इंदौर में निकली चुनरी यात्रा, मुख्यमंत्री मोहन यादव बोले–इस आयोजन ने सभी वर्गों को एक सूत्र में पिरोया

इंदौर। नवरात्र के पावन पर्व पर बड़ा गणपति मंदिर से बिजासन माता मंदिर तक "सनातन धर्म को सशक्त बनाने" के संकल्प के साथ विशाल चुनरी यात्रा निकाली गई। 2.5 किलोमीटर लंबी और दो लाख सितारों से सजी चुनरी हजारों श्रद्धालुओं ने मां बिजासन के चरणों में अर्पित की। बड़ा गणपति मंदिर स्थित मंच से यात्रा को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रवाना किया। उन्होंने कहा कि नवरात्र का महापर्व हमें मां दुर्गा की आराधना के साथ शक्ति और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने आयोजक पूर्व विधायक सुदर्शन गुप्ता की सराहना करते हुए कहा कि चुनरी यात्रा के माध्यम से उन्होंने सभी वर्गों, जातियों और पंथों को एक साथ लाने का काम किया है। मां के दरबार में ऊंच-नीच का कोई भेद नहीं होता।
17 वर्षों से निकल रही है यात्रा
यात्रा संयोजक सुदर्शन गुप्ता ने बताया कि पिछले 17 वर्षों से यह यात्रा निकल रही है। कोरोना काल में चुनिंदा कार्यकर्ताओं द्वारा परंपरा कायम रखी गई थी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सनातन सशक्त हो रहा है, अयोध्या में राम मंदिर, काशी कॉरिडोर, उज्जैन में महाकाल लोक जैसे कार्य हो रहे हैं। यात्रा बड़ा गणपति से पीलिया खाल, अग्रसेन नगर, रामचंद्र नगर, कालानी नगर होते हुए एयरपोर्ट थाने के सामने पहुंची। यातायात बाधित न हो इसके लिए 3 हजार से अधिक चुनरी रक्षकों ने वॉकी-टॉकी से व्यवस्था संभाली। तीन समानांतर वैकल्पिक मार्गों से यातायात जारी रहा।
ये भी पढ़ें: बेटमा का ऐतिहासिक दशहरा-300 वर्षों से घुड़दौड़, मटकी फोड़, निशानेबाजी की परंपरा, ASP ने तैयारियों का लिया जायजा
दो लाख सितारे, गोटे और मोतियों से सजी चुनरी

सूरत में मुस्लिम कारीगरों द्वारा तैयार दो लाख सितारे, गोटे और मोतियों से सजी चुनरी मां को अर्पित की गई। यात्रा में संतगण बग्घियों में सवार होकर आशीर्वाद दे रहे थे। स्वच्छता का विशेष ध्यान रखते हुए नगर निगम की टीम यात्रा के पीछे-पीछे सफाई करते हुए चली।
ग्वालियर हादसे के चलते सीएम ने नहीं कराया स्वागत
कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, तुलसीराम सिलावट, पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन, सत्यनारायण सत्तन, कृष्णमुरारी मोघे, सांसद शंकर लालवानी, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, विधायक रमेश मेंदोला, गोलू शुक्ला, मालिनी गौड़, मधु वर्मा, मनोज पटेल, जीतू जिराती सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि शामिल हुए। ग्वालियर में हुए हादसे के चलते मुख्यमंत्री ने अपना स्वागत नहीं करवाया।
ये भी पढ़ें: बेटमा में बाला दीदी किन्नर के नेतृत्व में निकली भव्य चुनरी यात्रा, मां अन्नपूर्णा को अर्पित की चुनरी




















