सीहोर के कुबेरेश्वरधाम में नवरात्रि की भव्य शुरुआत, 3 क्विंटल मावे की बर्फी का भोग और 108 दीपों से हुई आराधना

सीहोर। शारदीय नवरात्रि के पावन पर्व पर चितावलिया हेमा स्थित प्रसिद्ध कुबेरेश्वरधाम में रविवार को श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अनुपम वातावरण देखने को मिला। मां भगवती की आराधना के शुभारंभ पर धाम में विशेष पूजा-अर्चना की गई। 108 से अधिक दीप प्रज्ज्वलित कर बाबा की आराधना की गई, वहीं तीन क्विंटल से अधिक मावे की बर्फी और फलाहारी सामग्री का भोग अर्पित किया गया। पूजा के बाद श्रद्धालुओं को प्रसादी वितरित की गई। दीपों की पावन आभा, भक्ति से भरे मन और धार्मिक अनुष्ठानों के बीच धाम में नवरात्रि का पहला दिन विशेष बना रहा।
दीपों की रोशनी में गूंजा भक्ति और आस्था का संदेश
नवरात्रि के प्रथम दिवस पर कुबेरेश्वरधाम में धार्मिक परंपराओं के अनुरूप विशेष आयोजन किए गए। 108 से अधिक दीप प्रज्ज्वलित कर आराधना की गई। दीपों की रोशनी के बीच श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना कर परिवार की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। नवरात्रि का यह पावन अवसर भक्तों के लिए केवल पूजा का ही नहीं, बल्कि मन में श्रद्धा जगाने, सकारात्मकता अपनाने और ईश्वर के प्रति समर्पण व्यक्त करने का भी माध्यम बना।
तीन क्विंटल मावे की बर्फी का लगाया भोग
धाम में नवरात्रि के शुभारंभ पर तीन क्विंटल से अधिक मावे की बर्फी और फलाहारी सामग्री अर्पित की गई। धार्मिक विधि-विधान से भोग लगाने के बाद श्रद्धालुओं के बीच प्रसादी का वितरण किया गया। प्रसादी ग्रहण कर भक्तों ने स्वयं को सौभाग्यशाली माना। भारतीय धार्मिक परंपरा में भोग और प्रसाद को श्रद्धा, समर्पण तथा सामूहिक सहभागिता का प्रतीक माना जाता है। इसी भावना के साथ श्रद्धालुओं ने आयोजन में भाग लिया और नवरात्रि के पहले दिन को भक्तिमय बनाया।
ये भी पढ़ें: मैहर में शारदीय नवरात्र मेले का भव्य आगाज: तड़के से उमड़ा आस्था का सैलाब
यूके से लौटे पंडित प्रदीप मिश्रा ने दीं पर्व की शुभकामनाएं
रविवार को यूके में शिव चर्चा के कार्यक्रम से लौटे अंतरराष्ट्रीय कथा वाचक पंडित प्रदीप मिश्रा शाम को कुबेरेश्वरधाम पहुंचे। यहां उन्होंने धाम में आए श्रद्धालुओं से भेंट की और सभी को शारदीय नवरात्रि पर्व की शुभकामनाएं दीं। उनके आगमन से श्रद्धालुओं में उत्साह दिखाई दिया। इस अवसर पर उन्होंने नवरात्रि के आध्यात्मिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए शिव और शक्ति की आराधना को पर्व की प्रमुख भावना बताया।
शिव और शक्ति की आराधना का पावन अवसर है नवरात्रि
पंडित प्रदीप मिश्रा ने कहा कि नवरात्रि का पावन पर्व शिव और शक्ति की आराधना का पर्व है। यह समय श्रद्धा, भक्ति और उपासना के माध्यम से मां भगवती की आराधना करने का अवसर प्रदान करता है। उन्होंने श्रद्धालुओं को पर्व की शुभकामनाएं देते हुए धार्मिक आस्था और भक्ति के महत्व पर प्रकाश डाला। नवरात्रि का संदेश मन में विश्वास, जीवन में सद्भाव और परिवार में सुख-शांति की कामना से जुड़ा है।
नौ दिनों तक भक्तिभाव से होगी आराधना
कुबेरेश्वरधाम में शारदीय नवरात्रि के पहले दिन हुए विशेष आयोजन ने पर्व की आध्यात्मिक शुरुआत को खास स्वरूप दिया। दीप प्रज्ज्वलन, भोग अर्पण, पूजा-अर्चना और प्रसादी वितरण के माध्यम से श्रद्धालुओं ने अपनी आस्था व्यक्त की। अब नौ दिनों तक मां शक्ति की आराधना और धार्मिक परंपराओं के अनुरूप नवरात्रि पर्व मनाया जाएगा। भक्तों के लिए यह पर्व मां के चरणों में प्रार्थना अर्पित करने, परिवार की मंगलकामना करने और मन में भक्ति का दीप प्रज्ज्वलित रखने का पावन अवसर है।
ये भी पढ़ें: अमेरिका से जापान तक शिवभक्ति की लहर, सावन शिवरात्रि पर घर-घर हुआ भोलेनाथ का अभिषेक; 82 करोड़ भक्तो के जुड़ने का दावा




















