संदीप पाठक,संत नगर। राजा भोज एयरपोर्ट पर मौसम खराब होने के बाद कम दृश्यता में भी उड़ानें समय पर पहुंच सकेंगी। एएआई एयरपोर्ट में देश का तीसरा और मध्य भारत का पहला कैटेगरी-2 लैंडिंग सिस्टम स्थापित हो चुका है। इसके लिए एटीसी, परिचालन का प्रशिक्षण चल रहा है। इसे 27 नवंबर से इसे चालू कर दिया जाएगा। दरअसल कैट-2 एयरोड्रम ग्राउंड लाइटिंग पहले ही भोपाल एयरपोर्ट पर चालू हो चुकी है और संबंधित कंपनी ने पहले ही इसकी ग्राउंड टेस्टिंग कर चुकी है। डीजीसीए की अनुमति भी मिल चुकी है, अब प्रशिक्षण भी पूरा होने वाला है। अभी तक भोपाल एयरपोर्ट में कैटेगरी-1 सिस्टम स्थापित था। कैटेगरी-1 सिस्टम में 500 मीटर तक विजिबिलिटी होने पर लैंडिंग हो पाती है। अब कोहरा होने पर 350 मीटर की विजिबिलिटी होने पर भी उड़ानें आसानी से लैंड हो सकेंगी।
कोलकाता और अमृतसर के बाद यह देश का तीसरा संचालित करने वाला प्रमुख एयरपोर्ट बन गया है। अब भोपाल में होने के बाद यह सिस्टम कम दृश्यता और खराब मौसम में भी उड़ानों के संचालन को सक्षम बनाएगा, जिससे उड़ानों में देरी या डायवर्जन कम होगा। इससे विमान कंपनियां उड़ानों की संख्या बढ़ाने में रुचि लेगी और आने वाले दिनों में उड़ानों की संख्या भी अधिक होगी।
कैट-2 एक इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम सटीक दृष्टिकोण और लैंडिंग मार्गदर्शन प्रणाली है। यह कम दृश्यता की स्थिति के दौरान पायलटों को बेहतर दृश्य मार्गदर्शन प्रदान करता है, जिससे सुरक्षित लैंडिंग संभव हो पाती है। यह सिस्टम पायलटों के लिए आवश्यक दृश्य मार्गदर्शन प्रदान करते हुए, कैट-2 प्रकाश प्रणाली के कार्यों को सुनिश्चित करने के लिए उचित ग्राउंड परीक्षण करता है।
राजा भोज एयरपोर्ट के डायरेक्टर रामजी अवस्थी ने कहा कि देश का तीसरा कम दृश्यता में लैंडिंग सिस्टम एयरपोर्ट पर स्थापित हो चुका है। इसके लिए सभी संबंधित विभागों का प्रशिक्षण चल रहा है। 27 नवंबर से इसे शुरू किया जाएगा। इसके शुरू होने से 350 मीटर की विजिबिलिटी होने पर भी उड़ानें आसानी से लैंड हो सकेगी।