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Shivaji Maharaj Statue Collapse : 6 फीट की परमिशन के बाद बनाया 35 फीट का स्टैच्यू, महाराष्ट्र में सियासत तेज

Shivaji Maharaj Statue Collapse : 6 फीट की परमिशन के बाद बनाया 35 फीट का स्टैच्यू, महाराष्ट्र में सियासत तेज
महाराष्ट्र के कोल्हापुर में छत्रपति शिवाजी महाराज का 35 फीट ऊंचा स्टैच्यू गिरने के बाद से सियासी घमासान मचा हुआ है। इस मामले में शुक्रवार को पहली गिरफ्तारी की गई। गिरफ्तार हुआ व्यक्ति चेतन पाटिल स्ट्रक्चरल कंसल्टेंट है। स्टैच्यू गिरने को लेकर महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार ने दुख जताया है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन भी दिया है। इस स्टैच्यू का उद्घाटन 4 दिसंबर 2023 को खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था। इसी बीच छत्रपति शिवाजी महाराज के स्टैच्यू को लेकर एक नया खुलासा हुआ है। महाराष्ट्र डायरेक्टरेट ऑफ आर्ट ने बताया कि सिर्फ 6 फीट के स्टैच्यू की परमिशन दी गई थी। इसे बाद में 35 फीट तक बढ़ा दिया गया। स्टैच्यू गिरने के बाद महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई थी।

6 फीट की जगह 35 फीट का स्टैच्यू बनाया

महाराष्ट्र डायरेक्टरेट ऑफ आर्ट के डायरेक्टर ने बताया कि उन्होंने सिर्फ 6 फीट ऊंची स्टैच्यू की परमिशन दी थी। इसके बाद नौसेना ने 35 फीट ऊंची और स्टील के प्लेट्स के इस्तेमाल से छत्रपति शिवाजी महाराज की स्टैच्यू स्थापित कर दी। इस बारे में तो कोई जानकारी ही नहीं दी गई थी। मंजूरी के लिए मिट्टी के पुतले का प्रारूप पेश किया गया था।

स्टेट PWD ने नौसेना को ट्रांसफर किए 2.44 करोड़ रुपए

नौसेना ने स्टैच्यू के लिए मूर्तिकार नियुक्त किए और स्टेट पीडब्ल्यूडी ने नौसेना को 2.44 करोड़ रुपए ट्रांसफर किए। नौसेना ने डिजाइन फाइनल करने के बाद कला निदेशालय को मंजूरी के लिए भेजा। लेकिन तब स्टैच्यू की डिटेल ऐसी बिल्कुल नहीं थी जैसा बाद में उसे स्थापित किया गया। डायरेक्टर मिश्रा ने कहा, अब स्टैच्यू के मिट्टी मॉडल की डिजाइन फाइनल होने की मंजूरी के बाद असली स्टैच्यू की भी मंजूरी लेनी चाहिए।

प्रधानमंत्री मोदी ने किया था उद्घाटन

छत्रपति शिवाजी महाराज स्टैच्यू का उद्घाटन पिछले साल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नौसेना दिवस समारोह के दौरान किया था। इसका उद्देश्य छत्रपति शिवाजी महाराज की विरासत और मराठा नौसेना के आधुनिक भारतीय नौसेना के साथ ऐतिहासिक संबंधों का सम्मान करना था। 26 अगस्त को स्टैच्यू गिर गई थी, जिसे लेकर महाराष्ट्र की सियासत में काफी हलचल हो रही है।

जांच के लिए पैनल गठित

महाराष्ट्र सरकार द्वारा छत्रपति शिवाजी महाराज की स्टैच्यू गिरने की जांच के लिए पैनल गठित की गई है और स्टैच्यू की पुनर्स्थापना के लिए टीम बनाई गई है।
Shivani Gupta
By Shivani Gupta

शिवानी गुप्ता | MCU, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में ग्रेजुएशन | 9 वर्षों की टीवी और डिजिटल तक की य...

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