Shivani Gupta
1 Feb 2026
Naresh Bhagoria
1 Feb 2026
Hemant Nagle
1 Feb 2026
सीहोर। केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को सीहोर कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में कृषि विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक ली। इस दौरान उन्होंने जिले में खाद और बीज वितरण की समीक्षा की और व्यवस्था को और अधिक सुगम, पारदर्शी तथा किसानों के अनुकूल बनाने के निर्देश दिए।
केंद्रीय कृषि मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार हर साल किसानों को रियायती दर पर खाद उपलब्ध कराने के लिए भारी सब्सिडी देती है। इसलिए यह सुनिश्चित किया जाए कि किसानों को खाद लेने के लिए न तो लाइन में लगना पड़े और न ही उन्हें किसी तरह की परेशानी झेलनी पड़े। उन्होंने निर्देश दिए कि खाद वितरण की व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी और व्यवस्थित होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि किसानों को खाद वितरण और उपलब्धता की ऑनलाइन प्रणाली से जोड़ा जाए, ताकि वे खुद जान सकें कि कहां और कितनी खाद उपलब्ध है। कई बार जानकारी के अभाव में किसान परेशान होते हैं, इसलिए सूचना प्रसार पर विशेष ध्यान दिया जाए।
बैठक में केंद्रीय मंत्री ने जिले में अब तक की खाद आपूर्ति, वितरण और स्टॉक की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने कहा कि यदि जिले में खाद की अतिरिक्त आवश्यकता हो, तो राज्य सरकार के माध्यम से केंद्र को तत्काल मांग भेजी जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि मीडिया और सूचना तंत्र के माध्यम से प्रतिदिन किसानों को खाद की उपलब्धता की जानकारी दी जाए, ताकि भ्रम या अफवाहें न फैलें। साथ ही, खाद आने के बाद उसकी जानकारी ऑनलाइन पोर्टल पर तुरंत अपडेट की जाए।
केंद्रीय मंत्री चौहान ने कहा कि नकली खाद, बीज और कीटनाशक बेचने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं। उन्होंने निर्देश दिए कि बाजारों और गोदामों की नियमित जांच की जाए, सैंपल लिए जाएं और दोषी पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि खाद की अवैध भंडारण और परिवहन करने वालों पर सख्त निगरानी रखी जाए, ताकि कालाबाजारी की कोई गुंजाइश न बचे।
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किसानों से नैनो यूरिया के उपयोग को बढ़ावा देने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह न केवल लागत घटाएगा, बल्कि मिट्टी की उर्वरता भी बनाए रखेगा। उन्होंने कृषि विभाग को चना और मसूर की बुवाई को प्रोत्साहित करने के निर्देश भी दिए, ताकि जिले में इन फसलों का रकबा बढ़ाया जा सके।
केंद्रीय कृषि मंत्री ने जोर देकर कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का लाभ हर पात्र किसान तक पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी किसान को योजना से वंचित न रखा जाए।
उन्होंने यह भी कहा कि बीमा कंपनियों के ऑनलाइन सर्वे के साथ-साथ क्रॉप कटिंग प्रयोगों के जरिए नुकसान का सही आकलन किया जाए, ताकि किसानों को उचित मुआवजा मिल सके।