कोलकाता में ED का बड़ा एक्शन!डिप्टी कमिश्नर शांतनु सिन्हा बिस्वास और जॉय कामदार के घर पहुंची टीम

कोलकाता में ED की कार्रवाई ने सियासी और प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज कर दी है। पीएमएलए (PMLA) से जुड़े मामले में एजेंसी ने बल्लीगंज स्थित एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और बेहाला में एक कारोबारी के ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की।
डिप्टी कमिश्नर शांतनु सिन्हा बिस्वास और जॉय कामदार के घर पहुंची टीम
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    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    कोलकाता में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पीएमएलए (PMLA) से जुड़े एक मामले में ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए बल्लीगंज स्थित कोलकाता पुलिस के डिप्टी कमिश्नर शांतनु सिन्हा बिस्वास के आवास और बेहाला में सन एंटरप्राइज के एमडी जॉय कामदार के ठिकानों पर छापा मारा।

    यह कार्रवाई ऐसे वक्त पर हुई है जब आर्थिक अपराधों पर शिकंजा लगातार कसता दिख रहा है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, दस्तावेजों और डिजिटल सबूतों की गहन जांच की जा रही है, जिससे इस केस की परतें और खुल सकती हैं। फिलहाल जांच जारी है।

    सुबह से जारी है छापेमारी

    ED की टीम रविवार सुबह करीब 6:30 बजे दोनों के घर पहुंची और जांच शुरू की। शांतनु सिन्हा बिस्वास पहले कालीघाट पुलिस स्टेशन के इंचार्ज रह चुके हैं। उनके घर पहुंचते ही अधिकारियों ने पूछताछ शुरू कर दी। इससे पहले उन्हें कोयला घोटाले के मामले में दिल्ली भी बुलाया गया था।

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    PMLA केस से जुड़ा मामला

    अब तक ED तीन जगहों पर छापा मार चुकी है दो ठिकाने शांतनु सिन्हा बिस्वास के और एक जॉय कामदार का। यह पूरा मामला PMLA से जुड़ा है। जांच ‘सोना पप्पू’ नाम के एक स्थानीय अपराधी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस को लेकर हो रही है। पप्पू पर हत्या के प्रयास और जबरन वसूली जैसे कई गंभीर आरोप हैं।

    पुलिस से बचता फिर रहा है ‘पप्पू’

    सोना पप्पू का दक्षिण कोलकाता के कस्बा और बल्लीगंज इलाकों में दबदबा बताया जाता है। उस पर कई केस दर्ज हैं। फरवरी में हुए गोलपार्क गैंगवार में भी वह मुख्य आरोपी है, लेकिन अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर है।

    करोड़ों की नकदी और गहने जब्त

    ED के अनुसार, पप्पू निर्माण कंपनियों से करोड़ों रुपए की वसूली करता था और यह पैसा प्रभावशाली लोगों तक पहुंचाता था। 1 अप्रैल को हुई पिछली छापेमारी में ED ने 1.47 करोड़ रुपए नकद, करीब 67.64 लाख रुपए के सोने-चांदी के गहने और एक देसी रिवॉल्वर बरामद किया था।

    समन के बाद भी जांच में शामिल नहीं

    यह जांच कोलकाता पुलिस द्वारा दर्ज FIR के आधार पर शुरू हुई है, जिसमें दंगा, हत्या का प्रयास और आपराधिक साजिश जैसे आरोप शामिल हैं। ED ने 9 अप्रैल को बयान जारी कर बताया था कि पप्पू और उसके साथी संगठित अपराध में शामिल हैं। एजेंसी ने उसे समन भी भेजा है, लेकिन वह अब तक जांच में शामिल नहीं हुआ है।

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    PMLA क्या है?

    पीएमएलए (PMLA  Prevention of Money Laundering Act), यानी धन शोधन निवारण अधिनियम, 2002, भारत में काले धन को सफेद करने (मनी लॉन्ड्रिंग) से रोकने के लिए 1 जुलाई 2005 से लागू एक सख्त कानून है। यह कानून गैरकानूनी तरीकों से कमाए गए धन को वैध दिखाने की प्रक्रिया को अपराध मानता है और प्रवर्तन निदेशालय (ED) को संपत्ति कुर्क या जब्त करने की व्यापक शक्तियां देता है।

    Garima Vishwakarma
    By Garima Vishwakarma

    गरिमा विश्वकर्मा | People’s Institute of Media Studies से B.Sc. Electronic Media की डिग्री | पत्रकार...

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