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शेख हसीना की बेटी का बड़ा फैसला, साइमा वाजेद ने WHO पद से दिया अचानक इस्तीफा… आखिर क्यों?

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की बेटी साइमा वाजेद ने WHO के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र की क्षेत्रीय निदेशक के पद से इस्तीफा दे दिया है। उनका इस्तीफा ऐसे समय आया है, जब उनके खिलाफ वित्तीय अनियमितताओं समेत कई आरोपों की जांच चल रही थी।
शेख हसीना की बेटी का बड़ा फैसला, साइमा वाजेद ने WHO पद से दिया अचानक इस्तीफा… आखिर क्यों?
WHO के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र की क्षेत्रीय निदेशक साइमा वाजेद ने अपने पद से इस्तीफा दिया

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की बेटी साइमा वाजेद ने विश्व स्वास्थ्य संगठन यानी WHO के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र की क्षेत्रीय निदेशक की जिम्मेदारी से इस्तीफा दे दिया है। उनका इस्तीफा ऐसे समय आया है, जब उनके खिलाफ वित्तीय अनियमितताओं समेत कई आरोपों की जांच चल रही थी। साइमा वाजेद ने अपने ऊपर लगे आरोपों को लगातार खारिज किया है। उनका कहना है कि जिन मामलों को लेकर सवाल उठाए गए, उनमें उनकी ओर से जानबूझकर कोई गलत काम नहीं किया गया। इस्तीफे के पीछे उन्होंने लंबे समय से चली आ रही परिस्थितियों और अपनी जिम्मेदारियां प्रभावी तरीके से नहीं निभा पाने को वजह बताया है।

फरवरी 2024 में संभाला था पद

साइमा वाजेद ने 1 फरवरी 2024 को WHO के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र की क्षेत्रीय निदेशक का पद संभाला था। उनका कार्यकाल पांच साल के लिए तय किया गया था। इस हिसाब से उन्हें जनवरी 2029 तक इस पद पर रहना था। इस पद पर रहते हुए उनकी जिम्मेदारी दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र के देशों में स्वास्थ्य से जुड़े WHO के काम का नेतृत्व करना था। यह क्षेत्र दुनिया की बड़ी आबादी से जुड़ा है और यहां स्वास्थ्य नीतियों, बीमारियों की रोकथाम और सार्वजनिक स्वास्थ्य से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर काम किया जाता है। लेकिन पद संभालने के करीब डेढ़ साल बाद ही उनके खिलाफ जांच और आरोपों का मामला सामने आने लगा।

जुलाई 2025 से प्रशासनिक अवकाश पर थीं

रिपोर्ट के मुताबिक, जुलाई 2025 में साइमा वाजेद को प्रशासनिक अवकाश पर भेज दिया गया था। यह कदम उनके खिलाफ बांग्लादेश की भ्रष्टाचार निरोधक संस्था की ओर से लगाए गए आरोपों के बाद उठाया गया। इसके बाद वह लंबे समय तक अपने पद की नियमित जिम्मेदारियां नहीं निभा पाईं। बताया गया कि वह करीब एक साल से बिना वेतन प्रशासनिक अवकाश पर थीं। उनके खिलाफ अलग-अलग मामलों में सवाल उठाए गए। इनमें चीन की यात्रा से जुड़े खर्च में कथित गड़बड़ी, शैक्षणिक योग्यता को लेकर गलत जानकारी देने और बांग्लादेश में जमीन के एक प्लॉट से जुड़ी कथित अनियमितता जैसे आरोप शामिल थे।

