Bhopal : सोमवार से चलेंगी भोपाल में ई-बसें, पांच दिन रूट ट्रायल के बाद के शुरू होगा कमर्शियल रन

भोपाल। सुरक्षित और आरामदायक शहरी परिवहन का हमारा सपना अब पूरा होने जा रहा है। लंबे इंतजार के बाद शहर में ई बसों की शुरूआत होने जा रही है। सोमवार से 25 ई बसें सड़कों पर दौड़ने लगेंगी। हालांकि पहले पांच दिन रूट ट्रायल किया जाएगा। इसके बाद कमर्शियल रन की शुरुआत होगी। शुक्रवार को महापौर मालती राय, एमआईसी सदस्य मनोज राठौर और नगर निगम के अधिकारियों ने संत हिरदाराम नगर (बैरागढ़) स्थित ई-चार्जिंग डिपो का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बसों का बाहरी और अंदरूनी निरीक्षण करने के साथ उनमें बैठकर सफर भी किया तथा उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। मनोज राठौर ने बताया कि बसों के कमर्शियल रन से पहले ट्रायल किया जाएगा।

रूट में आने वाली दिक्कतों को देखेंगे
उन्होंने बताया कि शुरूआती चरण में इन ई-बसों का संचालन शहर के दो प्रमुख रूटों पर किया जाएगा। ट्रायल के दौरान रूट पर आने वाली दिक्कतों जैसे स्टॉपेज, मोड़, भीड़ भाड़ के साथ अन्य पहलुओं की जांच की जाएगी। इसके पूरा होने के बाद ही इस सेवा की शुरूआत की जाएगी।
1.40 रुपए प्रति किमी हो सकता है किराया
फिलहाल बसों का किराए का निर्धारण नहीं हो सका है। हालांकि जानकारी कि मुताबिक इन बसों के लिए यात्रियों को 1.40 रुपए प्रतिकिमी से किराया लिया जाएगा। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने बताया कि सभी बसें 25 सीटर और पूरी तरह वातानुकूलित हैं। इनमें यात्रियों की सुविधा के लिए आॅटोमैटिक दरवाजे लगाए गए हैं।
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महापौर ने दिए निर्देश.. बेहतर हो संचालन
महापौर मालती राय ने चार्जिंग डिपो की व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए अधिकारियों से संचालन संबंधी तैयारियों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि ई-बसों का संचालन बेहतर ढंग से किया जाएगा, ताकि शहरवासियों को सुरक्षित, आरामदायक और पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन की सुविधा मिल सके। उन्होंने बसों और चार्जिंग डिपो के नियमित रखरखाव के भी निर्देश दिए।
दिव्यांगों के उतरने-चढ़ने की खास व्यवस्था
मालूम हो कि पीएम ई-बस सेवा के तहत प्राप्त 25 सीटर बसें पूर्णत: वातानूकुलित हैं। इसमें आॅटोमेटिक गेट के साथ ही दिव्यांगजन के लिए बस में चढ़ने और उतरने के लिए विशेष हाईड्रोलिक प्लेटफार्म की व्यवस्था की गई है। सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे भी लगाए हैं। प्रारंभिक चरण में इन बसों का संचालन दो रूटों पर किया जाएगा।
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यह है बसों की खासियत
- 25-सीटर एसी इलेक्ट्रिक लो-फ्लोर बस
- ऑटोमैटिक व्हीलचेयर लिफ्ट
- ऑटोमैटेड रैंप से सीधे बस में प्रवेश
- कुल 5 सीसीटीवी कैमरे (1 रियर 4 इनडोर)
- हर दो सीटों के बीच पैनिक बटन
- हर सीट पर मोबाइल और लैपटॉप चार्जिंग पोर्ट




















