PlayBreaking News

मलेरिया और डेंगू की रोकथाम के लिए ड्रोन करेगा मदद, भोपाल और ग्वालियर में शुरू होगा हाई-टेक सर्वे

Follow on Google News
मलेरिया और डेंगू की रोकथाम के लिए ड्रोन करेगा मदद, भोपाल और ग्वालियर में शुरू होगा हाई-टेक सर्वे
भोपाल। मानसून की दस्तक के साथ ही मच्छरजनित बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया जैसी बीमारियों की रोकथाम के लिए मध्यप्रदेश का स्वास्थ्य विभाग अब टेक्नोलॉजी का सहारा ले रहा है। इंदौर में ड्रोन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के सफल ट्रायल के बाद अब यह हाई-टेक मॉडल भोपाल और ग्वालियर में लागू किया जा रहा है। इस प्रोजेक्ट का उद्देश्य है कि उन इलाकों में भी मच्छरों की ब्रीडिंग रोकना, जहां स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी नहीं पहुंच पाते, जैसे ऊंची इमारतों की छतें, खाली प्लॉट या पानी भरे गड्ढे। इसके लिए AI और GPS आधारित इंटीग्रेटेड ड्रोन सर्विस का इस्तेमाल किया जा रहा है।

इंदौर में सफल रहा पायलट प्रोजेक्ट

इंदौर में सबसे पहले इस योजना का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया गया था। यहां पिछले चार सालों के डेंगू आंकड़ों के आधार पर 10 हाई-रिस्क इलाकों की पहचान की गई थी। ड्रोन से इन क्षेत्रों की मैपिंग, सर्वे और दवा छिड़काव किया गया। इसके सकारात्मक नतीजे सामने आए, जहां ड्रोन से छिड़काव और निगरानी हुई, वहां डेंगू के मामलों में 60% तक की गिरावट दर्ज की गई। पिछली बार इंदौर में डेंगू के 550 मामले दर्ज हुए थे, जबकि इससे पहले यह आंकड़ा 700 से ऊपर था।

पांच चरणों में होगा काम

पहले चरण में हाई-रिस्क एरिया की GPS आधारित डिजिटल मैपिंग की जाएगी। दुसरे चरण में ड्रोन से ब्रीडिंग साइट्स की हाई-रेजोल्यूशन तस्वीरें ली जाएंगी। तीसरे चरण में ये तस्वीरें मलेरिया विभाग और नगर निगम की ग्राउंड टीम को भेजी जाएंगी। इसके बाद चौथे चरण में  ग्राउंड टीम मौके पर जाकर लार्वा खत्म करेगी। और पांचवे चरण में अगर किसी वजह से ग्राउंड टीम लोकेशन पर नहीं पहुंच पाती है, तो ड्रोन से ही दवा का छिड़काव किया जाएगा। दवा डालने के बाद ब्रीडिंग साइट की दोबारा मैपिंग कर लार्वा खत्म होने की जानकारी भी दी जाएगी।

ऑर्गेनिक दवाओं का होगा ज्यादा उपयोग

इस बार स्वास्थ्य विभाग ने कीटनाशकों के दुष्प्रभाव को ध्यान में रखते हुए दवा नीति में बदलाव किया है। अब 75% तक ऑर्गेनिक दवाओं का उपयोग किया जाएगा, जबकि केवल 25% दवाएं केमिकल आधारित होंगी। इससे पर्यावरण और मानव स्वास्थ्य पर दवा के दुष्प्रभाव कम होंगे। ये भी पढ़ें- भोपाल में धर्मांतरण का गंदा खेल : लालच देकर मजदूर को फंसाने की कोशिश, आरोपी गिरफ्तार
Vaishnavi Mavar
By Vaishnavi Mavar
नई दिल्ली
--°
बारिश: -- mmह्यूमिडिटी: --%हवा: --
Source:AccuWeather
icon

Latest Posts