Publish Date: 10 Oct 2024, 5:13 PM (IST)Updated On: 10 Oct 2024, 5:16 PM (IST)Reading Time: 2 Minute Read
इंदौर। महू जनपद पंचायत के अंतर्गत आने वाले ग्राम चौरड़िया में रिश्वतखोरी का मामला सामने आया है। इंदौर लोकायुक्त टीम ने गुरुवार को अधिकारी को 2 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा। यह कार्रवाई महू जनपद पंचायत कार्यालय में हुई। अधिकारी महू जनपद पंचायत के समन्वय विभाग में पदस्थ है, उसने कोर्ट में पैरवी करने के लिए शिकायतकर्ता से रिश्वत मांगी थी।
क्या है मामला ?
जानकारी के मुताबिक, फरियादी रवींद्र चंद्रायण ग्राम पंचायत चौरड़िया में सचिव के पद पर कार्यरत हैं। आवेदक ने ग्राम पंचायत चौरड़िया अंतर्गत पातालपानी पर्यटन स्थल की पार्किंग का ठेका 3,00,000 रुपए में कपिल जोशी नामक व्यक्ति को दिया गया था। जिसको जनपद पंचायत ने निरस्त कर दिया। इस फैसले के खिलाफ कपिल जोशी ने कोर्ट में वाद प्रस्तुत किया है। न्यायालय में प्रचलित प्रकरण में पैरवी के लिए पंचायत समन्वयक अधिकारी मुन्नालाल यादव ने आवेदक रवींद्र चंद्रायण सचिव से 2 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। इसकी शिकायत आवेदक ने लोकायुक्त कार्यालय में कर दी।
आरोपी को रंगे हाथों पकड़ा
शिकायत सत्यापन में सही पाई जाने के बाद लोकायुक्त की टीम के द्वारा कार्रवाई करने की योजना बनाई गई। गुरुवार को मुन्नालाल यादव को 2 हजार रुपए की रिश्वत लेते जनपद पंचायत कार्यालय महू में गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टचार निवारण संशोधन अधिनियम 2018 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया है।