Delhi CJP Protest Live: अभिजीत दीपके-सौरव दास और आशुतोष रांका डिटेन, अरविंद केजरीवाल के घर भी पहुंची पुलिस

Live Updates
11:30 AM 10/10/26
अरविंद केजरीवाल के घर पहुंची दिल्ली पुलिस
दिल्ली पुलिस आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल के घर पहुंची। बताया जा रहा है कि केजरीवाल ने CJP के प्रदर्शन का समर्थन किया था। वहीं, सांसद मनीष सिसोदिया ने CJP के अधिकारियों को हिरासत में लिए जाने का विरोध किया। उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई शर्मनाक है और सरकार डर की वजह से ऐसा कर रही है।
11:15 AM 10/10/26
तीनों को गुप्त जगह पर ले जाने की खबर
दिल्ली पुलिस अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को लेकर एयरपोर्ट से निकल गई है। जानकारी के मुताबिक, पुलिस तीनों को किसी गुप्त जगह पर ले गई है। हालांकि, उन्हें कहां ले जाया गया है और इस कार्रवाई के पीछे क्या वजह है, इसे लेकर विस्तृत जानकारी का इंतजार है।
10:35 AM 10/10/26
BJP अध्यक्ष नितिन नवीन की प्रेस कॉन्फ्रेंस
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर रहे हैं। इस दौरान INDIA ब्लॉक और CJP से जुड़े मुद्दों पर उनकी प्रतिक्रिया पर नजर रहेगी। प्रेस कॉन्फ्रेंस में उठाए जाने वाले प्रमुख सवालों और बयानों को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चा बनी हुई है।
10:35 AM 10/10/26
केरल हाउस में पुलिस और मीडिया का जमावड़ा
दिल्ली में CJP के विरोध प्रदर्शन के बीच जंतर-मंतर के पास स्थित केरल हाउस में भारी पुलिस बल और मीडिया की मौजूदगी देखी जा रही है। इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी है। भीड़ के बीच कुछ प्रदर्शनकारी भी नजर आ रहे हैं। राजधानी में प्रदर्शन को लेकर हलचल बनी हुई है।
10:31 AM 10/10/26
अभिजीत दीपके को एयरपोर्ट पर रोक सकती है दिल्ली पुलिस?
प्रदर्शन से पहले अभिजीत दीपके को लेकर भी चर्चा तेज है। पुलिस सूत्रों के हवाले से आई जानकारी के मुताबिक, दिल्ली पुलिस उन्हें एयरपोर्ट पर रोकने का प्रयास कर सकती है। बताया गया है कि पुलिस पहले उन्हें समझाने की कोशिश करेगी। अगर वह नहीं मानते हैं, तो हिरासत में लेने की कार्रवाई की जा सकती है। हालांकि, यह अभी पुलिस सूत्रों के हवाले से सामने आई जानकारी है। अभिजीत दीपके को वास्तव में रोका गया है या हिरासत में लिया गया है, इसकी पुष्टि के लिए आधिकारिक बयान जरूरी है।
10:25 AM 10/10/26
दिल्ली में CJP प्रोटेस्ट को लेकर हाई अलर्ट, जंतर-मंतर के रास्ते सील
CJP के विरोध प्रदर्शन से पहले दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है। जंतर-मंतर समेत कर्तव्य पथ, संसद मार्ग और मंडी हाउस पर भारी पुलिस बल तैनात है। BNS की धारा 163 लागू की गई है। फिरोज शाह रोड पर RAF तैनात है। जगह-जगह बैरिकेडिंग कर निगरानी बढ़ाई गई है।
दिल्ली में SIR और मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं मिलने के बावजूद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेताओं ने विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है। इसके मद्देनजर दिल्ली पुलिस ने नई दिल्ली जिले में सुरक्षा बढ़ा दी है। प्रदर्शन को लेकर करीब 1000 लोगों को हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई है, हालांकि इस संख्या और हिरासत की परिस्थितियों की आधिकारिक पुष्टि जरूरी है। राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था ऐसी की गई है कि प्रदर्शनकारियों की आवाजाही पर नजर रखी जा सके और किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती के साथ निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरों और बॉडी-वॉर्न कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन को लेकर क्यों बढ़ा तनाव?
