नई दिल्ली। दिल्ली में लाल किले पास जिस i-20 कार में ब्लास्ट (Delhi Blast) हुआ, उसकी बिक्री बिना पेपर ट्रांसफर करे हुए एक नहीं कई बार हुई। पुलिसने कार बिक्री की पूरी चेन का पता लगाया है। रजिस्ट्रेशन के आधार जब कार के बारे में पता किया गया तो वह गुरुग्राम के शांतिनगर में रहने वाले गुरु उसकी बिक्री की चेन का पता लग गया है। गुरुग्राम के शांति नगर के रहने वाले मोहम्मद सलमान पुत्र शाहिद की i-20 कार का रजिस्ट्रेशन नंबर HR26CE7674 था। सलमान ने यह कार मार्च 2025 में स्पिनी कंपनी को बेच दी थी।
स्पिनी (Spinny) देश की एक पुरानी कार बिक्री कंपनी है। यह कंपनी 2015 में स्थापित की गई थी और पुरानी कारों को ऑनलाइन खरीदने और बेचने का काम करती है। स्पिनी अपनी हर कार का 200-बिंदु टेस्ट करती है। इसके बाद स्पेनी कंपनी से यह कार ओखला के रहने वाले देवेंद्र ने खरीदी थी। देवेंद्र भी एक सेकेंड हैंड कार डीलर है।
सेकेंड हैंड कार डीलर देवेंद्र ने i-20 कार फरीदाबाद के रहने वाले सोनू उर्फ सचिन को बेच दी थी। देवेंद्र ने जम्मू-कश्मीर के पुलवामा के रहने वाले तारिक को बेच दी थी। कार के कुछ दस्तावेज पूरे नहीं होने के कारण तारिक पुलवामा के ही रहने वाले अपने साथी डॉक्टर उमर को कार नहीं बेच पाया लेकिन, उसने कार उमर को दे दी थी।
पुलिस सूत्रों के अनुसार एक दिन पहले फरीदाबाद में उमर के साथियों के पकड़े जाने और उनसे विस्फोटक बरामद होने पर उमर को डर सताने लगा था कि कहीं वह भी पकड़ा न जाए। वह कार में विस्फोटक लेकर दिल्ली पहुंच गया और करीब तीन बने लाल किला के सुनहरी मस्जिद के पास पार्किंग में कार खड़ी कर दी। शाम छह बजे उसने कार निकाली और रिंग रोड होते हुए लाल किला की तरह से दरियागंज की ओर ड्राइव करने लगा था, तभी लाल किला के सामने पहुंचने पर उसकी कार में ब्लास्ट हुआ।