Iran- US War :बातचीत नाकाम रही तो हम दोबारा हमला करेंगे, सिंगापुर में बोला अमेरिका, ईरान को भरोसे की कमी

दरअसल, अमेरिका और ईरान अप्रैल की शुरुआत में हुए अस्थायी युद्धविराम को आगे बढ़ाने और स्थायी समझौते की दिशा में बातचीत कर रहे हैं। प्रस्ताव है कि मौजूदा युद्धविराम को 60 दिन और बढ़ाया जाए, लेकिन दोनों पक्षों के बीच भरोसे की कमी बड़ी बाधा बनी हुई है।
Follow on Google News
बातचीत नाकाम रही तो हम दोबारा हमला करेंगे, सिंगापुर में बोला अमेरिका, ईरान को भरोसे की कमी

वॉशिंगटन डीसी। अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ता दिखाई दे रहा है। अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने साफ कहा है कि अगर ईरान के साथ चल रही बातचीत विफल होती है तो अमेरिका दोबारा सैन्य कार्रवाई कर सकता है। यह बयान ऐसे समय आया है, जब दोनों देशों के बीच संभावित समझौते को लेकर बातचीत जारी है, लेकिन कई अहम मुद्दों पर अब भी सहमति नहीं बन सकी है।

दोनों देशों में भरोसा को लेकर खींचतान

दरअसल, अमेरिका और ईरान अप्रैल की शुरुआत में हुए अस्थायी युद्धविराम को आगे बढ़ाने और स्थायी समझौते की दिशा में बातचीत कर रहे हैं। प्रस्ताव है कि मौजूदा युद्धविराम को 60 दिन और बढ़ाया जाए, लेकिन दोनों पक्षों के बीच भरोसे की कमी बड़ी बाधा बनी हुई है।

ट्रंप की 2 घंटे चली मीटिंग बेनतीजा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को व्हाइट हाउस में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ करीब दो घंटे बैठक की। माना जा रहा था कि इस दौरान ईरान को लेकर अंतिम फैसला लिया जाएगा, लेकिन बैठक के बाद भी कोई निर्णय सामने नहीं आया। दूसरी ओर, ईरान ने भी किसी समझौते को लेकर जल्दबाजी दिखाने से इनकार कर दिया है।
ईरान की तरफ से बातचीत संभाल रहे संसद स्पीकर मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने कहा कि तेहरान को अमेरिका पर भरोसा नहीं है। उनका कहना है कि जब तक अमेरिका अपने कदम नहीं उठाता, तब तक ईरान भी कोई नई पहल नहीं करेगा।

यह भी पढ़ें: ईरान पर ट्रंप की सख्त शर्तें! व्हाइट हाउस में मंथन के बाद भी फैसला नहीं, ट्रंप-ईरान डील पर बना सस्पेंस

पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स

1. ट्रंप टाल गए फैसला

व्हाइट हाउस में करीब 2 घंटे चली बैठक के बाद भी राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान के साथ संभावित समझौते पर अंतिम फैसला नहीं लिया।

2. अमेरिका की नई धमकी

अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि अगर बातचीत नाकाम रही तो अमेरिका दोबारा सैन्य कार्रवाई कर सकता है।

3. ईरान का अमेरिका पर अविश्वास

ईरानी वार्ताकार मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने कहा कि तेहरान को अमेरिका पर भरोसा नहीं है, अमेरिका कदम उठाए बिना ईरान कोई पहल नहीं करेगा।

4. ईरान का दावा- अमेरिकी ड्रोन मार गिराया

ईरान ने दावा किया कि केश्म द्वीप के ऊपर उड़ रहे अमेरिकी MQ-1 ड्रोन को उसकी एयर डिफेंस प्रणाली ने मिसाइल से निशाना बनाकर गिरा दिया।

5. होर्मुज और लेबनान पर बढ़ी चिंता

ओमान ने होर्मुज स्ट्रेट में संदिग्ध तैरती बारूदी सुरंग दिखने की चेतावनी दी, वहीं WHO ने कहा कि बढ़ती सैन्य कार्रवाई से लेबनान में गंभीर स्वास्थ्य संकट गहरा रहा है।

यह भी पढ़ें: फ्लोरिडा में जोरदार विस्फोट : टेस्टिंग के दौरान फटा 'ब्लू ओरिजिन' का रॉकेट, आसमान में दिखा आग का गोला

ट्रंप- ईरान परमाणु हथियान न बनाएगा और न ही खरीदेगा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान ने परमाणु हथियारों से दूरी बनाए रखने का भरोसा दिया है। ट्रंप के मुताबिक, तेहरान ने न सिर्फ परमाणु हथियार विकसित नहीं करने पर सहमति जताई, बल्कि उन्हें खरीदने से भी इनकार किया है। एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि उनकी प्राथमिकता हमेशा से यही रही है कि ईरान किसी भी तरह परमाणु हथियार हासिल न कर सके। उन्होंने बताया कि बातचीत के दौरान जब ईरान से पूछा गया कि क्या वह ऐसे हथियार खरीदेगा, तो जवाब में उसने कहा कि वह न इन्हें बनाएगा और न ही खरीदेगा।

ईरान का दावा- अमेरिकी MQ-1 ढेर किया

तनाव के बीच ईरान ने दावा किया कि उसने केश्म द्वीप के ऊपर एक अमेरिकी MQ-1 ड्रोन को मार गिराया है। ईरानी सेना के अनुसार, ड्रोन को एयर डिफेंस सिस्टम ने पहचानकर मिसाइल से निशाना बनाया। हालांकि अमेरिका की तरफ से इस दावे पर कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।

उधर, तेहरान में सरकार समर्थकों ने रैली निकालकर नेतृत्व के समर्थन में नारे लगाए। इसी बीच ईरान ने अपनी नई तेज रफ्तार नौसैनिक हमला नौका 27 रजब भी पेश की, जिसकी रफ्तार 185 किलोमीटर प्रति घंटे तक बताई गई है।

Featured News

होर्मुज में हालत सामान्य होना मुश्किल- एक्सपर्ट्स

क्षेत्रीय तनाव का असर होर्मुज स्ट्रेट पर भी दिख रहा है। ओमान ने यहां संदिग्ध तैरती बारूदी सुरंग देखे जाने की चेतावनी जारी की है। विशेषज्ञों का मानना है कि समझौता होने के बाद भी इस अहम समुद्री मार्ग पर जल्द सामान्य हालात लौटना मुश्किल होगा। इसी रास्ते से दुनिया के करीब 20% तेल और एलएनजी की आवाजाही होती रही है।

WHO बोला- हालात लगातार तनावपूर्ण है

इस बीच WHO ने चेताया है कि बढ़ती सैन्य गतिविधियों के कारण लेबनान में गंभीर स्वास्थ्य संकट पैदा हो रहा है। संगठन के मुताबिक, स्वास्थ्य केंद्रों और अस्पतालों पर लगातार हमले हो रहे हैं, जिससे हालात और बिगड़ते जा रहे हैं।

Aakash Waghmare
By Aakash Waghmare

आकाश वाघमारे | MCU, भोपाल से स्नातक और फिर मास्टर्स | मल्टीमीडिया प्रोड्यूसर के तौर पर 3 वर्षों का क...Read More

नई दिल्ली
--°
बारिश: -- mmह्यूमिडिटी: --%हवा: --
Source:AccuWeather
icon

Latest Posts