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वन विहार की गणना रिपोर्ट : चीतल के साथ मोरों की संख्या हुई दोगुनी, जानें अन्य वन्यप्राणियों के बारे में

वन विहार की गणना रिपोर्ट : चीतल के साथ मोरों की संख्या हुई दोगुनी, जानें अन्य वन्यप्राणियों के बारे में
भोपाल। राजधानी के वन विहार घूमने वाले सैलानियों के लिए अच्छी खबर है। उन्हें यहां अब बड़ी संख्या में मोर देखने को मिलेंगे। इसकी वजह यह है कि यहां मोरों की संख्या एक साल के भीतर दोगुनी से ज्यादा बढ़ गई है। पिछले साल फरवरी में 114 मोर थे, जो एक साल के भीतर बढ़कर 257 हो गए हैं। वन विहार में अब एवरेज हर 2 किमी में चीतल नजर आएंगे। ये भी पढ़ें: सिवनी में लोकायुक्त की कार्रवाई : पटवारी को 15 हजार की रिश्वत लेते पकड़ा, जमीन का बंटवारा करने के एवज में मांगी थी घूस

2021-22 की गणना रिपोर्ट

यह जानकारी वन विहार प्रबंधन द्वारा शुक्रवार को जारी 2021-22 की गणना रिपोर्ट में सामने आई है। रिपोर्ट के अनुसार वन विहार में सांभर, चीतल, हिरण और काला हिरण की संख्या घटी है। लंगूर और सियार बढ़े हैं। नेशनल पार्क में एक सफेद टाइगर भी है, जो टूरिस्टों की पहली पसंद है।

विचरण करने वाले वन्यप्राणी की संख्या

वन विहार के सहायक संचालक के अनुसार 24, 25 और 26 फरवरी को स्वतंत्र रूप से विचरण करने वाले शाकाहारी वन्य प्राणियों और बाड़ों में रखे गए बंधक वन्य प्राणियों की गणना की गई थी। इसमें कुछ की संख्या घटी है तो कुछ बढ़े भी हैं। हर साल फरवरी के आखिरी सप्ताह में यहां पर वन्य प्राणियों की गणाना की जाती है। पार्क के अंदर खुले में विचरण करने वाले वन्यप्राणी अब 1652 हो गए हैं जो 2021 में 1558 और 2020 में 1485 थे। ये भी पढ़ें: रतलाम में लोकायुक्त की कार्रवाई : सेंट्रल बैंक के मैनेजर को 10 हजार की रिश्वत लेते पकड़ा, किसान से KCC लोन के एवज में मांगे थे 15 हजार

इन वन्यप्राणियों की संख्या हुई कम

नीलगाय, काले हिरण, खरगोश, भालू की संख्या कम हुई है। पार्क प्रबंधन इन वन्यप्राणियों की संख्या कम होने के कारणों का अध्ययन कर रहा है। बारहसिंगा, मगरमच्छ और जंगली बिल्ली की संख्या जस की तस है।

इस प्रकार रही वन्यप्राणियों की संख्या

  • वन विहार में 3 साल के भीतर चीतल, जंगली सूअर, मोर, लंगूर, बारहसिंगा आदि की संख्या बढ़ी है। इस कारण पार्क से अन्य जिलों को जानवर दिए जा रहे हैं। 3 महीने में 38 चीतल गांधीसागर अभयारण्य व खिवनी अभयारण्य भेजे गए।
  • पिछले साल पार्क में बाघों की संख्या 14 थी। इसमें से एक की मौत हो चुकी है। एक भालू की भी मौत हुई है।
  • वहीं सांभर, नीलगाय, सियार, चिंकारा, जंगली बिल्ली, पेंगोलिन की संख्या स्थिर है।
  • कृष्ण मृग, चौसिंगा, सेही, खरहा, नेवला कम संख्या में दिखे हैं।
  • बारहसिंगा की संख्या बढ़ गई है। पिछले साल संख्या 10 थी, जो अब 11 हो गई है।
  • सांभर कम हुए हैं। पिछले साल यह 388 थे, जो इस बार 362 हो गए।
  • मोर की संख्या दोगुनी से ज्यादा है। इस बार 257 मोर नजर आए हैं, जबकि पिछले साल यह 114 थे।
  • लंगूर की संख्या भी बढ़ गई है। अभी 60 लंगूर वन विहार में घूम रहे हैं।
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Mithilesh Yadav
By Mithilesh Yadav

वर्तमान में पीपुल्स समाचार के डिजिटल विंग यानी 'पीपुल्स अपडेट' में बतौर सीनियर सब-एडिटर कार्यरत हूं।...Read More

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