गौतम गंभीर के सपोर्ट में उतरे सुनील गावस्कर, अक्षर पटेल को नंबर-5 पर भेजने के फैसले को बताया सही

भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर एक बार फिर चर्चा में हैं। वेलिंगटन में खेले गए मुकाबले में 135 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए टीम मैनेजमेंट ने केएल राहुल को बल्लेबाजी क्रम में नीचे भेजकर अक्षर पटेल को नंबर-5 पर उतारा था। इस फैसले की सोशल मीडिया पर जमकर आलोचना हुई। हालांकि, पूर्व दिग्गज क्रिकेटर सुनील गावस्कर ने गंभीर की रणनीति का समर्थन किया है। उनका मानना है कि अक्षर को ऊपर भेजना एक सोची-समझी रणनीति थी।
अक्षर पटेल को नंबर-5 पर भेजने पर हुआ था विवाद
भारतीय टीम ने लक्ष्य का पीछा करते हुए 39 रन के स्कोर तक अपने तीन विकेट गंवा दिए थे। ऐसे में आमतौर पर नंबर-5 पर बल्लेबाजी करने वाले केएल राहुल की जगह अक्षर पटेल को भेजा गया। इस फैसले के बाद सोशल मीडिया पर गौतम गंभीर और टीम मैनेजमेंट की आलोचना होने लगी। हालांकि, सुनील गावस्कर का मानना है कि इस फैसले के पीछे गेंदबाजों की लय बिगाड़ने की रणनीति थी। उनके मुताबिक, बाएं हाथ के बल्लेबाज के आने से गेंदबाजों को अपनी लाइन और लेंथ बदलनी पड़ती है, जिसका फायदा टीम को मिल सकता है।
गावस्कर ने समझाई गंभीर की रणनीति
मैच के बाद सुनील गावस्कर ने कहा कि अगर क्रीज पर बाएं हाथ का बल्लेबाज आता है तो गेंदबाजों के लिए मुश्किलें बढ़ सकती हैं। उन्हें अपनी लाइन और लेंथ में बदलाव करना पड़ता है। ऐसा करने की कोशिश में उनकी लय दाएं हाथ के बल्लेबाज के खिलाफ भी बिगड़ सकती है। इससे ज्यादा रन बनाने के मौके बनते हैं। हालांकि, आंकड़ों के लिहाज से यह प्रयोग सफल नहीं रहा। अक्षर पटेल 17 गेंदों में सिर्फ 7 रन बना सके। इसके बावजूद गावस्कर ने इस रणनीति को गलत मानने से इनकार किया।
'प्लान कभी काम करता है और कभी फेल'
गावस्कर ने कहा कि अगर अक्षर पटेल रन बना देते तो शायद लोग इसे शानदार कप्तानी और रणनीति बताते। इस तरह के प्रयोग क्रिकेट में होते रहते हैं। कभी ये सफल होते हैं तो कभी नाकाम। उन्होंने यह भी कहा कि टीम के पास बाद में केएल राहुल जैसा बेहतरीन बल्लेबाज मौजूद था। इसी वजह से टीम मैनेजमेंट इस तरह का प्रयोग करने का जोखिम उठा सकता था।
T20 वर्ल्ड कप फाइनल में भी सफल रहे थे अक्षर
अक्षर पटेल को पहले भी कई बार बल्लेबाजी क्रम में ऊपर भेजा गया है। 2024 टी20 वर्ल्ड कप का फाइनल इसका बड़ा उदाहरण है। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ उस मुकाबले में भारत ने 34 रन पर तीन विकेट गंवा दिए थे। इसके बाद पांचवें नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे अक्षर पटेल ने 47 रनों की अहम पारी खेली थी। उन्होंने विराट कोहली के साथ 72 रनों की साझेदारी कर भारतीय पारी को संभाला था। इस प्रदर्शन ने साबित किया था कि अक्षर जरूरत पड़ने पर ऊपरी क्रम में भी उपयोगी बल्लेबाजी कर सकते हैं।




















