इटावा में खौफनाक वारदात! पिता की चाय में मिलाई नींद की दवा, फिर प्रेमी संग मिलकर कर दी हत्या; बक्से में छिपाई लाश

उत्तर प्रदेश के इटावा में रिश्तों को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहां 17 साल की बेटी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पिता की हत्या कर दी। दोनों ने पहले पिता की चाय में नींद की दवा मिलाई और उनके सोने के बाद चाकू और सिलबट्टे से हमला कर दिया। हत्या के बाद शव को कंबल में लपेटकर बक्से में बंद कर दिया और मौके से फरार हो गए। चार दिन बाद घर से बदबू आने पर पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने आरोपी बेटी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है।
प्रेम संबंध का पिता कर रहे थे विरोध
मामला इटावा के सिविल लाइन थाना क्षेत्र स्थित कांशीराम कॉलोनी का है। यहां टीबी अस्पताल परिसर में श्यामसुंदर कठेरिया अपनी 17 साल की छोटी बेटी के साथ रहते थे। वह एक होटल में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करते थे। उनकी बड़ी बेटी काजल की शादी हो चुकी है और वह अपनी ससुराल में रहती है। sएसएसपी बृजेश कुमार श्रीवास्तव के मुताबिक, पूछताछ में बेटी ने बताया कि करीब पांच महीने पहले उसने अपनी बड़ी बहन काजल से मोबाइल रिचार्ज कराने के लिए कहा था।
काजल ने अपने देवर को छोटी बहन का मोबाइल नंबर दिया। इसके बाद उसके देवर ने अपने दोस्त अभिलाष सिंह (21) से नंबर रिचार्ज कराया। अभिलाष मजदूरी करता है। रिचार्ज कराने के बाद उसकी बातचीत श्यामसुंदर की छोटी बेटी से होने लगी। दोनों के बीच प्रेम संबंध बन गए। जब पिता को इसकी जानकारी हुई तो उन्होंने विरोध किया। उन्होंने बेटी को कई बार समझाया, लेकिन जब वह नहीं मानी तो उसके साथ मारपीट भी की। इससे बेटी पिता से नाराज रहने लगी।
प्रेमी के साथ मिलकर पिता की हत्या की साजिश रची
पुलिस के मुताबिक, बेटी अपने प्रेमी अभिलाष के साथ रहना चाहती थी। इसी वजह से दोनों ने श्यामसुंदर की हत्या की योजना बनाई। 21 अक्टूबर को बेटी ने पिता की चाय में नींद की दवा मिला दी। जब वह गहरी नींद में सो गए, तो दोनों ने उन्हें चारपाई से बांध दिया। इसके बाद चाकू से उनके गले पर वार किया और सिलबट्टे से सिर पर कई वार किए। हमले में श्यामसुंदर की मौत हो गई।
फ्रिज में नहीं रख पाए शव, तो बक्से में छिपाया
हत्या के बाद दोनों ने शव को ठिकाने लगाने की कोशिश की। पुलिस के मुताबिक, पहले उन्होंने शव को फ्रिज में रखने का प्रयास किया, लेकिन जगह नहीं होने के कारण ऐसा नहीं कर सके। इसके बाद शव को कंबल में लपेटकर बक्से में बंद कर दिया। दोनों ने सबूत मिटाने के लिए श्यामसुंदर का मोबाइल फोन नाले में फेंक दिया और फिर घर से फरार हो गए।
चार दिन बाद बदबू से खुला हत्या का राज
25 अक्टूबर को घर के अंदर से तेज बदबू आने लगी। इसके बाद पड़ोसियों को शक हुआ और उन्होंने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने घर का ताला तोड़कर अंदर तलाशी ली। इस दौरान बक्से से श्यामसुंदर का शव बरामद हुआ। पुलिस ने मृतक की बड़ी बेटी काजल को घटना की जानकारी दी। उसने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों से पिता और छोटी बहन से संपर्क नहीं हो पा रहा था। इसके बाद सोमवार को काजल ने छोटी बहन और उसके प्रेमी के खिलाफ सिविल लाइन थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज कराया।
प्रेमी के घर पर मिली नाबालिग बेटी
पुलिस के मुताबिक, सोमवार को ग्वालियर तिराहे के पास चेकिंग के दौरान दोनों आरोपियों के सराय एसर गांव में होने की सूचना मिली। पुलिस ने गांव के चेक रोड के पास से अभिलाष सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने बताया कि लड़की उसके घर पर मौजूद है। इसके बाद पुलिस ने उसके घर से नाबालिग लड़की को भी पकड़ लिया। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किया गया सिलबट्टा, चाकू, खून से सने कपड़े और बक्सा बरामद किया है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।




















