Garima Vishwakarma
5 Jan 2026
Manisha Dhanwani
5 Jan 2026
Naresh Bhagoria
3 Jan 2026
वॉशिंगटन डीसी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला की अंतरिम राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज को लेकर सख्त रुख अपनाया है। ट्रंप ने चेतावनी देते हुए कहा कि, अगर डेल्सी रोड्रिग्ज वह नहीं करतीं जिसे अमेरिका वेनेजुएला के लिए सही मानता है, तो उनका अंजाम पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो से भी बदतर हो सकता है। ट्रंप ने यह बयान द अटलांटिक मैग्जीन को दिए इंटरव्यू में दिया है।
ट्रंप ने कहा कि, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने डेल्सी रोड्रिग्ज से बातचीत की है। उनके मुताबिक, रोड्रिग्ज वेनेजुएला के लोगों का जीवन स्तर सुधारने को लेकर अमेरिका की अपेक्षाओं पर काम करने को तैयार दिख रही हैं।
डेल्सी रोड्रिग्ज ने अमेरिका द्वारा निकोलस मादुरो को सत्ता से हटाने की आलोचना की है। साथ ही उन्होंने अमेरिका से मादुरो को वेनेजुएला वापस भेजने की मांग भी की है। वेनेजुएला की सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर डेल्सी रोड्रिग्ज ने अंतरिम राष्ट्रपति के रूप में कार्यभार संभाला है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें राष्ट्रपति के सभी अधिकारों के साथ तुरंत जिम्मेदारी संभालने को कहा है।
डेल्सी रोड्रिग्ज का जन्म 18 मई 1969 को वेनेजुएला की राजधानी काराकास में हुआ। पेशे से वह नेता और वकील हैं। उन्होंने 2014 से 2017 के बीच वेनेजुएला की पहली महिला विदेश मंत्री के रूप में देश का प्रतिनिधित्व किया। वर्ष 2017 में उन्हें कांस्टीट्यूएंट नेशनल असेंबली की अध्यक्ष बनाया गया। इसके बाद 2018 से वह वेनेजुएला की एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट के पद पर रहीं। डेल्सी रोड्रिग्ज को पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की करीबी और भरोसेमंद समर्थक माना जाता है। उनके भाई जॉर्ज रोड्रिग्ज देश की नेशनल असेंबली के अध्यक्ष हैं, जिससे उनका राजनीतिक प्रभाव और मजबूत होता है।
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रविवार रात एयरफोर्स वन में पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि फिलहाल वेनेजुएला की कमान अमेरिका के हाथ में है। उन्होंने बताया कि, अमेरिका वेनेजुएला की नई लीडरशिप यानी कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज से सीधे संपर्क में है। ट्रंप ने यह भी कहा कि, उन्होंने खुद अभी रोड्रिग्ज से बात नहीं की है, लेकिन उनके सहयोगी लगातार संपर्क में हैं।
ट्रंप ने साफ शब्दों में कहा कि अमेरिका को वेनेजुएला के तेल और अन्य संसाधनों तक पूरी पहुंच चाहिए। उनका कहना था कि, वेनेजुएला एक “मरा हुआ देश” बन चुका है और उसे दोबारा खड़ा करने के लिए अमेरिका को वहां खुली पहुंच जरूरी है।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने साफ किया कि, वेनेजुएला पर अमेरिका का कोई कब्जा नहीं है। मीडिया को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि, ट्रंप के पास सभी विकल्प खुले रहते हैं, लेकिन फिलहाल जमीन पर अमेरिकी कब्जे जैसी कोई स्थिति नहीं है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला के लिए एक विशेष टीम गठित करने का ऐलान किया है। इस टीम में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो, रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ समेत अन्य शीर्ष अधिकारी शामिल होंगे। ट्रंप के मुताबिक, इस टीम की जिम्मेदारी वेनेजुएला में कानून-व्यवस्था बहाल करने, सरकारी संस्थानों को दोबारा कार्यशील बनाने, तेल, ऊर्जा और सुरक्षा जैसे अहम सेक्टर को स्थिर करने के साथ-साथ देश के ट्रांजिशन पीरियड को प्रभावी तरीके से संभालने की होगी।
अमेरिकी सेना ने 2 जनवरी की रात वेनेजुएला पर हमला कर राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सीलिया फ्लोरेस को हिरासत में लिया। दोनों को न्यूयॉर्क लाकर डिटेंशन सेंटर में रखा गया है, जहां उन पर हथियार और ड्रग तस्करी से जुड़े मामलों में मुकदमा चलेगा।
2013: ह्यूगो चावेज के बाद राष्ट्रपति बने।
2020: अमेरिका ने ड्रग्स, आतंकवाद और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए।
2024: राष्ट्रपति चुनाव जीता, विपक्ष ने धांधली का आरोप लगाया।
2025: इनाम बढ़ाकर 5 करोड़ डॉलर किया गया।
जनवरी 2026: अमेरिकी हमले में गिरफ्तार।
निकोलस मादुरो का राजनीतिक सफर एक बस ड्राइवर से राष्ट्रपति बनने तक का रहा है। उनका जन्म 23 नवंबर 1962 को वेनेजुएला की राजधानी काराकास में हुआ। शुरुआती दौर में उन्होंने बस ड्राइवर के रूप में काम किया और बाद में मजदूर यूनियन नेता के रूप में पहचान बनाई। राजनीति में सक्रिय होने के बाद उन्हें 2012 में उपराष्ट्रपति बनाया गया। इसके अगले ही वर्ष 2013 में उन्होंने पहली बार वेनेजुएला के राष्ट्रपति पद की शपथ ली। इसके बाद 2019 में वह दूसरी बार राष्ट्रपति बने और 2025 में तीसरी बार राष्ट्रपति पद की शपथ लेकर सत्ता में लौटे।