अंबेडकर जयंती 2026 के मौके पर मध्य प्रदेश में हर तरफ उत्साह और श्रद्धा का माहौल देखने को मिला। इंदौर जिले के महू, जिसे बाबा साहेब की जन्मस्थली के रूप में जाना जाता है, वहां ‘जय भीम’ के नारों से पूरा इलाका गूंज उठा। देशभर से आए श्रद्धालुओं और बौद्ध भिक्षुओं ने यहां पहुंचकर डॉ. भीमराव अंबेडकर को श्रद्धांजलि दी। इस मौके पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी भी महू पहुंचे। जहां एक ओर सीएम ने बाबा साहेब को लोकतंत्र का मजबूत आधार बताया, वहीं दूसरी ओर पटवारी ने भाजपा पर निशाना साधते हुए राजनीति करने का आरोप लगाया।
अंबेडकर जयंती का उत्सव महू में देर रात से ही शुरू हो गया था। रात 12 बजे जैसे ही घड़ी ने दस्तक दी, अंबेडकर स्मारक पर गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया और आतिशबाजी से पूरा आसमान रोशन हो उठा। इस दौरान ‘जय भीम’ के नारों से माहौल गूंज उठा। बड़ी संख्या में लोग रात से ही स्मारक पर पहुंचने लगे थे और सुबह होते-होते यहां भारी भीड़ जुट गई।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने महू पहुंचकर बाबा साहेब की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद उन्होंने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि डॉ. अंबेडकर ने संविधान निर्माण के जरिए देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत आधार दिया। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं और समाज को एकजुट रखने में उनकी सोच अहम भूमिका निभाती है। सीएम ने सामाजिक समरसता, समानता और एकता के संदेश को आगे बढ़ाने की अपील भी की।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भी महू पहुंचकर बाबा साहेब को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी अंबेडकर के नाम पर राजनीति करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि संविधान के मूल सिद्धांतों के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। पटवारी ने आरक्षण और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि इन विषयों पर गंभीरता से काम करने की जरूरत है।
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महू में इस बार अंबेडकर जयंती पर देश के अलग-अलग हिस्सों से लोग पहुंचे। महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान समेत कई राज्यों से श्रद्धालु और बौद्ध भिक्षु यहां आए। कई लोग समूह में यात्रा कर पहुंचे, जिससे पूरा शहर एक बड़े आयोजन में बदल गया। हर तरफ बाबा साहेब के विचारों की चर्चा और ‘जय भीम’ के नारे सुनाई दे रहे थे।
राजधानी भोपाल में भी अंबेडकर जयंती धूमधाम से मनाई गई। यहां मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अंबेडकर चौक पर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया और प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद उन्होंने सभा को संबोधित करते हुए बाबा साहेब के योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि अंबेडकर का जीवन संघर्ष और प्रेरणा का प्रतीक है।
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ग्वालियर के फूलबाग स्थित अंबेडकर पार्क में मुख्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। सुबह से ही यहां बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और प्रतिमा पर फूल अर्पित किए। शहर के अलग-अलग हिस्सों से रैलियां निकाली गईं, जो अंत में अंबेडकर पार्क पहुंचकर समाप्त हुईं।
जबलपुर में विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल समेत कई संगठनों ने अंबेडकर जयंती मनाई। अंबेडकर चौक पर पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी और सामाजिक समरसता का संदेश दिया।
रतलाम में छत्री पुल स्थित अंबेडकर सर्कल पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान कैबिनेट मंत्री चेतन्य काश्यप, महापौर प्रहलाद पटेल और अन्य नेता मौजूद रहे। कार्यक्रम में लोगों को ठंडी छाछ भी वितरित की गई।
बैतूल में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने अंबेडकर प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और उनके योगदान को याद किया। वहीं नरसिंहपुर में पंचायत एवं श्रम मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने कार्यक्रम में शामिल होकर बाबा साहेब को नमन किया।
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उज्जैन में अखिल भारतीय बैरवा महासंघ ने प्रभात फेरी निकाली और अंबेडकर प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। नर्मदापुरम में भी कार्यक्रम आयोजित हुए, जहां अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने बाबा साहेब को श्रद्धांजलि दी। भीम आर्मी ने यहां बाइक रैली निकालकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
मध्य प्रदेश के हर जिले में अंबेडकर जयंती को लेकर खास उत्साह देखने को मिला। कहीं रैलियां निकाली गईं, तो कहीं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित हुए। हर जगह लोगों ने बाबा साहेब के विचारों को याद किया और उन्हें अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।