Download App
Download on the App StoreGet it on Google Play
Breaking News

इजराइली पीएम ने खुफिया एजेंसी शिन बेट के चीफ को किया बर्खास्त, इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ; नेतन्याहू बोले- उन पर भरोसा नहीं

Follow on Google News
इजराइली पीएम ने खुफिया एजेंसी शिन बेट के चीफ को किया बर्खास्त, इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ; नेतन्याहू बोले- उन पर भरोसा नहीं
तेल अवीव। इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने देश की प्रमुख खुफिया एजेंसी शिन बेट के प्रमुख रोनन बार को बर्खास्त कर दिया है। शुक्रवार को कैबिनेट की बैठक में इस फैसले को सर्वसम्मति से मंजूरी दी गई। इजराइली प्रधानमंत्री कार्यालय ने इस बर्खास्तगी की आधिकारिक घोषणा की। हालांकि, इस फैसले पर इजराइल के सर्वोच्च न्यायालय ने अस्थायी रोक लगा दी है। अदालत ने स्पष्ट किया कि 8 अप्रैल से पहले इस मामले की सुनवाई नहीं होगी और तब तक रोनन बार अपने पद पर बने रहेंगे। इजराइल के इतिहास में यह पहली बार है जब सरकार ने घरेलू सुरक्षा एजेंसी के प्रमुख को उनके कार्यकाल के बीच में हटाने का फैसला लिया है।

नेतन्याहू बोले, हमास हमले के बाद रोनन पर से भरोसा उठ गया

प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि 7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले के बाद से उनका रोनन बार पर से भरोसा उठ गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि रोनन शिन बेट एजेंसी को फिर से मजबूत करने के लिए सही व्यक्ति नहीं थे। नेतन्याहू ने कहा कि हमास द्वारा बंधकों की रिहाई से जुड़ी वार्ताओं में रोनन का रवैया नरम था और वे आक्रामक रणनीति अपनाने में असफल रहे। उन्होंने दावा किया कि जब से रोनन की जगह शिन बेट के एक अन्य वरिष्ठ अधिकारी को इस वार्ता में शामिल किया गया, तब से गोपनीय सूचनाओं के लीक होने में भारी कमी आई और सफल वार्ताओं के जरिए कई बंधकों को छुड़ाने में सफलता मिली।

रोनन का पलटवार, नेतन्याहू देश को कमजोर कर रहे

कैबिनेट बैठक के दौरान शिन बेट एजेंसी ने मंत्रियों को रोनन बार का एक पत्र भेजा। इस पत्र में उन्होंने बैठक में शामिल होने से इनकार करते हुए अपनी बर्खास्तगी को खारिज किया। रोनन ने सरकार के आरोपों को निराधार बताया और कहा कि यह शिन बेट की कार्यप्रणाली को बाधित करने का प्रयास है। अपने पत्र में रोनन ने नेतन्याहू पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे देश को अंदरूनी और बाहरी स्तर पर कमजोर कर रहे हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि नेतन्याहू ने मुझे और मोसाद प्रमुख डेविड बारनेआ को बंधकों की रिहाई से जुड़ी वार्ता से हटाकर इस पूरी प्रक्रिया को नुकसान पहुंचाया। रोनन बार का कहना है कि उनकी बर्खास्तगी का कारण व्यक्तिगत और संस्थागत हितों का टकराव है, जो इजराइल की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकता है।

सुप्रीम कोर्ट ने बर्खास्तगी पर लगाई अस्थायी रोक

नेतन्याहू सरकार ने पहले रोनन को 20 अप्रैल तक पद छोड़ने का निर्देश दिया था, लेकिन बाद में यह तारीख बदलकर 10 अप्रैल कर दी गई। हालांकि, अब इजराइल के सुप्रीम कोर्ट ने 8 अप्रैल से पहले इस मामले पर कोई अंतिम निर्णय नहीं लेने का आदेश दिया है। ये भी पढ़ें- IPL 2025 की रंगारंग ओपनिंग सेरेमनी आज, सितारों से सजेगा ईडन गार्डन्स; दिशा पाटनी, श्रेया घोषाल और करण ओजला करेंगे परफॉर्म
Wasif Khan
By Wasif Khan

फिलहाल जुलाई 2024 से पीपुल्स अपडेट में सब-एडिटर हूं। बीते 3 वर्षों से मीडिया में सक्रिय हूं। 12वीं म...Read More

Latest Posts