CJP ने SIR और CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है। जंतर-मंतर दिल्ली में राजनीतिक और सामाजिक आंदोलनों का प्रमुख केंद्र रहा है, लेकिन इस बार पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी है। अनुमति नहीं मिलने के बावजूद प्रदर्शन की घोषणा के कारण पुलिस अलर्ट पर है। अधिकारियों की प्राथमिकता कानून-व्यवस्था बनाए रखना और संवेदनशील इलाकों में भीड़ को नियंत्रित करना है। प्रदर्शन से जुड़े घटनाक्रम में इन मुद्दों पर नजर बनी हुई है-
- SIR को लेकर उठाई जा रही मांगें।
- मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग।
- जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं मिलने का मामला।
- प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेने और उनकी आवाजाही पर निगरानी की कार्रवाई।
दिल्ली में 26 हजार से ज्यादा पुलिस तैनाती
प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली में बड़े स्तर पर सुरक्षा इंतजाम किए जाने की जानकारी सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक, राजधानी में 26 हजार से ज्यादा पुलिस और अर्धसैनिक बलों के जवान तैनात किए गए हैं। नई दिल्ली जिले में 300 से अधिक CCTV कैमरों से निगरानी की व्यवस्था का भी दावा किया गया है। सुरक्षा व्यवस्था के तहत पुलिसकर्मी बॉडी-वॉर्न कैमरों से लैस हैं। इन कैमरों की मदद से मौके पर होने वाली गतिविधियों को रिकॉर्ड किया जा सकता है।
सुरक्षा के प्रमुख इंतजाम-
- नई दिल्ली जिले में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती।
- संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों से निगरानी।
- पुलिसकर्मियों के बॉडी-वॉर्न कैमरों का इस्तेमाल।
- प्रमुख रास्तों पर वाहनों और लोगों की जांच।
- लाउडस्पीकर के जरिए लोगों को पुलिस की हिदायतों की जानकारी।
- इन इंतजामों का उद्देश्य प्रदर्शन के दौरान किसी भी तरह की अव्यवस्था को रोकना और सार्वजनिक स्थानों पर सामान्य स्थिति बनाए रखना है।
जंतर-मंतर के आसपास इंटरनेट बंद, मेट्रो सेवाओं पर भी असर?
प्रदर्शन से पहले जंतर-मंतर के चार किलोमीटर के दायरे में इंटरनेट सेवाएं बंद किए जाने की जानकारी दी गई है। हालांकि, इस दावे की पुष्टि के लिए संबंधित प्रशासन या दूरसंचार विभाग का आधिकारिक आदेश देखना जरूरी है। इसके अलावा, 45 मेट्रो स्टेशनों पर प्रवेश और निकास बंद होने की बात भी सामने आई है। यात्रियों के लिए यह बड़ा सवाल है कि किन स्टेशनों पर और कितनी देर तक पाबंदियां लागू रहेंगी। अगर आप दिल्ली में यात्रा करने की योजना बना रहे हैं, तो इन बातों का ध्यान रखें-
- घर से निकलने से पहले दिल्ली मेट्रो की आधिकारिक एडवाइजरी जांचें।
- जंतर-मंतर और नई दिल्ली के आसपास अतिरिक्त समय लेकर चलें।
- पुलिस बैरिकेडिंग के कारण वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करना पड़ सकता है।
- इंटरनेट बंद होने की स्थिति में जरूरी पते और यात्रा संबंधी जानकारी पहले से सुरक्षित रखें।
लाउडस्पीकर से लोगों को दी जा रही चेतावनी
दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में लाउडस्पीकर के जरिए लोगों को बताया जा रहा है कि प्रस्तावित प्रदर्शन को अनुमति नहीं दी गई है। पुलिस की ओर से लोगों से भीड़ जुटाने, नारेबाजी और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने से बचने की अपील किए जाने की जानकारी सामने आई है। प्रशासन की कोशिश है कि प्रदर्शन के कारण आम लोगों की आवाजाही प्रभावित न हो और किसी भी तरह का टकराव न हो। ऐसी स्थिति में पुलिस की अपील और लागू प्रतिबंधों का पालन करना महत्वपूर्ण है।
आपराधिक रिकॉर्ड वाले लोगों पर भी पुलिस की नजर
CJP के प्रदर्शन से पहले दिल्ली पुलिस की कार्रवाई में आपराधिक रिकॉर्ड वाले कुछ लोगों को हिरासत में लिए जाने की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, ऐसे करीब 30 से 40 लोगों को पकड़ा गया है। कुछ अन्य लोगों के घरों के बाहर निगरानी रखे जाने की बात भी कही गई है। हालांकि, हिरासत में लिए गए लोगों की पहचान, कार्रवाई का कानूनी आधार और उनकी मौजूदा स्थिति को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आना जरूरी है। केवल आपराधिक रिकॉर्ड होने की सूचना के आधार पर किसी व्यक्ति को मौजूदा प्रदर्शन में शामिल होने या किसी अपराध का दोषी नहीं माना जा सकता।
दिल्ली में आगे क्या होगा?
CJP के प्रदर्शन, SIR को लेकर उठाई गई मांगों और CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग के बीच राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था अहम मुद्दा बन गई है। एक ओर पुलिस कानून-व्यवस्था बनाए रखने की तैयारी में जुटी है, वहीं दूसरी ओर प्रदर्शन की घोषणा के कारण राजनीतिक गतिविधियों पर सबकी नजर है।
आने वाले समय में तीन सवाल सबसे महत्वपूर्ण रहेंगे-
- क्या CJP के नेता तय कार्यक्रम के अनुसार प्रदर्शन कर पाएंगे?
- हिरासत में लिए गए लोगों की संख्या और उनकी स्थिति पर पुलिस क्या आधिकारिक जानकारी देती है?
- इंटरनेट और मेट्रो सेवाओं से जुड़ी पाबंदियां कितनी देर तक लागू रहेंगी?



















