इंदौर में निगम का अजब कारनामा! 12 हजार की रसीद दिखाई, फिर भी काट दिया नल कनेक्शन

इंदौर। नगर निगम के जलकर विभाग की वसूली कार्रवाई में लापरवाही के मामले सामने आने लगे हैं। स्थिति यह है कि जिन उपभोक्ताओं ने नल कनेक्शन के लिए निर्धारित राशि जमा कर दी है और उनके पास भुगतान की रसीद भी मौजूद है, उन्हें भी बकायादार मानकर कार्रवाई की जा रही है। ऐसा ही एक मामला खजराना क्षेत्र की हबीब कॉलोनी में सामने आया है। यहां एक परिवार ने नल कनेक्शन के लिए 12 हजार रुपए जमा किए थे, लेकिन निगम की टीम ने भुगतान की रसीद दिखाने के बावजूद घर का कनेक्शन काट दिया। परेशान परिवार ने अब निगम की हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराकर जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
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रसीद होने के बावजूद काट दिया कनेक्शन
हबीब कॉलोनी निवासी सलीम पठान के पिता अजीज खान के नाम से नगर निगम के कर्मचारी को नल कनेक्शन के लिए 12 हजार रुपए दिए गए थे। परिवार ने राशि जमा करने के बाद इसकी बाकायदा रसीद भी प्राप्त की थी। इसके बावजूद हाल ही में नगर निगम के जलकर विभाग की टीम जांच और बकाया वसूली के लिए उनके घर पहुंची। टीम ने खाते में राशि बकाया होने की बात कहते हुए नल कनेक्शन काट दिया। परिवार ने कर्मचारियों को भुगतान की रसीद भी दिखाई, लेकिन इसके बाद भी कनेक्शन नहीं जोड़ा गया।
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परिवार का कहना है कि जब निगम के कर्मचारी को राशि देकर विधिवत रसीद प्राप्त की गई है, तो फिर भुगतान को खाते में दर्ज करना विभाग की जिम्मेदारी है। निगम के रिकॉर्ड में राशि अपडेट नहीं होने की सजा उपभोक्ता को क्यों दी जा रही है? इस मामले में 4 नवंबर 2026 को नगर निगम की हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई गई है। साथ ही संबंधित कर्मचारियों की भूमिका की जांच कर कार्रवाई करने की मांग की गई है।
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मौके पर वसूली, लेकिन खातों में नहीं चढ़ रही राशि
नगर निगम द्वारा इन दिनों शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में जलकर वसूली का अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत उपभोक्ताओं को बकाया राशि जमा करने के सूचना पत्र भेजे जा रहे हैं। साथ ही निगम की टीमें मौके पर पहुंचकर खातों की जांच कर रही हैं और बकाया मिलने पर नल कनेक्शन काटने की कार्रवाई भी कर रही हैं। हालांकि, इस अभियान के दौरान कई जगह रिकॉर्ड में गड़बड़ी की शिकायतें सामने आ रही हैं।
उपभोक्ताओं का आरोप है कि कई झोनों में निगम की टीमें मौके पर ही राशि वसूलकर रसीद तो जारी कर देती हैं, लेकिन संबंधित उपभोक्ता के खाते में भुगतान की जानकारी अपडेट नहीं की जाती। इसके चलते रिकॉर्ड में पुरानी बकाया राशि दिखाई देती रहती है। बाद में जब दूसरी टीम जांच करने पहुंचती है तो उपभोक्ता को बकायादार मानकर कार्रवाई कर दी जाती है। इससे उन लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ रही है, जिन्होंने समय पर भुगतान कर दिया है।
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वर्कशॉप का कनेक्शन काटने पर निगमायुक्त नाराज
जलकर वसूली अभियान के दौरान निगम की टीमों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करने वाला एक और मामला सामने आया है। एक बैठक में निगमायुक्त क्षितिज सिंघल के सामने जानकारी आई कि जलकर विभाग की टीम ने एक वर्कशॉप का ही नल कनेक्शन काट दिया। यह मामला सामने आने पर निगमायुक्त ने भी हैरानी जताई। उन्होंने संबंधित उपयंत्री को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
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इस घटना ने निगम के विभिन्न झोनों में तैनात कर्मचारियों और अधिकारियों के बीच समन्वय की कमी को भी उजागर किया है। आरोप है कि कई स्थानों पर उपयंत्री अपने ही विभाग से जुड़ी जरूरी जानकारियों से अनजान हैं। जलकर विभाग के साथ उचित तालमेल नहीं होने के कारण भी ऐसी गलतियां हो रही हैं।




















