छिंदवाड़ा में कांग्रेस का वोट चोरी के आरोप पर प्रदर्शन, ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका

छिंदवाड़ा। राजीव भवन से जिला अस्पताल, सिटी कोतवाली, महात्मा गांधी चौक, गर्ल्स कॉलेज, इंदिरा तिराहा और अंबेडकर चौराहा होते हुए कांग्रेस कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां भाजपा सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका गया और कानूनी कार्रवाई की मांग की गई। कांग्रेस का यह प्रदर्शन मतदाता सूची और SIR को लेकर लगाए जा रहे आरोपों के बीच हुआ।
राजीव भवन से कलेक्ट्रेट तक निकाला जुलूस
कांग्रेस ने राजीव भवन से एकजुट होकर कलेक्ट्रेट के लिए कूच किया। इस दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का मुखौटा पहनाकर एक व्यक्ति के हाथों में हथकड़ी लगाई गई और आरोपी की तरह उसका शहर में जुलूस निकाला गया। राजीव भवन, जिला अस्पताल, सिटी कोतवाली, महात्मा गांधी चौक, गर्ल्स कॉलेज और इंदिरा तिराहा से होते हुए कार्यकर्ता अंबेडकर चौराहा पहुंचे।
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कलेक्ट्रेट पहुंचकर फूंका मुख्य चुनाव आयुक्त का पुतला
अंबेडकर चौराहा से कांग्रेस कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे, जहां कांग्रेस के जनप्रतिनिधियों ने भाजपा सरकार और चुनाव आयुक्त के खिलाफ वोट चोरी और वोटर चोर गद्दी छोड़ जैसे नारे लगाए। इसके बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका गया। कांग्रेस की ओर से चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर देश के अलग-अलग हिस्सों में भी प्रदर्शन किए जा रहे हैं।
पुलिस और प्रशासन ने वाटर कैनन का किया इस्तेमाल
जिला कलेक्ट्रेट गेट पर अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे कांग्रेस के जनप्रतिनिधियों पर पुलिस और प्रशासन ने वाटर कैनन से बल प्रयोग किया। इसके बावजूद कांग्रेस के पदाधिकारी डटे रहे और वोट चोरी के आरोपों को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त पर कानूनी कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। ऐसे प्रदर्शनों में पुलिस द्वारा वाटर कैनन के इस्तेमाल की घटनाएं अन्य स्थानों पर भी सामने आई हैं।
विश्वनाथ ओकटे ने चुनाव प्रक्रिया पर उठाए सवाल
संबोधित करते हुए छिंदवाड़ा जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष विश्वनाथ ओकटे ने कहा कि वोट की चोरी से भाजपा प्रदेश और जिले में काबिज हुई है। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा इसका सबसे बड़ा प्रमाण है। कांग्रेस का दावा है कि जनता और सभी सर्वे यह बता रहे थे कि छिंदवाड़ा संसदीय सीट कांग्रेस जीतेगी, लेकिन स्ट्रांग रूम पीजी कॉलेज में ईवीएम रखे जाने के दौरान घंटों बिजली बंद रहने और तत्कालीन कलेक्टर की वजह से छिंदवाड़ा संसदीय सीट पर सरकारी सांसद बैठा है।
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राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन
कांग्रेस ने राष्ट्रपति के नाम प्रस्तुत ज्ञापन में कहा कि विश्व का सबसे विश्वसनीय और सबसे बड़ा निर्वाचन आयोग भारत का था, लेकिन भारत निर्वाचन आयोग के भीतर जारी गोलमाल के चलते मतदाताओं के वोटों की चोरी पुष्ट हो चुकी है, जिससे निर्वाचन आयोग की विश्वसनीयता खत्म हो चुकी है। ज्ञापन में कांग्रेस ने दावा किया कि बीते 10 महीने में दो निर्वाचन आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार द्वारा लिए गए एकतरफा निर्णयों पर कम से कम 14 बार औपचारिक आपत्ति दर्ज की। इन आपत्तियों में विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR प्रक्रिया, नए मतदाताओं को जोड़ने, नामों को हटाने और निर्वाचन आयोग की आईटी प्रणाली को दिल्ली में केंद्रीकृत करने जैसे मुद्दे उठाए गए हैं। चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी दोनों निर्वाचन आयुक्त के रूप में दर्ज हैं।




















