पूरा चैप्टर था कि जज कैसे अपॉइंट होते हैं। जो लोग कहते हैं कि यह प्रणाली असंवैधानिक है, वो संविधान में संशोधन की बात कर सकते हैं। यह संशोधन तो पार्लियामेंट ही करेगा। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने संविधान को ही हाइजैक कर लिया है। उन्होंने कहा कि हम खुद को अपॉइंट करेंगे और इसमें सरकार का कोई हाथ नहीं होगा।'



















