आंधी-बारिश का कहर : गोहद विधानसभा क्षेत्र के तीप गांवों में मकान ढहे, दो की मौत

गोहद (भिंड)। गुरुवार-शुक्रवार रात आई आंधी और बारिश ने गोहद विधानसभा क्षेत्र में भारी तबाही मचा दी। सर्वा, चितोरा एवं अतरसौंहा गांव में मकान और छतें गिरने से दो लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल हो गए। गंभीर घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद ग्वालियर रेफर किया गया। साथ ही आंधी और हल्की बारिश के बाद गोहद एवं मौ नगर की बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई, जिससे लोग पूरी रात अंधेरे में रहने को मजबूर हुए।
पिता की मौत, चार बच्चे घायल
ग्राम सर्वा में देर रात आंधी और बारिश के चलते एक मकान की दीवार एवं छत भरभराकर गिर गई। इस हादसे में जितेन्द्र सिंह उर्फ डब्बू पुत्र दुर्ग सिंह तोमर एवं उनके चार बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी को तत्काल ग्वालियर रेफर किया गया, लेकिन रास्ते में जितेन्द्र सिंह उर्फ डब्बू की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि मृतक पूर्व मंडी अध्यक्ष दुर्ग सिंह तोमर का इकलौता पुत्र था। पुलिस ने मर्ग कायम कर पीएम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
महिला गंभीर रूप से घायल

ग्राम चितोरा में तेज बारिश और तूफान के कारण एक कच्चे मकान की छत पर रखे सीमेंट के चद्दर टूटकर गिर गए। इससे लक्ष्मी बाई पत्नी मुन्नालाल 50 वर्ष गंभीर रूप से घायल हो गईं। परिजनों ने उन्हें गोहद अस्पताल पहुंचाया, वहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें हालत गंभीर में ग्वालियर रेफर किया गया।
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छत गिरने से एक की मौत, दो घायल
उधर मौ तहसील के देहगांव सर्किल अंतर्गत ग्राम अतरसौंहा में भी आंधी और बारिश के कारण जगमोहन सिंह गुर्जर के मकान की छत अचानक गिर गई, जिससे घर में मौजूद लोग मलबे में दब गए। इस हादसे में शिवकुमार गुर्जर 45 वर्ष की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि रामवीर सिंह गुर्जर 48 वर्ष एवं अमर सिंह गुर्जर 70 वर्ष गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को भी ग्वालियर रेफर किया गया है। सूचना मिलने पर मौ पुलिस मौके पर पहुंची और शव पीएम के लिए भिजवाया।
बिजली गुल, रातभर परेशान रहे लोग
गोहद में गुरुवार रात करीब 9 बजे हुई हल्की बारिश और मामूली आंधी के बाद विद्युत व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। इससे शहर की बिजली सप्लाई बंद हो गई, जिससे पूरा नगर अंधेरे में डूब गया। रात्रि करीब 1.30 बजे कुछ क्षेत्रों में विद्युत सप्लाई बहाल हो सकी, लेकिन कई इलाकों में रातभर बिजली गुल रही। शुक्रवार को भी दिनभर बिजली की आंख-मिचौली जारी रही। लोगों ने आरोप लगाया कि बिजली बंद होने के बाद विद्युत विभाग के अधिकारियों के फोन लगातार बजते रहे। उपभोक्ताओं ने सप्लाई शुरू होने की जानकारी लेने के लिए संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन लोगों का आरोप है कि अधिकारियों ने फोन रिसीव नहीं किए, न ही कोई संतोषजनक जवाब दिया गया। इससे आम नागरिकों में नाराजगी और बढ़ गई।
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