PU Special :मप्र स्थापना दिवस एक नवंबर को-इस वर्ष कृषि, मछलीपालन और पशुपालन पर रहेगा फोकस

मप्र स्थापना दिवस इस बार कृषि और किसानों पर केंद्रित रहेगा। तीन दिवसीय आयोजन में दो दिन कृषि आधारित कार्यक्रम होंगे, जिनमें आधुनिक कृषि यंत्रों, ड्रोन तकनीक, उन्नत खाद-बीज, उद्यानिकी, मछलीपालन और पशुपालन से जुड़े नवाचारों की जानकारी दी जाएगी। एक जिला-एक उत्पाद योजना पर भी जोर रहेगा। पहले दिन सांस्कृतिक कार्यक्रम, गायिका मोनाली ठाकुर की प्रस्तुति होगी।  
मप्र स्थापना दिवस एक नवंबर को-इस वर्ष कृषि, मछलीपालन और पशुपालन पर रहेगा फोकस

अशोक गौतम, भोपाल। मध्यप्रदेश स्थापना दिवस इस बार कुछ अलग अंदाज में मनाने की तैयारी है। सरकार ने इस वर्ष के आयोजन में किसानों और कृषि पर केन्दि्रत किया है। तीन दिन के कार्यक्रम में दो दिन का कृषि आधारित विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें कृषि, उद्यानिकी, मछलीपालन और पशुपालन से जुड़ी आधुनिक तकनीकों, नवाचारों और सरकारी योजनाओं की जानकारी किसानों तक पहुंचाई जाएगी। आयोजन का उद्देश्य किसानों को पारंपरिक खेती के साथ आधुनिक तकनीकों को अपनाने के लिए प्रोत्साहित करना और उनकी आय बढ़ाने के विकल्पों से परिचित कराना है।

खेती में ड्रोन के उपयोग जैसी नई जानकारियां देंगे

कार्यक्रम में निजी कंपनियों की भागीदारी से प्रदर्शनी लगाई जाएगी। कंपनियां अपने स्टॉल के माध्यम से किसानों को उन्नत कृषि यंत्रों, खाद-बीज, खेती में ड्रोन के उपयोग और आधुनिक कृषि पद्धतियों की जानकारी देंगी। किसान इन स्टॉल पर तकनीकों को समझने के साथ अपनी जरूरतों के अनुरूप उपकरणों और सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। प्रदर्शनी में कृषि विभाग के अधिकारी भी मौजूद रहेंगे। वे किसानों को शासन की विभिन्न योजनाओं, अनुदान और पात्रता संबंधी प्रावधानों की जानकारी देंगे। इससे किसानों को तकनीक के साथ सरकारी सहायता हासिल करने की प्रक्रिया समझने में भी मदद मिलेगी। कार्यक्रम में कृषि उत्पादन बढ़ाने, खेती की लागत कम करने और उपलब्ध संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल करने से जुड़े उपायों पर भी जोर रहेगा।

एक जिला-एक उत्पाद पर भी जोर 

आयोजन में ‘एक जिला, एक उत्पाद’ योजना को भी प्रमुखता दी जाएगी। इसके तहत जिलों के विशिष्ट कृषि एवं संबंधित उत्पादों की पहचान, उनके उत्पादन, प्रसंस्करण और विपणन की संभावनाओं को सामने लाने का प्रयास होगा। इससे स्थानीय उत्पादों को बाजार से जोड़ने और किसानों के लिए अतिरिक्त आय के अवसर तैयार करने पर ध्यान दिया जा सकेगा।सरकार की इस पहल से स्थापना दिवस का आयोजन केवल सांस्कृतिक कार्यक्रमों तक सीमित न रहकर कृषि क्षेत्र में तकनीकी जानकारी और योजनाओं का लाभ किसानों तक पहुंचाने का मंच बन सकता है। हालांकि, कार्यक्रम की तारीख, आयोजन स्थल और इसमें शामिल होने वाले विभागों व कंपनियों की अंतिम सूची की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।

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प्रदर्शनी में क्या होगा खास?

  • आधुनिक कृषि यंत्रों का प्रदर्शन
  • खेती में ड्रोन के इस्तेमाल की जानकारी
  • उन्नत खाद-बीज और कृषि तकनीकें उद्यानिकी, मछलीपालन और पशुपालन से जुड़े नवाचार

किसानों को क्या मिलेगा?

  • सरकारी योजनाओं और अनुदान की जानकारी
  • पात्रता और आवेदन प्रक्रिया समझने का अवसर
  • कृषि विशेषज्ञों एवं विभागीय अधिकारियों से संवाद
  • खेती की लागत घटाने और उत्पादन बढ़ाने के उपाय

पहले दिन मोनाली ठाकुर की सुरमयी प्रस्तुति, आतिशबाजी से सजेगी शाम 

मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के पहले दिन लाल परेड मैदान में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। शुभारंभ समारोह के बाद सुगम संगीत की प्रस्तुति होगी। इसके बाद प्लेबैक सिंगर मोनाली ठाकुर अपनी आवाज का जादू बिखेरेंगी और लोकप्रिय गीतों की प्रस्तुति देंगी। कार्यक्रम में स्थानीय कलाकारों को भी मंच दिया जाएगा। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बाद आतिशबाजी के साथ पहले दिन के आयोजन का समापन होगा।

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By Naresh Bhagoria

नरेश भगोरिया। 27 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हूं। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्ववि...

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