फ्लाईदुबई फ्लाइट हाइजैक मामले में दो पायलट हिरासत में, UAE में जांच जारी

फ्लाईदुबई फ्लाइट में भारतीय कैप्टन स्मित मछार पर हमले और विमान को हाईजैक करने की कोशिश के मामले में संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में दो मालदीवियाई पायलटों को हिरासत में लिया गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों पायलटों को 3 अक्टूबर को हिरासत में लिया गया था। वे हाल ही में एयरलाइन में भर्ती हुए थे। बताया जा रहा है कि दोनों का आरोपी ओमानी को-पायलट हम्माम अल-हम्मामी से संपर्क था। हालांकि, अधिकारियों ने अभी तक इस मामले में उनकी भूमिका और उनके खिलाफ मौजूद सबूतों की जानकारी नहीं दी है।
3 अक्टूबर को हिरासत में लिए गए दोनों पायलट
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों मालदीवियाई पायलटों को 3 अक्टूबर को हिरासत में लिया गया था। उन्हें हाल ही में एयरलाइन में भर्ती किया गया था। UAE स्थित मालदीव के दूतावास ने बताया कि दोनों पायलटों के परिवारों को उनकी हिरासत की जानकारी दे दी गई है। हालांकि, मालदीव के अधिकारियों ने इस मामले में दोनों पायलटों की हिरासत को लेकर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि जांच एजेंसियों को उनके खिलाफ क्या सबूत मिले हैं और इस मामले में उनकी क्या भूमिका सामने आई है।
आरोपी को-पायलट के संपर्क में थे दोनों पायलट
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, हिरासत में लिए गए दोनों पायलट काम के दौरान हम्माम अल-हम्मामी के संपर्क में थे। बताया गया है कि वे उसी इमारत में रहते थे, जहां आरोपी को-पायलट रहता था। हालांकि, अधिकारियों ने अभी तक यह खुलासा नहीं किया है कि दोनों पायलटों का इस घटना से क्या संबंध है। उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों या जांच में सामने आए सबूतों को लेकर भी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।
भारतीय कैप्टन पर कुल्हाड़ी से हमले का आरोप
यह मामला 30 सितंबर को फ्लाईदुबई की एक फ्लाइट में हुई घटना से जुड़ा है। ओमानी को-पायलट हम्माम अल-हम्मामी पर फ्लाइट के मुख्य पायलट भारतीय कैप्टन स्मित मछार पर कुल्हाड़ी से हमला करने और विमान को हाईजैक करने की कोशिश करने का आरोप है। इस घटना के बाद मामले की जांच शुरू की गई। UAE ने इसे आतंकवादी हमले की कोशिश करार दिया है। साथ ही, आरोपी को-पायलट पर चरमपंथी विचारधारा का समर्थन करने का संदेह जताया गया है।
मामले की जांच में जुटी NIA
इस घटना के पीछे कथित साजिश की जांच के लिए भारत की राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने भी मामला दर्ज किया है। एजेंसी इस बात की जांच कर रही है कि हमले के पीछे क्या साजिश थी और इसमें कौन-कौन शामिल हो सकता है। फिलहाल दोनों मालदीवियाई पायलटों की हिरासत और आरोपी को-पायलट से उनके संपर्क को लेकर जांच जारी है। अधिकारियों की ओर से उनकी भूमिका या किसी संभावित साजिश में शामिल होने की पुष्टि नहीं की गई है।




















