भारतीय सिनेमा में सुष्मिता सेन एक ऐसा नाम है, जिसने अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और बेबाकी से हमेशा एक अलग पहचान बनाई है। पूर्व मिस यूनिवर्स और हिंदी फिल्मों की प्रतिष्ठित अभिनेत्री सुष्मिता सेन आज अपना 50वां जन्मदिन मना रही हैं। भारतीय सिनेमा में भी अपने अभिनय, व्यक्तित्व और फैसलों से अमिट छाप छोड़ी है। उनकी लाइफ प्रोफेशनल सफलता और पर्सनल फैसलों के साहसिक मेल का ऐसा उदाहरण है, जिसने उन्हें हमेशा सुर्खियों में बनाए रखा। 1975 में जन्मीं सुष्मिता सेन हैदराबाद में पली-बढ़ीं। एक बंगाली परिवार से ताल्लुक रखने वाली सुष्मिता के पिता भारतीय वायु सेना में विंग कमांडर थे और माता जूलरी डिजाइनर। जीवन के शुरुआती दौर में ही उन्होंने ग्लैमर की दुनिया में कदम रख दिया था। 1994 में फेमिना मिस इंडिया में हिस्सा लेने के बाद उन्होंने मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व किया और इतिहास रचते हुए मिस यूनिवर्स का ताज पहनने वाली पहली भारतीय महिला बनीं। इस जीत ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई और एक उज्ज्वल भविष्य की दिशा तय कर दी।
सुष्मिता सेन का जन्म 19 नवंबर 1975 को दिल्ली में एक बंगाली–बैद्या परिवार में हुआ। उनके पिता भारतीय वायु सेना में विंग कमांडर थे और माँ ज्वेलरी डिजाइनर थीं। बचपन से ही सुष्मिता में आत्म‑निर्भरता और अनुशासन की भावना थी, जो उनके परिवार और वायु सेना के वातावरण से आई। उन्होंने अपना स्कूल जीवन एयर फोर्स गोल्डन जयंती इंस्टिट्यूट, दिल्ली और बाद में सेंट ऐन हाई स्कूल, सिकंदराबाद में बिताया। बचपन में उन्हें पढ़ाई के साथ-साथ खेलों और सामाजिक गतिविधियों में भी रुचि थी। दिल्ली और सिकंदराबाद में बीते उनके दिन उनके जीवन की यादगार और प्रेरक यादें हैं।
सुष्मिता सेन की माँ का नाम फ्लोरेंस सेन है। सुष्मिता अक्सर अपनी माँ को अपनी सबसे बड़ी प्रेरणा बताती हैं। फ्लोरेंस सेन ने अपनी बेटी को हमेशा आत्मनिर्भर, आत्मविश्वासी और स्वतंत्र बनने की शिक्षा दी। सुष्मिता के अनुसार, उनकी माँ ने उन्हें कभी लड़कियों के लिए सीमाएँ तय नहीं होती यह महसूस कराया। जब सुष्मिता 18 साल की उम्र में मिस इंडिया प्रतियोगिता में भाग लेने गईं, तो उनकी माँ ने उन्हें पूरी संरक्षा और समर्थन दिया। फ्लोरेंस सेन की सलाह और मार्गदर्शन ने सुष्मिता को आत्मविश्वास दिया कि वे न सिर्फ प्रतियोगिता जीत सकती हैं बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का नाम रोशन कर सकती हैं। सुष्मिता की सफलता में उनकी माँ का बहुत बड़ा योगदान है। उनके प्रेरक शब्द और हमेशा साथ होने का भरोसा ही सुष्मिता को मिस यूनिवर्स तक पहुंचाने में मददगार साबित हुआ। सुष्मिता सेन ने 1994 में सुष्मिता ने ब्यूटी कॉन्टेस्ट में भाग लिया। इस कॉन्टेस्ट में ऐश्वर्या राय भी थीं, उनकी खूबसूरती, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व ने जजों को बहुत प्रभावित किया और यह जीत उन्हें भारत का प्रतिनिधित्व करने का मौका भी दिलाई। उसी साल सुष्मिता सेन ने मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता में हिस्सा लिया और अपनी तेजतर्रार प्रतिभा और आत्मविश्वास के दम पर यह अंतरराष्ट्रीय खिताब जीत लिया। इस जीत के साथ वह पहली भारतीय महिला बनीं जिन्होंने मिस यूनिवर्स का खिताब अपने नाम किया। उनके इस शानदार सफर ने भारत को गौरव दिलाया और दिखाया कि मेहनत, आत्मविश्वास और करिश्मा किसी भी सपने को सच कर सकता है। यह उपलब्धि उन्हें अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने के साथ-साथ मॉडलिंग और फिल्म इंडस्ट्री में अवसर भी लेकर आई।

