Naresh Bhagoria
14 Jan 2026
इंदौर। दूषित पानी से हुई मौतों ने अब राष्ट्रीय राजनीति को झकझोर दिया है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी 17 जनवरी को इंदौर पहुंचकर दूषित जल कांड से प्रभावित परिवारों से सीधे मुलाकात करेंगे। इसी दिन कांग्रेस प्रदेशभर में ब्लॉक स्तर पर सामूहिक उपवास का आयोजन कर सरकार के खिलाफ बड़ा संदेश देने की तैयारी में है।
कांग्रेस के संगठन प्रभारी संजय कामले ने साफ किया कि राहुल गांधी के इंदौर आगमन की तारीख एआईसीसी द्वारा तय कर दी गई है। फिलहाल उनके दौरे के विस्तृत कार्यक्रम को अंतिम रूप देने पर मंथन जारी है, लेकिन पार्टी इसे सिर्फ औपचारिक दौरा नहीं, बल्कि जनआंदोलन का रूप देने की रणनीति पर काम कर रही है।
गौरतलब है कि इंदौर में दूषित पानी के कारण अब तक दो दर्जन से अधिक लोगों की जान जा चुकी है, लेकिन प्रशासनिक सिस्टम अब भी सवालों के घेरे में है। इसी मुद्दे को लेकर मध्यप्रदेश कांग्रेस ने 11 जनवरी को इंदौर में न्याय यात्रा निकाली थी, जिसमें इंदौर सहित 200 किलोमीटर के दायरे से कांग्रेस विधायक, पूर्व विधायक, प्रदेश पदाधिकारी और जिलाध्यक्ष शामिल हुए थे।
इस न्याय यात्रा में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जितेंद्र पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। यात्रा के दौरान सरकार पर लापरवाही, संवेदनहीनता और जिम्मेदारी से भागने के गंभीर आरोप लगाए गए थे।
अब राहुल गांधी का इंदौर आगमन साफ संकेत दे रहा है कि दूषित जल कांड को कांग्रेस प्रदेश ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर राजनीतिक और जनआंदोलन का मुद्दा बनाने जा रही है। सवाल यह है कि इतने लोगों की मौत के बाद भी क्या सरकार जवाबदेही तय करेगी, या फिर यह मामला भी फाइलों में ही दफन कर दिया जाएगा?