Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

श्योपुर:कूनो में छोड़ी गईं दो मादा चीते, अब संख्या बढ़कर हुई 16, रेडियो टेलीमेट्री से हो रही निगरानी

मध्य प्रदेश के कूनो नेशनल पार्क में चीता परियोजना के तहत एक अहम कदम उठाया गया है। क्वारंटीन पूरा कर चुकी दो मादा चीता को खुले जंगल में छोड़ दिया गया है। ये दोनों चीते बोत्सवाना से भारत लाई गई थीं। इससे कूनो में खुले में घूम रहे चीतों की संख्या बढ़कर 16 हो गई है।
कूनो में छोड़ी गईं दो मादा चीते, अब संख्या बढ़कर हुई 16, रेडियो टेलीमेट्री से हो रही निगरानी
Cheetah Project

श्योपुर। कूनो में चीता पुनर्स्थापन परियोजना लगातार आगे बढ़ रही है। वन विभाग आधुनिक तकनीक से चीतों की निगरानी कर रहा है। दोनों मादा चीते पूरी तरह स्वस्थ बताई गई हैं। विशेषज्ञ इसे वन्यजीव संरक्षण की बड़ी सफलता मान रहे हैं।

क्वारंटीन पूरा होते ही जंगल में रिलीज

श्योपुर के कूनो नेशनल पार्क में निर्धारित प्रक्रिया के तहत दोनों मादा चीतों को बड़े बाड़े से बाहर निकाला गया। लंबे समय तक क्वारंटीन में रखने के बाद उन्हें प्राकृतिक वातावरण में छोड़ा गया। यह प्रक्रिया बेहद सावधानी के साथ पूरी की गई। अधिकारियों ने सभी प्रोटोकॉल का पालन करते हुए यह कदम उठाया। चीतों को इस तरह छोड़ा गया कि वे आसानी से अपने नए परिवेश में ढल सकें। यह परियोजना का एक अहम चरण माना जा रहा है।

ये भी पढ़ें: श्योपुर : सीने में जलन हुई तो तरबूज खाया, पिता की मौत, बेटे की हालत गंभीर

अब चीतों की संख्या बढ़कर 16 हुई 

इन दोनों चीतों के रिलीज होने के बाद कूनो में खुले जंगल में रहने वाले चीतों की संख्या 16 हो गई है। यह संख्या परियोजना की प्रगति को दर्शाती है। पहले चरण में चीतों को बाड़ों में रखा गया था। धीरे-धीरे उन्हें स्वतंत्र जीवन के लिए तैयार किया गया। अब वे प्राकृतिक रूप से शिकार और क्षेत्र तय कर रहे हैं। 

हाईटेक निगरानी से सुरक्षा 

वन विभाग चीतों की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए है। इसके लिए एडवांस रेडियो टेलीमेट्री सिस्टम का उपयोग किया जा रहा है। हर चीते की लोकेशन और मूवमेंट ट्रैक की जा रही है। इसके अलावा फील्ड टीमें भी जमीन पर सक्रिय हैं। वे चीतों के व्यवहार और स्वास्थ्य की निगरानी कर रही हैं। इससे किसी भी खतरे की स्थिति में तुरंत कार्रवाई संभव हो पाती है।

ये भी पढ़ें: सुप्रीम कोर्ट में अब ऑनलाइन सुनवाई : जजों की कार-पूलिंग से लेकर WFH तक, नए निर्देश जारी; फ्यूल संकट का असर

तेजी से माहौल में ढल रहे चीते 

अधिकारियों के मुताबिक दोनों मादा चीते पूरी तरह स्वस्थ हैं। उन्हें नए वातावरण में ढलने में कोई खास परेशानी नहीं हो रही है। शुरुआती दिनों में उनके व्यवहार पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। यह देखा जा रहा है कि वे शिकार और मूवमेंट कैसे कर रही हैं। अब तक के संकेत सकारात्मक हैं। 

Rohit Sharma
By Rohit Sharma

पीपुल्स इंस्टीट्यूट ऑफ मीडिया स्टडीज, माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय...Read More

Latest Posts