गुना में आग का गोला बना LPG से भरा टैंकर :फायर ब्रिगेड की सूझबूझ से संभली स्थिति, बैटरी में शॉर्ट सर्किट से लगी आग

गुना। जिले के एनएच-46 पर उस समय बड़ी रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना सामने आई जब एलपीजी गैस से भरा टेंकर आग के गोले में तब्दील हो गया। जानकारी के अनुसार रविवार को धरनावदा थाना क्षेत्र के रुठियाई में एक एलपीजी गैस से भरा टैंकर अचानक चलते-चलते धधकते हुए अग्निगोले में तब्दील हो गया। पंचवटी होटल के पास मुख्य मार्ग पर हुई इस खौफनाक घटना से पूरे इलाके में महाविस्फोट का ऐसा खौफ पैदा हुआ कि राहगीरों से लेकर प्रशासन तक के हाथ-पांव फूल गए। आसमान छूतीं आग की गगनचुंबी लपटों और जहरीले धुएं के गुबार को देखकर लोग अपनी गाडिय़ां छोड़कर भागने लगे।
हादसे के बारे में एसपी हितिका वासल ने बताया कि टेंकर की बैट्री में शॉर्ट सर्किट से आग लगी थी जो टायर में लग गई। बाद में उसने टेंकर को अपनी चपेट में ले लिया। कोई जनहानि न हो इसलिए हाईवे के दोनों ओर एक-एक किमी दूर यातायात रूकवाया गया है। अब स्थिति नियंत्रण में है और टेंकर की कूलिंग की जा रही है।
टैंकर फटने का था सबसे बड़ा डर, दूर से ही पानी बरसाती रहीं दमकलें
यह हादसा सामान्य नहीं था, क्योंकि टैंकर में अत्यधिक ज्वलनशील एलपीजी गैस भरी हुई थी। आग की भीषणता को देखते हुए सबसे बड़ा डर यह था कि यदि अत्यधिक दबाव के कारण टैंकर में ब्लास्ट हो जाता, तो कई किलोमीटर का इलाका इसकी जद में आ जाता और भारी तबाही मच सकती थी। इसी महाविस्फोट के खतरे को भांपते हुए गेल और जिला प्रशासन की फायर फाइटिंग टीमें सीधे टैंकर के करीब जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रही थीं। दमकलकर्मियों ने अपनी जान जोखिम में डालकर काफी सुरक्षित दूरी से ही टैंकर पर पानी और स्पेशल केमिकल फोम की बौछारें डालना शुरू किया। दमकलें काफी दूर से ही आग बुझाने और टैंकर को ठंडा रखने का अथक प्रयास करती रहीं, ताकि किसी भी तरह से गैस ब्लास्ट को रोका जा सके।
हाईवे पर थमे पहिए, कलेक्टर के निर्देश पर खाली कराया गया इलाका
हादसे की गंभीरता को देखते हुए भोपाल तक हडक़ंप मच गया और जिला प्रशासन तुरंत हाई अलर्ट मोड पर आ गया। कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल के कड़े निर्देशों के बाद एसडीएम, भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों की टीम ने मोर्चा संभाला। टैंकर फटने की आशंका के चलते प्रशासन ने त्वरित और बड़ा फैसला लेते हुए पंचवटी होटल के आसपास के पूरे इलाके को खाली करा दिया। कड़े सुरक्षा घेरे के बीच एनएच-46 पर घटनास्थल के दोनों ओर कई किलोमीटर पहले ही वाहनों की आवाजाही को पूरी तरह रोक दिया गया। इस आपातकालीन ब्लॉक के कारण हाईवे पर गाडिय़ों के पहिए पूरी तरह थम गए और देखते ही देखते वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लग गईं, जिससे भीषण जाम की स्थिति निर्मित हो गई।
प्रशासन की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा
अधिकारियों ने मौके पर डटकर राहत और बचाव कार्यों की खुद कमान संभाली और आम जनता को घटनास्थल से कोसों दूर रखा। कई घंटों की कड़ी मशक्कत और फायर ब्रिगेड की सूझबूझ से टैंकर को लगातार कूलिंग दी गई, जिसके चलते एक बहुत बड़ा और भयानक हादसा होने से टल गया। जब फायर टीम ने आग पर पूरी तरह काबू पा लिया और तकनीकी रूप से टैंकर का खतरा पूरी तरह समाप्त हो गया, तब जाकर प्रशासन और स्थानीय निवासियों ने राहत की सांस ली। फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और शाम को सुरक्षा मापदंडों को जांचने के बाद हाईवे पर लगे लंबे जाम को खुलवाकर यातायात को दोबारा सुचारु रूप से बहाल कर दिया गया है।
गुना एसपी ने दी जानकारी
गुना एसपी हितिका वासल ने कहा कि कलेक्टर ने पुलिस को इसकी सूचना दी थी, तुरंत दोनों का एक-एक किमी का यातायात रोक दिया गया था। ताकि कोई जनहानि न हो। हमारे पुलिस टीम मौके पर है और मॉनिटरिंग कर रहे हैं।जबकि एसडीओपी राघौगढ़ दीपा डोडवे ने कहा कि एबी रोड पर गादेर घाटी के पास एलपीजी का टेंकर था, जो गुजरात से आ रहा था। ड्रायवर ने बताया कि बैट्री में अचानक से शॉर्ट सर्किट लगने से आग लग गई। पहले अंदर लगी फिर टायर में आग लग गई, जिसे टेंकर को अपनी चपेट में ले लिया। तत्काल हमने गेल सहित अन्य जगहों से फायर बिग्रेड बुलवाकर आग पर काबू पाया गया। चूंकि इसमें एनपीजी भरी थी इसलिए थोड़ी गंभीर स्थिति थी लेकिन स्थिति नियंत्रण में है, दोनेां ओर से यातायात भी रोका गया था। घटना शाम 5 बजे के करीब की है। आग पर काबू पा लिया गया, अब कूलिंग का काम चल रहा है।- दीपा, डोडवे, एसडीओपी राघौगढ़











