वॉशिंगटन डीसी। न्यूयॉर्क सिटी के मेयर जोहरान ममदानी ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी को लेकर कड़ा विरोध जताया है। ममदानी ने इस कार्रवाई को सीधे तौर पर “एक्ट ऑफ वॉर” बताया और कहा कि यह न सिर्फ अंतरराष्ट्रीय कानून बल्कि अमेरिका के अपने कानूनों के भी खिलाफ है। उनके बयान ने एक बार फिर अमेरीकी राजनीति में हलचल मचा दी है।
दूसरी ओर इस मामले में डेमोक्रेटिक पार्टी के भारतीय मूल के सांसद रो खन्ना ने भी ट्रंप प्रशासन की सैन्य कार्रवाई की निंदा की हैं। रो खन्ना ने कहा कि अगर इसी तर्ज पर रूस के राष्ट्रपति पुतिन यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की को गिरफ्तार कर लें, तो दुनिया का क्या हाल होगा। उनके मुताबिक, इस तरह की कार्रवाई भविष्य के लिए बेहद खतरनाक मिसाल बन सकती है।
बताया जा रहा है कि 2 जनवरी की रात अमेरिकी सैनिकों ने वेनेजुएला में सैन्य ऑपरेशन चलाया और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के साथ उनकी पत्नी सीलिया फ्लोरेस को हिरासत में ले लिया। इसके बाद दोनों को न्यूयॉर्क लाया गया, जहां उन्हें एक डिटेंशन सेंटर में रखा गया है। अमेरिकी एजेंसियां मादुरो दंपती पर हथियारों और ड्रग्स से जुड़े मामलों में मुकदमा चलाने की तैयारी कर रही हैं।
इधर, वेनेजुएला में सत्ता का संतुलन बनाए रखने के लिए उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज को अंतरिम राष्ट्रपति बनाया गया है। वेनेजुएला के सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें देश की जिम्मेदारी संभालने का आदेश दिया है।
इलॉन मस्क की सैटेलाइट इंटरनेट सर्विस स्टारलिंक ने वेनेजुएला के लोगों को बड़ी राहत देने का ऐलान किया है। कंपनी ने कहा है कि 3 फरवरी तक देश में मुफ्त ब्रॉडबैंड इंटरनेट सेवा दी जाएगी। स्टारलिंक सैटेलाइट के जरिए मोबाइल और ब्रॉडबैंड इंटरनेट उपलब्ध कराती है।
इस बीच इंटरनेट मॉनिटरिंग एजेंसी नेटब्लॉक्स ने जानकारी दी है कि शनिवार को वेनेजुएला की राजधानी कराकास के कुछ इलाकों में अचानक इंटरनेट बंद हो गया। नेटब्लॉक्स के मुताबिक, यह दिक्कत अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के दौरान हुई बिजली कटौती की वजह से हो सकती है।
स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स में भी बताया गया है कि राजधानी के कई हिस्सों में इंटरनेट सेवा पूरी तरह से ठप पड़ी है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।