सप्ताह के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार में तेज गिरावट देखने को मिली। बाजार खुलने के कुछ ही मिनटों में निवेशकों की करीब ₹12.39 लाख करोड़ की संपत्ति घट गई। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों प्रमुख इंडेक्स करीब 3% तक गिर गए।
कारोबार की शुरुआत होते ही BSE Sensex करीब 2400 अंक गिरकर 76,400 के आसपास पहुंच गया। वहीं Nifty 50 भी 700 अंकों से ज्यादा टूटकर करीब 23,750 के स्तर तक आ गया। इस तेज गिरावट से BSE में लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैप घटकर करीब ₹437 लाख करोड़ रह गया।
सोमवार को बाजार में लगभग हर सेक्टर में दबाव देखा गया।
बाजार में गिरावट का बड़ा कारण कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल माना जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में
ये भी पढ़ें: अमेरिका- इजरायल की धमकी पर ईरान का जवाब : हमारा भविष्य एपस्टीन फाइल्स तय नहीं करेगी
विशेषज्ञों के मुताबिक मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य क्षेत्र में तेल टैंकरों पर हमलों की खबरों ने बाजार की चिंता बढ़ा दी है। दुनिया की कुल तेल सप्लाई का करीब 20% हिस्सा इसी समुद्री मार्ग से गुजरता है, इसलिए यहां संकट बढ़ने से वैश्विक बाजारों पर सीधा असर पड़ रहा है।
तेल की कीमतों में उछाल का असर भारतीय मुद्रा पर भी पड़ा। रुपया डॉलर के मुकाबले कमजोर होकर करीब 92 के स्तर तक पहुंच गया। वहीं अमेरिका में 10-year ट्रेजरी यील्ड लगभग 4.20% तक बढ़ गई है, जिससे निवेशक सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख कर सकते हैं।