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सोनम वांगचुक की CJP प्रदर्शन में गिरफ्तार नेताओं की रिहाई की मांग, बोले- कल तक नहीं छोड़ा तो करेंगे अनशन

सोनम वांगचुक ने दिल्ली में CJP प्रदर्शन से जुड़े अभिजीत दिपके, सौरभ दास और आशुतोष रांका समेत नेताओं की गिरफ्तारी पर सवाल उठाए। उन्होंने रिहाई की मांग करते हुए कहा कि कल तक रिहाई नहीं हुई तो अनशन या पदयात्रा पर विचार करेंगे।
सोनम वांगचुक की CJP प्रदर्शन में गिरफ्तार नेताओं की रिहाई की मांग, बोले- कल तक नहीं छोड़ा तो करेंगे अनशन
CJP प्रदर्शन में गिरफ्तार नेताओं की रिहाई की मांग

दिल्ली में CJP प्रदर्शन से जुड़े नेताओं की गिरफ्तारी को लेकर लद्दाख के पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने गिरफ्तार नेताओं को जल्द रिहा करने की मांग करते हुए देश में मौजूदा हालात को 'अघोषित आपातकाल' जैसा बताया। वांगचुक ने कहा कि यदि नेताओं को कल तक रिहा नहीं किया गया, तो वह खुद अनशन शुरू करने या पदयात्रा निकालने पर विचार कर सकते हैं। वांगचुक ने सोशल मीडिया पर बयान जारी कर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि एक दिन पहले ही उन्होंने प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर एकजुटता बनाए रखने और शांति की अपील की थी। उस समय उन्हें उम्मीद थी कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने वाले लोग शांतिपूर्ण ढंग से आंदोलन करेंगे। लेकिन अब प्रदर्शन से जुड़े नेताओं की गिरफ्तारी की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने चिंता जताई है।

अभिजीत दिपके, सौरभ दास समेत कई लोगों की गिरफ्तारी पर सवाल

वांगचुक ने अभिजीत दिपके, सौरभ दास और आशुतोष रांका समेत कॉकरोच पार्टी से जुड़े कई लोगों की गिरफ्तारी का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि आंदोलन का नेतृत्व करने के लिए कई लोग आगे आए थे, लेकिन अब उनके हिरासत में लिए जाने की खबर सामने आई है। वांगचुक ने सभी गिरफ्तार लोगों की जल्द रिहाई की उम्मीद जताई और सरकार से इस मामले में कदम उठाने की मांग की। उनका कहना है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन और अपनी बात रखने के अधिकार से जुड़े सवालों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। उन्होंने अपने संदेश में शांति और एकजुटता बनाए रखने पर भी जोर दिया।

'अघोषित आपातकाल' बताकर सरकार से रिहाई की मांग

सोनम वांगचुक ने देश की मौजूदा स्थिति को 'अघोषित आपातकाल' जैसा बताया। इस शब्द के जरिए उन्होंने ऐसे हालात पर चिंता जताई, जिनमें औपचारिक रूप से आपातकाल घोषित किए बिना भी लोगों को अपने लोकतांत्रिक अधिकारों के इस्तेमाल में बाधाओं का सामना करना पड़ सकता है। यह वांगचुक की ओर से व्यक्त की गई राजनीतिक टिप्पणी है। उन्होंने गिरफ्तार नेताओं की रिहाई की मांग करते हुए कहा कि यदि उन्हें कल तक नहीं छोड़ा गया, तो वह अनशन या पदयात्रा के जरिए अपना विरोध दर्ज कराने के विकल्प पर विचार करेंगे।

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दिल्ली में CJP प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

दिल्ली में 10 अक्टूबर को प्रस्तावित CJP प्रदर्शन को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने की जानकारी सामने आई है। इसी बीच प्रदर्शन से जुड़े लोगों की गिरफ्तारी का मुद्दा भी चर्चा में है। वांगचुक का बयान ऐसे समय आया है, जब प्रदर्शनकारियों की हिरासत और शांतिपूर्ण विरोध के अधिकार को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।

Dr. Sumit  Shrivastava
By Dr. Sumit Shrivastava

सुमित श्रीवास्तव एक अनुभवी मीडिया प्रोफेशनल, बिजनेस पत्रकार और शोधकर्ता हैं। मास कम्युनिकेशन में M.P...

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