Manisha Dhanwani
24 Jan 2026
Hemant Nagle
24 Jan 2026
इंदौर - राज्य के प्रमुख सरकारी इंजीनियरिंग संस्थान श्री गोविंदराम सेकसरिया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड साइंस (SGSITS) में छात्रा के साथ छेड़छाड़ का गंभीर मामला उजागर हुआ है। आरोप संस्थान के एक वरिष्ठ प्रोफेसर और विभागाध्यक्ष पर लगे हैं। छात्रा ने शिकायत में कहा है कि परीक्षा में पास करवाने का झांसा देकर एचओडी ने उसकी कमर पर हाथ रखने जैसी आपत्तिजनक हरकत की। शिकायत मिलते ही निदेशक डॉ. निलेश पुरोहित ने पूरे मामले की जांच महिला उत्पीड़न निवारण समिति को सौंप दी। वहीं प्रोफेसर को जांच पूरी होने तक सभी प्रशासनिक व शैक्षणिक कार्यों से अलग कर दिया गया है।
इलेक्ट्रिकल विभाग में हुई घटना
घटना दो दिन पहले गुरुवार को इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग में हुई। जानकारी के अनुसार छात्रा अपने अकादमिक कार्य और परीक्षा संबंधी मुद्दों पर चर्चा करने एचओडी संदीप घोंघाड़े के केबिन में गई थी। वहां बातचीत के दौरान प्रोफेसर ने अनुचित व्यवहार किया। छात्रा का कहना है कि प्रोफेसर ने उसकी कमर पर हाथ रखते हुए कहा कि उसका ईयर-बैक लगा है, लेकिन वे चाहें तो उसे पास करवा सकते हैं। उनकी हरकत से डरी छात्रा तुरंत केबिन से बाहर निकली और सीधे निदेशक से शिकायत की।
समिति करेगी दोनों पक्षों की सुनवाई
शिकायत के बाद संस्थान ने महिला उत्पीड़न निवारण समिति को जांच का जिम्मा सौंपा है। समिति ने फिलहाल एचओडी को परीक्षा, शिक्षण कार्य, मूल्यांकन और अन्य दायित्वों से अलग कर दिया है। आने वाले दिनों में समिति छात्रा और प्रोफेसर—दोनों को बुलाकर बयान दर्ज करेगी।
सूत्रों का दावा है कि संबंधित प्रोफेसर पर पहले भी अनुचित व्यवहार के आरोप लग चुके हैं, लेकिन तब कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई थी। इसी कारण आशंका जताई जा रही है कि कहीं इस बार भी मामले को दबाने की कोशिश न हो। हालांकि प्रोफेसर संदीप घोंघाड़े ने सभी आरोपों को निराधार बताया है और किसी भी चर्चा से इनकार कर दिया।
“जांच पूरी होने तक हटाया, रिपोर्ट के बाद निर्णय” – प्रशासन
SGSITS के प्रशासनिक अधिकारी डॉ. गिरिश ने बताया कि छात्रा के अकादमिक हितों को ध्यान में रखते हुए प्रोफेसर से एचओडी पद एवं अन्य जिम्मेदारियां वापस ले ली गई हैं। समिति दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद रिपोर्ट सौंपेगी, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।