प्रेमानंद महाराज की फिर तबीयत बिगड़ी!पदयात्रा अनिश्चितकाल के लिए बंद, दर्शन और वार्तालाप पर भी लगी रोक

धर्म डेस्क। मथुरा-वृंदावन के प्रसिद्ध संत प्रेमानंद महाराज एक बार फिर अपने स्वास्थ्य को लेकर चर्चा में हैं। राधे-राधे नाम की महिमा और भक्ति संदेशों के लिए देश-विदेश में लोकप्रिय प्रेमानंद महाराज की रोजाना होने वाली पदयात्रा को फिलहाल अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है।
हर सुबह हजारों भक्त करते थे दर्शन
प्रेमानंद महाराज प्रतिदिन सुबह अपने निवास स्थान से पैदल चलते हुए श्री हित राधा केली कुंज आश्रम तक जाते थे। इस दौरान परिक्रमा मार्ग पर हजारों की संख्या में भक्त उनके दर्शन के लिए पहुंचते थे। महाराज की एक झलक पाने के लिए लोग सुबह-सुबह दूर-दूर से वृंदावन पहुंचते थे। कई भक्त घंटों पहले ही रास्ते में खड़े होकर इंतजार करते थे। उनकी पदयात्रा अब वृंदावन की एक खास पहचान बन चुकी थी।
लेकिन अब स्वास्थ्य खराब होने के कारण इस यात्रा को रोक दिया गया है। आश्रम प्रबंधन ने साफ कहा है कि अगली सूचना आने तक पदयात्रा नहीं होगी।
आश्रम प्रबंधन ने जारी की जानकारी
श्रीराधा केलिकुंज आश्रम प्रबंधन और प्रेमानंद महाराज के शिष्यों की ओर से बताया गया कि महाराज की तबीयत लंबे समय से ठीक नहीं चल रही है। डॉक्टरों की सलाह के बाद यह निर्णय लिया गया है। प्रबंधन ने कहा कि सिर्फ पदयात्रा ही नहीं, बल्कि एकांतिक दर्शन और एकांतिक वार्तालाप भी फिलहाल बंद रहेंगे। यह फैसला भक्तों की सुरक्षा और महाराज के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। आश्रम की ओर से कहा गया है कि जब तक स्वास्थ्य में सुधार नहीं होता, तब तक कोई सार्वजनिक कार्यक्रम नहीं होगा।
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लंबे समय से किडनी की बीमारी से जूझ रहे हैं महाराज
बताया जा रहा है कि प्रेमानंद महाराज लंबे समय से किडनी की गंभीर बीमारी से पीड़ित हैं। उनकी नियमित डायलिसिस चल रही है। इसी वजह से उनकी सेहत में अक्सर उतार-चढ़ाव बना रहता है। कई बार उनकी तबीयत अचानक बिगड़ जाती है, जिसके कारण उन्हें आराम करने की सलाह दी जाती है। इससे पहले भी स्वास्थ्य कारणों से उनकी पदयात्रा के समय में बदलाव किया गया था। कुछ मौकों पर यात्रा अस्थायी रूप से रोकी भी गई थी।
भक्तों में चिंता और उदासी
देश के अलग-अलग राज्यों और विदेशों से भक्त वृंदावन आते हैं। सोशल मीडिया पर भी उनकी बड़ी संख्या में फॉलोइंग है। उनके प्रवचन, भजन और राधे-राधे नाम का संदेश लाखों लोगों को आध्यात्मिक शांति देता है। ऐसे में जब पदयात्रा बंद होने की खबर सामने आई तो भक्तों में मायूसी छा गई।
कई भक्तों ने सोशल मीडिया पर महाराज के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना की। लोगों का कहना है कि महाराज सिर्फ संत नहीं, बल्कि करोड़ों लोगों की आस्था का केंद्र हैं।
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पहले भी कई बार बदला गया था कार्यक्रम
यह पहली बार नहीं है जब स्वास्थ्य कारणों से प्रेमानंद महाराज के कार्यक्रम में बदलाव किया गया हो। इससे पहले भी डॉक्टरों की सलाह पर उनके कार्यक्रम सीमित किए गए थे। कभी पदयात्रा का समय बदला गया, तो कभी दर्शन का समय कम किया गया। लेकिन इस बार सीधे अनिश्चितकाल तक रोक लगाने से भक्तों की चिंता और बढ़ गई है।
भक्त कर रहे जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना
महाराज के स्वास्थ्य को लेकर अब भक्त लगातार पूजा-पाठ और प्रार्थना कर रहे हैं। वृंदावन समेत कई जगहों पर उनके स्वस्थ होने के लिए भजन और कीर्तन किए जा रहे हैं। भक्तों को उम्मीद है कि प्रेमानंद महाराज जल्द स्वस्थ होकर फिर से पदयात्रा शुरू करेंगे और पहले की तरह भक्तों को दर्शन देंगे।











