Ukraine Drone Attack:रूस पर यूक्रेन का बड़ा ड्रोन हमला, भारतीय समेत 4 की मौत

रूस में भारतीय दूतावास ने हमले में भारतीय नागरिक की मौत की पुष्टि की है। तीन भारतीय नागरिक घायल हुए हैं, जिनका इलाज अस्पताल में जारी है। मॉस्को और बेलगोरोद समेत कई इलाकों में भारी नुकसान की खबर है। यूक्रेन ने इस हमले को सैन्य और ईंधन ठिकानों पर टारगेटेड स्ट्राइक बताया है।
मॉस्को और सीमा क्षेत्रों में भारी नुकसान
रिपोर्ट्स के मुताबिक इस बड़े ड्रोन हमले में मॉस्को सबसे ज्यादा प्रभावित रहा। राजधानी में तीन लोगों की मौत हुई है, जबकि यूक्रेन सीमा से लगे बेलगोरोद क्षेत्र में एक व्यक्ति की जान गई। मॉस्को में 12 लोग घायल हुए हैं, जिनमें तेल रिफाइनरी में काम करने वाले कर्मचारी भी शामिल हैं। हमले के दौरान कई जगह धमाकों की आवाजें सुनी गईं और मलबा गिरने की घटनाएं सामने आईं। शहर में रातभर एयर रेड सायरन बजते रहे, जिससे लोगों में दहशत का माहौल है।
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भारतीय नागरिक की मौत, दूतावास ने की पुष्टि
रूस में भारतीय दूतावास ने हमले में एक भारतीय नागरिक की मौत की आधिकारिक पुष्टि की है। इसके अलावा तीन भारतीय नागरिक घायल हुए हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दूतावास के अधिकारियों ने अस्पताल पहुंचकर घायलों से मुलाकात की और स्थिति का जायजा लिया। हालांकि अभी तक मृतक और घायलों की पहचान सार्वजनिक नहीं की गई है।
सैन्य और ईंधन ठिकानों पर निशाना
यूक्रेन की ओर से दावा किया गया है कि इस हमले में रूस के अहम सैन्य और ईंधन ठिकानों को निशाना बनाया गया। रिपोर्ट्स के अनुसार एंगस्ट्रेम प्लांट, जो रूसी सेना के लिए सेमीकंडक्टर बनाता है, को टारगेट किया गया। इसके अलावा मॉस्को ऑयल रिफाइनरी, सोलनेचनोगोर्स्क और वोलोडार्स्कोये ईंधन स्टेशन भी हमले की जद में आए। इन हमलों का उद्देश्य रूस की सैन्य आपूर्ति और ऊर्जा ढांचे को कमजोर करना बताया जा रहा है।
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क्रीमिया में भी हमले का दावा
यूक्रेन ने यह भी दावा किया है कि कब्जे वाले क्रीमिया क्षेत्र में भी हमले किए गए। यहां बेलबेक एयरफील्ड को निशाना बनाया गया, जहां एयर डिफेंस सिस्टम और एस-400 रडार सिस्टम मौजूद हैं। इसके अलावा ड्रोन कंट्रोल सिस्टम, डेटा ट्रांसमिशन सेंटर और एयर ट्रैफिक कंट्रोल टावर पर भी हमला किया गया।