सुष्मिता ने 1996 में महेश भट्ट की फिल्म 'दस्तक' से बॉलीवुड में कदम रखा। शुरुआत में उन्हें एक्टिंग का अनुभव नहीं था, और शूटिंग के दौरान उन्होंने कई बार रोते हुए शॉट लिया। महेश भट्ट ने सेट पर ही उनकी काबिलियत को निखारा। इसके बाद उन्होंने 'बीवी नंबर 1', 'आंखें', 'मैं हूं ना', 'मैंने प्यार क्यों किया' जैसी सुपरहिट फिल्मों में काम किया, जिससे वह 2000 के दशक की सबसे लोकप्रिय अभिनेत्रियों में शुमार हुईं।
सुष्मिता केवल ग्लैमरस किरदारों तक सीमित नहीं रहीं। उन्होंने 'चिंगारी' जैसी फिल्मों में चुनौतीपूर्ण रोल निभाए और अपने अभिनय की बहुमुखी प्रतिभा दिखाई। एक्टिंग से ब्रेक लेने के बाद उन्होंने OTT प्लेटफॉर्म पर वापसी की। 2020 में रिलीज हुई उनकी वेब सीरीज 'आर्या' ने उन्हें डिजिटल स्टार बना दिया। इसके तीसरे सीजन ने 2023 में भी दर्शकों का भरपूर ध्यान खींचा।
सुष्मिता ने 24 साल की उम्र में पहली बेटी रिनी को गोद लिया और 2010 में दूसरी बेटी अलीशा को। उन्होंने हमेशा अपनी बेटियों को प्राथमिकता दी। इस फैसले में उनके पिता ने कानूनी मदद की और उनका पूरा समर्थन किया। रिनी अब एक्टिंग में करियर बना रही हैं, जबकि अलीशा अभी पढ़ाई कर रही हैं। सुष्मिता अपनी बेटियों की मां के साथ-साथ बेस्ट फ्रेंड भी हैं।

फिल्मों से लंबे समय तक दूर रहने के बावजूद सुष्मिता की नेट वर्थ लगभग 100 करोड़ रुपये बताई जाती है। उन्होंने 2005 में 'तंत्र एंटरटेनमेंट' नाम की इवेंट मैनेजमेंट कंपनी खरीदी। इसके अलावा, दुबई में उनके ज्वेलरी स्टोर हैं, और ब्रांड एंडोर्समेंट्स से भी करोड़ों की कमाई होती है। एक विज्ञापन के लिए वह डेढ़ करोड़ रुपये तक लेती हैं।
सुष्मिता के पास कई लग्जरी कारें हैं, जिनमें BMW 7 Series 730LD, BMW X6, Audi Q7 और Lexus LX 470 शामिल हैं।
सुष्मिता की बॉलीवुड लाइफ में कई मजेदार और दिलचस्प किस्से हैं। उन्होंने शाहरुख खान के साथ 'मैं हूं ना' में काम किया, जबकि पहले उन्हें नहीं पता था कि लीड रोल में शाहरुख होंगे। उन्होंने 'फिजा' के गाने 'महबूब मेरे' पर लिप-सिंकिंग करने से इनकार किया और अनु मलिक को लाइन बदलनी पड़ी। 'बीवी नंबर 1' में गोविंदा ने सुष्मिता के कारण फिल्म ठुकराई।
सुष्मिता का नाम कई लोगों के साथ जुड़ा – विक्रम भट्ट, अनिल अंबानी, रणदीप हुड्डा, वसीम अकरम, रोहमन शॉल, और ललित मोदी तक। 2018 से 2021 तक उनका रिश्ता मॉडल रोहमन शॉल के साथ था। उन्होंने अपनी जिंदगी हमेशा अपने नियमों पर जी, और सोशल मीडिया पर अपने फैसलों के लिए बेबाकी से जवाब दिया।
प्सुष्मिता सेन केवल ग्लैमर और फिल्मों की हीरोइन नहीं हैं। मिस यूनिवर्स बनने से लेकर सिंगल मॉम बनने तक, उन्होंने बार-बार साबित किया कि वे अपनी शर्तों पर जिंदगी जीती हैं। उनका जीवन साहस, आत्मविश्वास और स्वतंत्र सोच का उदाहरण है।