CWG 2026:15 मिनट में अस्मिता डे और हर्ष ने जीते गोल्ड मेडल, भारत के खाते में अब तक 19 मेडल

अस्मिता डे ने गोल्डन स्कोर के जरिए रोमांचक मुकाबला अपने नाम किया। वहीं, भारत के पांच मुक्केबाज भी बॉक्सिंग के फाइनल में पहुंचकर कम से कम सिल्वर मेडल पक्का कर चुके हैं।
अस्मिता की ऐतिहासिक जीत
त्रिपुरा की 23 वर्षीय अस्मिता डे ने फाइनल मुकाबले की शुरुआत में एक अंक गंवाने के बावजूद शानदार वापसी की। उन्होंने लगातार आक्रामक खेल दिखाते हुए स्कोर बराबर किया और गोल्डन स्कोर में जीत दर्ज कर भारत को जूडो का पहला स्वर्ण पदक दिलाया। इस जीत के बाद भारत के खाते में 4 गोल्ड, 10 सिल्वर और 4 ब्रॉन्ज सहित कुल 18 पदक हो गए हैं। वहीं, पांच भारतीय मुक्केबाजों के फाइनल में पहुंचने से बॉक्सिंग में भी कई गोल्ड मेडल की उम्मीद बढ़ गई है।
भारतीय मुक्केबाजों का शानदार प्रदर्शन
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के मुक्केबाजों ने दमदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। जादुमणि सिंह ने पुरुषों के 55 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में नामीबिया के फिलिप हाउसेब को हराया। वहीं प्रीति पवार, जैस्मीन लम्बोरिया, अरुंधति चौधरी और अंकुश पंघाल भी स्वर्ण पदक मुकाबले में पहुंच गए हैं।
प्रीति, जैस्मीन और अंकुश ने दिखाई ताकत
महिलाओं के 54 किलोग्राम वर्ग में प्रीति पवार ने जाम्बिया की कैथरीन म्वापे को 5-0 से हराकर फाइनल का टिकट हासिल किया। 57 किलोग्राम वर्ग में जैस्मीन लम्बोरिया ने लेसोतो की रेप्लेंग मसेला को आरएससी से मात दी। वहीं पुरुषों के 80 किलोग्राम वर्ग में अंकुश पंघाल ने कनाडा के जोशुआ ओफोरी को 5-0 से हराकर पूरे मुकाबले में अपना दबदबा बनाए रखा।
नीरज के सामने अरशद नदीम की चुनौती
जेवलिन थ्रो फाइनल में नीरज चोपड़ा के सामने पाकिस्तान के मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन अरशद नदीम और श्रीलंका के रुमेश पाथिराजे की कड़ी चुनौती होगी। क्वालिफिकेशन में रुमेश ने 82.84 मीटर के साथ पहला और नीरज ने 79.61 मीटर के साथ पांचवां स्थान हासिल किया था। नीरज और अरशद 2016 से अब तक 11 बार आमने-सामने आ चुके हैं, जिनमें 10 मुकाबलों में नीरज विजयी रहे हैं, जबकि अरशद ने पेरिस ओलिंपिक 2024 में ओलिंपिक रिकॉर्ड 92.97 मीटर के साथ अपनी एकमात्र जीत दर्ज की थी।
15 मिनट में भारत ने जीते दो गोल्ड
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत ने शुक्रवार को महज 15 मिनट के भीतर दो स्वर्ण पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया। इन सफलताओं के बाद भारत के खाते में कुल 5 गोल्ड, 10 सिल्वर और 4 ब्रॉन्ज सहित 19 पदक हो गए हैं। इसी दमदार प्रदर्शन के साथ भारतीय टीम पदक तालिका में नौवें स्थान पर पहुंच गई।
हर्ष सिंह ने फाइनल में दिखाया दम
पुरुषों के 60 किलोग्राम जूडो फाइनल में 23 वर्षीय हर्ष सिंह ने ऑस्ट्रेलिया के जोशुआ काट्ज को 10-0 से हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। मुकाबले के ज्यादातर समय दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर रही, लेकिन आखिरी मिनट में हर्ष ने शानदार दांव लगाकर निर्णायक बढ़त हासिल की और प्रतिद्वंद्वी को वापसी का कोई मौका नहीं दिया।












