देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक HDFC Bank ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। बैंक ने सालाना आधार पर मजबूत बढ़त दर्ज की है। 31 मार्च 2026 को समाप्त तिमाही में बैंक का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट 9% बढ़कर 19,221 करोड़ रुपए पहुंच गया। पिछले साल इसी तिमाही में यह 17,616 करोड़ रुपए था।
13 रुपए प्रति शेयर का मिलेगा डिविडेंड
वित्त वर्ष 2026 के लिए बैंक ने 13 रुपए प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड की घोषणा की है। इसके लिए रिकॉर्ड डेट 19 जून 2026 तय की गई है। इससे पहले अगस्त 2025 में भी बैंक 2.5 रुपए प्रति शेयर का स्पेशल अंतरिम डिविडेंड दे चुका है। इस तरह पूरे साल में निवेशकों को कुल 15.5 रुपए प्रति शेयर का डिविडेंड मिलेगा।
रेवेन्यू और NII में भी बढ़त
मार्च तिमाही में बैंक का कुल नेट रेवेन्यू 5% बढ़कर 46,280 करोड़ रुपए हो गया जो पिछले साल 44,090 करोड़ रुपए था। बैंक की मुख्य आय नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) 3.2% बढ़कर 33,080 करोड़ रुपए रही। वहीं नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) कुल एसेट्स पर 3.38% दर्ज किया गया है।
एसेट क्वालिटी भी बेहतर
इस तिमाही में बैंक की एसेट क्वालिटी भी पहले से बेहतर हुई है। बैंक ने अपने खराब कर्ज (NPA) को कंट्रोल करने में सुधार किया है। ग्रॉस NPA घटकर 1.24% से 1.15% पर आ गया वहीं नेट NPA मार्च 2026 तक 0.38% रहा है।
प्रोविजंस और क्रेडिट कॉस्ट
बैंक ने इस तिमाही के लिए प्रोविजंस और कंटिंजेंसी के तौर पर 2,610 करोड़ रुपए अलग रखे हैं। टोटल क्रेडिट कॉस्ट रेश्यो 0.35% रहा जो जोखिम प्रबंधन के लिहाज से संतुलित स्तर पर है।