Multigrain Atta Side Effects :मल्टीग्रेन आटा खा रहे हैं? ये गलतियां कर सकती हैं सेहत खराब

मल्टीग्रेन आटा सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है, लेकिन गलत मिश्रण इसके फायदे को नुकसान में बदल सकता है। ज्यादा अनाज, सोयाबीन या चना मिलाने से डाइजेशन की समस्या हो सकती है। जानिए सही अनुपात, किन चीजों से बचना चाहिए और कैसे बनाएं हेल्दी मल्टीग्रेन आटा।
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मल्टीग्रेन आटा खा रहे हैं? ये गलतियां कर सकती हैं सेहत खराब
AI जनरेटेड सारांश
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    आजकल लोग गेहूं की रोटी के बजाय मल्टीग्रेन आटे की रोटी ज्यादा पसंद कर रहे हैं। इसे न्यूट्रिशन का पावरहाउस माना जाता है, क्योंकि इसमें अलग-अलग अनाज मिलाए जाते हैं। लेकिन अगर इसका मिश्रण सही तरीके से न किया जाए, तो इसके फायदे कम हो सकते हैं और नुकसान भी हो सकता है।

    ज्यादा अनाज मिलाना क्यों सही नहीं

    मल्टीग्रेन आटे का मकसद शरीर को फाइबर, प्रोटीन और विटामिन्स देना होता है। लेकिन कई लोग इसमें 5-6 तरह के अनाज एक साथ मिला देते हैं। एक्सपर्ट्स के अनुसार, बहुत ज्यादा वैरायटी होने से शरीर सभी पोषक तत्वों को सही तरीके से अवशोषित नहीं कर पाता। इससे डाइजेशन की समस्या, गैस और पेट में भारीपन हो सकता है।

    सोयाबीन और चने का संतुलन जरूरी

    प्रोटीन बढ़ाने के लिए लोग आटे में ज्यादा मात्रा में सोयाबीन या चना मिला लेते हैं। हालांकि ये सेहतमंद हैं, लेकिन अधिक मात्रा में इस्तेमाल से रोटी कड़क और स्वाद में कड़वी हो सकती है। आयुर्वेद और न्यूट्रिशन एक्सपर्ट्स के अनुसार, चने की मात्रा कुल आटे का 10–15% ही होनी चाहिए। ज्यादा मात्रा में दालें मिलाने से यूरिक एसिड बढ़ने की समस्या भी हो सकती है।

    बाजरा और मक्का मिलाते समय रखें ध्यान

    बाजरा और मक्का सर्दियों में फायदेमंद होते हैं, लेकिन इनकी तासीर गर्म होती है। गर्मी के मौसम में इनका ज्यादा इस्तेमाल पेट की गर्मी और स्किन एलर्जी का कारण बन सकता है। इसलिए मौसम और अपनी पाचन क्षमता के अनुसार ही इन अनाजों को मिलाना चाहिए।

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    ओट्स और सत्तू मिलाने से बचें

    मल्टीग्रेन आटे में ओट्स या सत्तू मिलाना सही नहीं माना जाता। इनकी शेल्फ लाइफ अलग होती है, जिससे आटा जल्दी खराब हो सकता है। अगर आटे में नमी आ जाती है, तो उसकी क्वालिटी और रोटी का स्वाद दोनों खराब हो जाते हैं।

    नमक और तेल मिलाने की गलती न करें

    कुछ लोग आटा पिसवाते समय ही उसमें नमक या तेल मिला देते हैं, ताकि रोटियां नरम बनें। लेकिन ऐसा करना सही नहीं है। नमक मिलाने से आटे के प्राकृतिक गुण प्रभावित होते हैं और यह जल्दी खराब हो जाता है। वहीं तेल या घी मिलाने से आटे में अजीब गंध आ सकती है।

    सही तरीका क्या है?

    • आटे में सीमित और संतुलित मात्रा में ही अनाज मिलाएं
    • अपनी पाचन क्षमता और मौसम के अनुसार मिश्रण चुनें
    • आटे को हमेशा एयरटाइट कंटेनर में स्टोर करें
    • किसी भी तरह के प्रिजर्वेटिव या अतिरिक्त चीजें न मिलाएं

    मल्टीग्रेन आटा सेहत के लिए बेहद फायदेमंद हो सकता है, लेकिन तभी जब इसे सही तरीके से तैयार किया जाए। सही मिश्रण और संतुलन बनाए रखकर ही आप इसके पूरे पोषण लाभ ले सकते हैं।

    Shivani Gupta
    By Shivani Gupta

    शिवानी गुप्ता | MCU, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में ग्रेजुएशन | 9 वर्षों की टीवी और डिजिटल तक की य...Read More

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