India-Brazil Ties ;व्यापार अगले 5 सालों में $20 अरब डॉलर पहुंचाने का लक्ष्य, मोदी बोले मजबूत सप्लाई चेन बनाएंगे दोनों देश

नई दिल्ली। ब्राजील के राष्ट्रपति लूला डी सिल्वा 18 से 22 फरवरी तक भारत के राजकीय दौरे पर हैं। आज उनकी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक हुई। बैठक के दौरान लूला डी सिल्वा ने 22 अप्रैल 2025 को हुए पहलगाम आतंकी हमलों की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि आतंकवाद का कोई धर्म या राष्ट्रीयता नहीं होती और इसे किसी भी हाल में सही नहीं ठहराया जा सकता।
रेयर अर्थ एलिमेंट्स पर हुआ अहम समझौता
इस बीच भारत और ब्राजील के बीच क्रिटिकल मिनरल्स और रेयर अर्थ एलिमेंट्स को लेकर एक अहम समझौता भी हुआ। पीएम मोदी ने कहा कि यह करार दोनों देशों के बीच मजबूत और भरोसेमंद सप्लाई चेन बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने इसे भविष्य की जरूरतों और वैश्विक सहयोग के लिए बेहद अहम बताया।
ब्राजीली राष्ट्रपति बोले- हम एक साथ काम करेंगे
ब्राजील के राष्ट्रपति लूला डी सिल्वा ने कहा कि भारत को लेकर ब्राजील की उम्मीदें बहुत बड़ी हैं। उनका कहना है कि अगर दोनों देश मिलकर काम करें, तो भारत-ब्राजील के रिश्ते और ज्यादा मजबूत हो सकते हैं।
लूला डी सिल्वा ने यह भी कहा कि भारत और ब्राजील साथ मिलकर ग्लोबल साउथ को मजबूत करेंगे। इससे दुनिया को दो बड़ी महाशक्तियों के बीच किसी नए शीत युद्ध जैसी स्थिति का सामना दोबारा नहीं करना पड़ेगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि आपसी सहयोग और संवाद से ही वैश्विक स्थिरता बनाए रखी जा सकती है।
प्रिय मित्र मोदी...भारत में 6वीं बार आकर खुशी हुई
द्विपक्षीय मीटिंग में अपनी स्पीच में ब्राजील के राष्ट्रपति लूला डी सिल्वा ने कहा , ‘मेरे प्रिय मित्र मोदी, इस देश में छठी बार आकर मुझे बहुत बेहद खुशी हो रही है। भारत और ब्राजील की यह मीटिंग कई मायनों में काफी खास है। हम सिर्फ ग्लोबल साउथ की दो सबसे बड़ी लोकतांत्रिक ताकतें ही नहीं हैं, बल्कि यह एक डिजिटल शक्ति और एक नवीकरणीय ऊर्जा शक्ति की मुलाकात है।’
मोदी- रिन्यूएबल एनर्जी, टिकाऊ विमानन पर काम कर रहे
PM नरेंद्र मोदी ने कहा कि ऊर्जा के क्षेत्र में सहयोग भारत और ब्राजील के रिश्तों की सबसे मजबूत बुनियाद है। उन्होंने बताया कि अब दोनों देशों का साथ सिर्फ तेल और गैस तक सीमित नहीं है। पीएम मोदी के मुताबिक, भारत और ब्राजील अब रिन्यूएबल एनर्जी, इथेनॉल ब्लेंडिंग और टिकाऊ विमानन ईंधन जैसे नए और भविष्य से जुड़े क्षेत्रों में भी तेजी से मिलकर काम कर रहे हैं। इससे दोनों देशों के बीच साझेदारी और मजबूत होगी और पर्यावरण के लिहाज से भी यह सहयोग अहम साबित होगा।
लूला दा सिल्वा के राष्ट्रपति भवन में स्वागत की तस्वीरें



दा सिल्वा- दोनों देशों में व्यापार 30 अरब डॉलर बढ़ाने का टारगेट
लूला दा सिल्वा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के न्योते पर भारत आए हैं। वे 18 से 22 फरवरी तक भारत के राजकीय दौरे पर हैं। भारत-ब्राजील संबंधों पर लूला ने कहा कि दोनों देशों के बीच मौजूदा व्यापार केवल 15 अरब डॉलर का है, जिसे अब बढ़ाने का वक्त है आगे इसे बढ़ाकर 30-40 अरब डॉलर तक ले जाना चाहिए।
उन्होंने बताया कि वे 260 ब्राजीलियाई व्यवसायियों के प्रतिनिधिमंडल के साथ भारत पहुंचे हैं, ताकि अंतरिक्ष, रक्षा और फार्मा जैसे प्रमुख क्षेत्रों में द्विपक्षीय साझेदारी को मजबूत किया जा सके।
चीन पर निर्भरता कम करने की दिशा में दोनों देश
PM नरेंद्र मोदी और ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला डी सिल्वा के बीच होने वाली द्विपक्षीय बैठक में क्रिटिकल मिनरल्स और रेयर अर्थ्स को लेकर एक अहम समझौता हो सकता है। यह डील भारत और ब्राजील की रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करेगा। इसका मकसद वैश्विक सप्लाई चेन में चीन पर निर्भरता कम करना, हरित ऊर्जा (ग्रीन एनर्जी) की ओर बदलाव को बढ़ावा देना और विकासशील देशों की आवाज को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ज्यादा मजबूत करना है। माना जा रहा है कि इस सहयोग से दोनों देशों को लंबे समय में आर्थिक और तकनीकी फायदे मिलेंगे।
मोदी- ब्राजील के सर्वोच्च पुरस्कार से पहले ही नवाजे गए
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ब्राजील का सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘नेशनल ऑर्डर ऑफ द सदर्न क्रॉस’ प्रदान किया जा चुका है। यह सम्मान उन्हें 8 जुलाई 2025 को दिया गया था। यह ब्राजील का सबसे बड़ा राष्ट्रीय सम्मान है, जो विदेशी राष्ट्राध्यक्षों और प्रमुख नेताओं को उनके विशेष योगदान के लिए दिया जाता है। ब्राजील के राष्ट्रपति लूला दा सिल्वा ने राजधानी ब्रासीलिया स्थित अल्वोराडा पैलेस में आयोजित समारोह के दौरान पीएम मोदी को यह सम्मान प्रदान किया।











