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जिस चौराहे से शहर हुआ था बदनाम, उसी जगह पुलिस ने दिलाई व्यापरियों को शपथ 'इंदौर का नाम नहीं होने देंगे बदनाम'

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जिस चौराहे से शहर हुआ था बदनाम, उसी जगह पुलिस ने दिलाई व्यापरियों को शपथ 'इंदौर का नाम नहीं होने देंगे बदनाम'
इंदौर। सीएम शिवराज सिंह चौहान के सपनों का शहर है। यहां से ही नाइट कल्चर की शुरुआत हुई थी, जिससे कि रोजगार बढ़ सके और मुंबई की तर्ज पर मिनी मुंबई में भी बाजार देर रात तक भी खुले रहे। लेकिन, इंदौर में कुछ महीनों में ऐसी घटना हुई है, जिससे इंदौर का नाइट कल्चर और इंदौर का नाम बदनाम सा हो गया है। जिसे सुधारने के लिए इंदौर पुलिस द्वारा अब नई पहल की शुरुआत की गई है।

चौराहों पर व्यापारी और व्यवसायियों को दिलाई शपथ

नाइट कल्चर को सुधारने के लिए अब इंदौर पुलिस चौराहों पर खड़े होकर व्यापारी और व्यवसायियों को शपथ दिला रही है। ताकि किसी भी तरह से सामाजिक तत्व या शहर का नाम बदनाम ना हो। ऐसे व्यक्तियों की जानकारी तुरंत पुलिस को दें और अपने दुकान के आसपास होने वाली हर घटना पर नजर रखें और पुलिस के सहयोगी बने। [embed]https://twitter.com/psamachar1/status/1698226011903775184[/embed] शनिवार रात 1:00 बजे के लगभग इंदौर पुलिस ने एलआईसी चौराहा पर सभी व्यापारी और व्यवसायियों को यह शपथ दिलाई गई। दरअसल शहर में इस नाइट कल्चर की शुरुआत यहीं से हुई थी। देर रात नाइट कल्चर के चलते नौजवान रातों में इन दुकानों पर बैठकर चाय नाश्ता करते हैं, लेकिन यदि किसी प्रकार से भी शहर का नाम बदनाम होने जैसी स्थिति होती है तब वह तुरंत पुलिस को संपर्क करें। अपने दुकान के बाहर सीसीटीवी सहित सुरक्षा गार्ड को भी लगाए और कोई भी अप्रिय घटना पर तुरंत पुलिस को सूचना दें।

नाइट कल्चर के वीडियो हुए थे वायरल

इंदौर पुलिस द्वारा एलआईसी चौराहे से इसकी शुरुआत इसलिए भी की गई, क्योंकि कुछ वर्षों पहले एलआईसी चौराहे पर नाइट कल्चर के दौरान कुछ ऐसे वीडियो वायरल हुए थे। जिससे पूरे देश में इंदौर की छवि खराब हुई थी और इंदौर का नाम धूमिल हो गया था। इसी चौराहे से ही इसकी शुरुआत करने से फिर से इंदौर का नाम प्रदेश में किसी भी तरह से खराब ना हो इसके लिए सभी व्यापारियों को शपथ दिलाई गई।

पुलिस ने चलाया था अभियान

इंदौर शहर में रात्रि के समय कुछ ऐसी अप्रिय घटना हो गई थी, जिसके कारण इंदौर पुलिस का नाम काफी बदनाम हो गया था। जिसको चलते कैलाश विजयवर्गीय द्वारा सभी विभागों की एक बैठक में यह निर्णय लिया गया था कि 10 दिनों के अंदर इस नाइट कल्चर को देखा जाएगा। यदि किसी प्रकार से नाइट कल्चर के दौरान फिर से शहर में कोई घटना होती है तो इसके लिए कम से बात करके उसे पर तुरंत एक्शन लिया जाएगा। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पुलिस ने देर रात तक चेकिंग अभियान और बदमाशों की धर पकड़ का अभियान चलाया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में बदमाशों को जेल की सलाखों के पीछे गया। उद्देश्य यही था कि नाइट कल्चर चलते रहे और सीएम के सपनों के शहर को किसी की नजर ना लगे। (इनपुट – हेमंत नागले)  ये भी पढ़ेें- इंदौर : चोर ने भगवान की दान पेटी भी नहीं छोड़ी, दो दिन पहले ही खुली थी दान पेटी; CCTV कैमरे में कैद हुआ चोर मध्य प्रदेश की अन्य खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें…
Mithilesh Yadav
By Mithilesh Yadav

वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...Read More

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