Jammu Kashmir Train Pilot :जम्मू-कश्मीर में चील के टकराने से चलती ट्रेन रूकी, लोको पायलट बुरी तरह घायल

अनंतनाग। जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में शनिवार सुबह एक चील चलती ट्रेन की विंडस्क्रीन से टकरा गई। जिससे विंडस्क्रीन टूट गई। कांच के टूटने के चलते चील ट्रेन में लोकोमोटिव पायलट के केबिन में जा गिरा। यह घटना बारामूला-बनिहाल एक्सप्रेस में बिजबेहरा और अनंतनाग रेलवे स्टेशन के बीच की है। विंडस्क्रीन टूटने से पायलट के चेहरे पर मामूली चोटें आईं।
अनंतनाग में रोकी गई ट्रेन
हादसे के बाद ट्रेन को अनंतनाग स्टेशन पर रोका गया। इसके बाद चील को बाहर निकाला गया। बाद में घायल लोको पायलट का इलाज किया गया। हालांकि ट्रेन तेज़ रफ़्तार में थी और सामने से उड़कर आया एक चील सीधे ट्रेन के शीशे से टकरा गया। टक्कर इतनी ज़ोरदार थी कि विंडस्क्रीन पूरी तरह टूट गई। हादसे में लोको पायलट के चेहरे पर हल्की चोटें आईं, लेकिन गनीमत यह रही कि कोई बड़ी दुर्घटना नहीं हुई और ट्रेन को तुरंत नियंत्रित कर लिया गया। हालांकि इस दौरान इससे ट्रेन ऑपरेशन में कोई रुकावट नहीं आई जांच के बाद ट्रेन रवाना कर दी गई।
पहले भी घट चुकी ऐसी घटनाएं
यह ऐसा पहला मामला नहीं है। सितंबर में बेंगलुरु जाने वाली एयर इंडिया एक्सप्रेस की एक उड़ान को उस वक्त रद्द करना पड़ा, जब टेकऑफ़ से पहले रनवे पर थोड़ी दूर बढ़ते ही एक चील विमान के अगले हिस्से से टकरा गई थी। घटना पर एयरलाइन के अधिकारी ने बताया कि सुरक्षा कारणों से उड़ान रद्द कर दी गई और यात्रियों के लिए दूसरी यात्रा की व्यवस्था की गई। जबकि 2 सितंबर को नागपुर से कोलकाता जा रही इंडिगो की एक उड़ान को पक्षी से टकराने के कारण रद्द करना पड़ा
क्या कहते हैं सुरक्षा प्रोटोकॉल
ट्रेन संचालन के समय यदि पक्षी,चील या कोई भी उड़ते जीव से टकराने की ऐसी घटनाएं सामने आती है तो रेलवे इससे निपटने के लिए सेफ्टी इंस्पेक्शन टीम को सूचित करता है। यह टीम ट्रेन के शीशों, इंजन के फ्रंट और केबिन की नियमित जांच करती है। वहीं इस घटना में रेलवे जल्द ही इसकी आंतरिक जांच रिपोर्ट भी तैयार करेगा ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।











