कारगिल विजय दिवस :सिवनी मालवा कॉलेज में छात्राओं ने दी शहीदों को श्रद्धांजलि, देशभक्ति का लिया संकल्प

मध्य प्रदेश शासन के उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार शासकीय कन्या महाविद्यालय, सिवनी मालवा में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर कई कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस दौरान छात्राओं के लिए व्याख्यान, संगोष्ठी, परिचर्चा, निबंध, भाषण, प्रश्नोत्तरी, चित्रकला और पोस्टर निर्माण प्रतियोगिताएं कराई गईं। साथ ही भारतीय सेना के शौर्य और बलिदान पर आधारित प्रेरक डॉक्यूमेंट्री भी दिखाई गई।
शहीदों को दी श्रद्धांजलि
कार्यक्रम में कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। सभी ने दो मिनट का मौन रखकर वीर जवानों को नमन किया। राष्ट्रध्वज को सलामी देने के बाद राष्ट्रगान के साथ छात्राओं में राष्ट्रप्रेम, राष्ट्रीय एकता और देशभक्ति की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया गया।
प्राचार्य बोले- कारगिल विजय दिवस साहस और बलिदान का प्रतीक
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. उमेश कुमार धुर्वे ने कहा कि कारगिल विजय दिवस केवल एक ऐतिहासिक दिन नहीं, बल्कि भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस, अनुशासन, राष्ट्रनिष्ठा और सर्वोच्च बलिदान का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्ष 1999 में भारतीय सेना ने कठिन परिस्थितियों में विजय हासिल कर दुनिया के सामने भारत की ताकत और संकल्प का परिचय दिया। उन्होंने छात्राओं से शहीदों के त्याग को याद रखते हुए राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने की अपील की।
युवाओं को शहीदों से प्रेरणा लेने का संदेश
कार्यक्रम प्रभारी मनोज कुमार प्रजापति ने कहा कि कारगिल विजय दिवस वीर सैनिकों के साहस, समर्पण और बलिदान से प्रेरणा लेने का अवसर है। वहीं, प्राध्यापक धीरेंद्र दुबे ने कहा कि देश की सुरक्षा केवल सैनिकों की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक का नैतिक कर्तव्य भी है। युवाओं को हमेशा राष्ट्रहित के प्रति जागरूक और जिम्मेदार रहना चाहिए।
राष्ट्र की एकता और अखंडता का लिया संकल्प
कार्यक्रम के अंत में छात्राओं और प्राध्यापकों ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और राष्ट्रीय सुरक्षा के प्रति अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करने का सामूहिक संकल्प लिया। इस अवसर पर महाविद्यालय के कई प्राध्यापक, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।












