PlayBreaking News

Share Market : सेंसेक्स में 454.02 अंक की गिरावट, निफ्टी भी 25,550 के नीचे

बिकवाली के दबाव की वजह से सेंसेक्स गिरावट में है वहीं निफ्टी भी 25,550 के स्तर से नीचे चला गया है। क्या हैं इस गिरावट के कारण और निवेशकों पर इसका क्या असर होगा, जानने के लिए पढ़ें पूरी खबर।
Follow on Google News
सेंसेक्स में 454.02 अंक की गिरावट, निफ्टी भी 25,550 के नीचे

मुंबई। भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत सप्ताह के पहले दिन आज कमजोरी के साथ हुई है। निवेशकों के बीच फिलहाल सतर्कता और अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है। डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने ग्रीनलैंड से जुड़े मामले में कई प्रमुख यूरोपीय देशों पर नए शुल्क लगाने की घोषणा की है, जिससे वैश्विक स्तर पर व्यापार युद्ध की आशंकाएं दोबारा तेज हो गईं हैं। इसका सीधा असर निवेशकों की धारणा पर पड़ा है और भारत समेत प्रायः सभी एशियाई बाजारों में बिकवाली का दबाव बढ़ गया है। सुबह के कारोबार में 9:39 बजे के आसपास बीएसई सेंसेक्स करीब 454 अंकों की गिरावट के साथ 83,116 के स्तर पर आ गया है, जबकि एनएसई निफ्टी भी 140 अंकों से ज्यादा टूटकर 25,550 के नीचे फिसल गया। आज सुबह 9.15 बजे से ही बिकवाली का दबाव देखने को मिला, जिससे यह स्पष्ट होता है कि निवेशक जोखिम लेने से बच रहे हैं और मुनाफावसूली को प्राथमिकता दे रहे हैं। इस गिरावट की वजह से बीएसई पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैाप घटकर 466.15 लाख करोड़ रुपए या 5.14 ट्रिलियन डॉलर के स्तर पर आ गया है।

Uploaded media 

बैंकिंग, आईटी और चुनिंदा बड़े शेयरों में बिकवाली

सेंसेक्स की शुरुआती कमजोरी बैंकिंग, आईटी और चुनिंदा बड़े शेयरों में बिकवाली के दबाव से आई। रिलायंस इंडस्ट्रीज, आईसीआईसीआई बैंक और विप्रो जैसे दिग्गज शेयरों में गिरावट ने बाजार को नीचे खींचा। खासतौर पर विप्रो में तेज गिरावट यह दर्शाती है कि आईटी सेक्टर में फिलहाल दबाव बना हुआ है। वहीं दूसरी ओर इंडिगो और टेक महिंद्रा जैसे कुछ शेयरों में हल्की मजबूती देखने को मिली, जिससे यह संकेत मिलता है कि बाजार में पूरी तरह नकारात्मक माहौल नहीं है, बल्कि सेक्टर आधारित उतार-चढ़ाव जारी है। आज के कारोबार में गिरावट की एक अहम तस्वीर बाजार के आंकड़ों से भी सामने आती है। कुल कारोबार करने वाले शेयरों में से गिरावट वाले शेयरों की संख्या बढ़त वाले शेयरों से कहीं ज्यादा रही।

Uploaded media

दबाव के बावजूद कुछ शेयरों में अच्छी खरीदारी

यह दिखाता है कि बाजार की विड्थ कमजोर है और बिकवाली का दायरा सीमित शेयरों तक नहीं, बल्कि व्यापक रूप से फैला हुआ है। बड़ी संख्या में शेयरों का 52 सप्ताह के निचले स्तर के करीब होना भी निवेशकों की चिंता को दिखाता है। हालांकि गिरावट के बावजूद कुछ शेयरों में अच्छी तेजी भी देखने को मिली। जिंदल सॉ, नेटवेब और सीजी पावर जैसे शेयरों में मजबूत खरीदारी यह बताती है कि निवेशक चुनिंदा कंपनियों में अभी भी अवसर तलाश रहे हैं। इसका मतलब यह है कि बाजार में डर के साथ-साथ चयनात्मक निवेश की रणनीति अपनाई जा रही है। कुल मिलाकर, आज की गिरावट यह संकेत देती है कि बाजार फिलहाल दबाव में है और निवेशक वैश्विक संकेतों, घरेलू आर्थिक कारकों और कॉरपोरेट नतीजों को लेकर सतर्क हैं। ऐसे माहौल में जल्दबाजी के बजाय सोच-समझकर निवेश करना और लंबी अवधि के नजरिये से फैसले लेना ज्यादा समझदारी भरा कदम माना जा सकता है।

अधिकांश एशियाई शेयर बाजारों में भी गिरावट

Uploaded media

सोमवार को अधिकतर एशियाई शेयर बाजारों में गिरावट देखने को मिली, जिसका मुख्य कारण अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा व्यापार शुल्क (टैरिफ) को लेकर फिर से सख्त रुख अपनाना रहा। ट्रंप प्रशासन ने ग्रीनलैंड से जुड़े मामले में कई प्रमुख यूरोपीय देशों पर नए शुल्क लगाने की घोषणा की, जिससे वैश्विक स्तर पर व्यापार युद्ध की आशंकाएं दोबारा तेज हो गईं। इसका सीधा असर निवेशकों की धारणा पर पड़ा और एशियाई बाजारों में बिकवाली का दबाव बढ़ गया। हालांकि चीन के शेयरों में नुकसान सीमित रहा। इसका कारण यह रहा कि चौथी तिमाही के सकल घरेलू उत्पाद (GDP) के आंकड़े उम्मीद से बेहतर आए और चीन ने वर्ष 2025 के लिए 5% की वार्षिक विकास दर का लक्ष्य हासिल कर लिया है।

चीनी अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती

वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद चीनी अर्थव्यवस्था में मजबूती बनी हुई है। दूसरी ओर, दक्षिण कोरिया का शेयर बाजार अपने एशियाई साथियों से बेहतर प्रदर्शन करता दिखा। अमेरिकी चिप निर्माता माइक्रोन टेक्नोलॉजी द्वारा ताइवान की पावरचिप सेमीकंडक्टर से 1.8 अरब डॉलर में एक प्लांट खरीदने की घोषणा के बाद वहां के चिप शेयरों में तेज तेजी आई। जापान, हांगकांग, ऑस्ट्रेलिया और सिंगापुर जैसे बाजारों में गिरावट देखने को मिली, जबकि अमेरिकी बाजार छुट्टी के कारण बंद रहे। कुल मिलाकर, ट्रंप के टैरिफ फैसले ने वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बढ़ाई है, जिससे एशियाई निवेशक फिलहाल सतर्क रुख अपनाते नजर आ रहे हैं।

Aniruddh Singh
By Aniruddh Singh

अनिरुद्ध प्रताप सिंह। नवंबर 2024 से पीपुल्स समाचार में मुख्य उप संपादक के रूप में कार्यरत। दैनिक जाग...Read More

नई दिल्ली
--°
बारिश: -- mmह्यूमिडिटी: --%हवा: --
Source:AccuWeather
icon

Latest Posts