चीन की यात्रा के खर्च पर उठा सवाल

साइमा वाजेद के खिलाफ जांच में चीन की यात्रा से जुड़े खर्च का मामला भी सामने आया। रिपोर्ट के अनुसार, करीब 901 डॉलर के यात्रा खर्च को लेकर सवाल उठाए गए थे। हालांकि, वाजेद के वकीलों ने किसी तरह की जानबूझकर की गई वित्तीय धोखाधड़ी से इनकार किया। उनका कहना था कि यह मामला उनके एक कर्मचारी की प्रशासनिक गलती से जुड़ा था। यानी वाजेद की तरफ से यह दावा किया गया कि यात्रा खर्च से जुड़ी गड़बड़ी किसी व्यक्तिगत वित्तीय लाभ के लिए नहीं की गई थी, बल्कि यह प्रशासनिक स्तर पर हुई चूक थी।

शैक्षणिक योग्यता को लेकर भी विवाद

साइमा वाजेद की शैक्षणिक योग्यता को लेकर भी सवाल उठाए गए थे। आरोप था कि उन्होंने अपनी योग्यता के बारे में गलत जानकारी दी। वाजेद ने इन आरोपों को भी खारिज किया। उन्होंने कहा कि ऑटिज्म के क्षेत्र में उनके काम के लिए उन्हें मानद डॉक्टरेट की उपाधि मिली है। उनका कहना था कि उन्होंने WHO के नेतृत्व को इस बारे में जानकारी दी थी। इस मामले को लेकर भी जांच की गई और उनकी नियुक्ति से जुड़े सवालों पर चर्चा हुई।

जमीन के प्लॉट को लेकर क्या है मामला?

बांग्लादेश में जमीन के एक प्लॉट को लेकर भी साइमा वाजेद पर आरोप लगाए गए। रिपोर्ट के मुताबिक, इस जमीन को लेकर उनकी पात्रता और इसे हासिल करने की प्रक्रिया पर सवाल उठाए गए थे। वाजेद का कहना है कि उन्होंने यह जमीन WHO में क्षेत्रीय निदेशक का पद संभालने से पहले हासिल की थी। उनका दावा है कि बांग्लादेश के एक विशेष कानून के तहत वह इस जमीन को हासिल करने की पात्र थीं। इस मामले में भी उन्होंने किसी गलत काम से इनकार किया है।

इस्तीफे में WHO नेतृत्व पर उठाए सवाल

साइमा वाजेद ने इस्तीफा देते हुए WHO के नेतृत्व को लेकर भी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों के कारण उनका संगठन के नेतृत्व पर भरोसा कम हुआ है। उन्होंने यह भी बताया कि लंबे समय तक बिना वेतन प्रशासनिक अवकाश पर रहने के कारण उनकी आर्थिक स्थिति पर असर पड़ा। उनका कहना था कि उन्हें दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र के देशों की सेवा करने के लिए चुना गया था, लेकिन मौजूदा हालात में वह अपनी जिम्मेदारियों को उस तरह नहीं निभा पा रही थीं, जैसा वह चाहती थीं। इसी वजह से उन्होंने अपने पद से हटने का फैसला किया।

अब WHO में नए निदेशक का चुनाव होगा

साइमा वाजेद के इस्तीफे के बाद अब WHO के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र के लिए नए क्षेत्रीय निदेशक के चुनाव की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। रिपोर्ट के मुताबिक, नए उम्मीदवारों के लिए नामांकन अक्टूबर में शुरू होने और जनवरी में चुनाव होने की योजना है। इस पद की जिम्मेदारी दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र के 11 सदस्य देशों से जुड़े स्वास्थ्य कार्यक्रमों और नीतियों के नेतृत्व की होती है।
साइमा वाजेद ने 2024 में पांच साल के कार्यकाल के लिए यह जिम्मेदारी संभाली थी, लेकिन जांच और लंबे प्रशासनिक अवकाश के बीच अब उन्होंने समय से पहले पद छोड़ दिया है। उनके खिलाफ लगे आरोपों पर वह लगातार सफाई देती रही हैं और सभी आरोपों से इनकार करती रही हैं।

Garima Vishwakarma
By Garima Vishwakarma

गरिमा विश्वकर्मा | People’s Institute of Media Studies से B.Sc. Electronic Media की डिग्री | पत्रकार...Read More

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